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THE VOICE OF Blue City

@romiyorathod
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नशे में धुत चालक का कहर: प्याज से भरा ट्रक होटल में घुसा, दर्जनभर लोगों की जान बची

**ओसियां।** राजगुरु बासनी स्थित खेतेश्वर सर्किल पर रविवार को एक बड़ा हादसा टल गया, जब नेवरा रोड से पंजाब की ओर प्याज लेकर जा रहा एक ट्रक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे स्थित होटल में जा घुसा। हादसे के दौरान होटल में मौजूद एक दर्जन से अधिक लोग बाल-बाल बच गए।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक ट्रक चालक कथित रूप से नशे की हालत में था, जिसके चलते वाहन पर से उसका नियंत्रण हट गया। बेकाबू ट्रक ने होटल में घुसने से पहले बाहर खड़ी एक मिनी ट्रक को टक्कर मार दी तथा विद्युत विभाग के कई खंभों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। जोरदार टक्कर की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए और कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

घटना की सूचना मिलने पर ओसियां पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है तथा दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है।

ग्रामीणों ने बताया कि खेतेश्वर सर्किल पर तेज रफ्तार वाहनों के कारण लगातार हादसे हो रहे हैं। लंबे समय से यहां स्पीड ब्रेकर और अन्य सुरक्षा इंतजामों की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि समय रहते सुरक्षा उपाय नहीं किए गए तो भविष्य में बड़ा हादसा हो सकता है।

सौभाग्य से इस दुर्घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, जिससे एक बड़ी त्रासदी टल गई।
डिग्गी के किनारे सेल्फी लेते समय हादसा, बेटे को बचाने गई मां की भी डूबने से मौत

बाड़मेर। जिले के सदर थाना क्षेत्र के बानो की बेरी दूध गांव में रविवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में मां और उसके सात वर्षीय बेटे की डिग्गी में डूबने से मौत हो गई। हादसा उस समय हुआ जब दोनों घर के पास बनी 15 फीट गहरी डिग्गी के किनारे सेल्फी ले रहे थे।

पुलिस के अनुसार, जीयो देवी (30) पत्नी गोसाईराम अपने बेटे हितेश (7) के साथ तीन दिन पहले पीहर आई थी। रविवार सुबह करीब 10:30 बजे वह बेटे के साथ डिग्गी के पास फोटो खींच रही थी। इसी दौरान बच्चे का पैर फिसल गया और वह पानी में जा गिरा। बेटे को बचाने के लिए जीयो देवी ने भी डिग्गी में छलांग लगा दी, लेकिन दोनों गहरे पानी में डूब गए।

हादसे के समय परिवार के अन्य सदस्य एक सामाजिक कार्यक्रम में गए हुए थे। बड़ी बहन के शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और बचाव का प्रयास किया, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। सूचना मिलने पर सदर थाना पुलिस और सिविल डिफेंस की टीम मौके पर पहुंची।

डिग्गी में पानी अधिक होने के कारण रेस्क्यू अभियान में काफी मशक्कत करनी पड़ी। जेसीबी की मदद से डिग्गी की एक दीवार तोड़कर पानी बाहर निकाला गया। करीब तीन घंटे की कड़ी मेहनत के बाद दोपहर करीब 1:30 बजे मां-बेटे के शव बाहर निकाले जा सके। पुलिस ने शवों को धोरीमन्ना अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है और परिजनों के आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

इस दर्दनाक हादसे से पूरे गांव में शोक का माहौल है।
मालाराम विश्नोई निकला 5 करोड़ की अफीम का तस्कर, सीबीएन ने क्रेटा से बरामद की खेप

दौसा। केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (सीबीएन) नीमच की विशेष टीम ने मादक पदार्थ तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए झारखंड नंबर की हुंडई क्रेटा कार से 115.160 किलोग्राम अफीम बरामद की है। जब्त मादक पदार्थ की कीमत करीब 5 करोड़ रुपए आंकी गई है। मामले में फलोदी निवासी मालाराम विश्नोई को गिरफ्तार किया गया है।

सीबीएन को सूचना मिली थी कि गुवाहाटी से जोधपुर के लिए अवैध मादक पदार्थ की खेप भेजी जा रही है। सूचना के आधार पर 19 जून को संदिग्ध वाहन की ट्रैकिंग शुरू की गई। विशेष टीम ने करीब 2000 किलोमीटर तक निगरानी करने के बाद 20 जून की सुबह दौसा जिले के सिकंदरा टोल प्लाजा के पास आगरा-जयपुर हाईवे पर कार को रोककर तलाशी ली।

तलाशी के दौरान कार की डिक्की में तीन बोरों में छिपाकर रखे गए 109 पैकेटों से कुल 115.160 किलोग्राम अफीम बरामद हुई। तस्करों ने मादक पदार्थ की गंध छिपाने के लिए वाहन के भीतर बड़ी मात्रा में इत्र और परफ्यूम का छिड़काव किया था।

सीबीएन ने अफीम और कार को जब्त कर मालाराम विश्नोई को एनडीपीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार कर लिया। रविवार को आरोपी को दौसा स्थित एनआई कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे दो दिन के रिमांड पर भेज दिया गया। एजेंसी अब इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और पूरे रूट की जांच में जुटी है।

यह कार्रवाई उप नारकोटिक्स आयुक्त निखिल गांधी एवं विपिन कुमार के निर्देशन में गठित विशेष टीम द्वारा की गई। टीम में निरीक्षक परिक्षित चौधरी, उप निरीक्षक मोहित यादव सहित अन्य अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
11 केवी लाइन पर काम के दौरान करंट लगने से युवक की मौत, परिजनों ने मुआवजे और कार्रवाई की मांग को लेकर मोर्चरी के बाहर किया प्रदर्शन

**जोधपुर।** जिले के बिलाड़ा थाना क्षेत्र के झाक गांव निवासी शेर मोहम्मद (पुत्र सदीक मोहम्मद) की 11 केवी विद्युत लाइन पर कार्य के दौरान करंट लगने से मौत हो गई। शनिवार को मृतक के परिजन और ग्रामीण मथुरादास माथुर (एमडीएम) अस्पताल की मोर्चरी के बाहर एकत्रित हो गए और लापरवाही बरतने वाली कंपनी व डिस्कॉम अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई, उचित मुआवजा तथा आश्रित को नौकरी देने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया।

परिजनों के अनुसार, शेर मोहम्मद जीनस एनर्जिंग लीव्स कंपनी के माध्यम से सहायक अभियंता कार्यालय बिलाड़ा के अधीन कार्यरत था। शुक्रवार को कनिष्ठ अभियंता और सीसीए फीडर मैनेजर के निर्देश पर उसे 11 केवी लाइन के ट्रांसफार्मर पर चढ़कर काम करने के लिए भेजा गया। उसे बताया गया कि शटडाउन लेकर विद्युत आपूर्ति बंद कर दी गई है, लेकिन तार छूते ही करंट लगने से वह नीचे गिर गया। गंभीर हालत में पहले उसे बिलाड़ा ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां से एमडीएम अस्पताल रेफर किया गया। उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।

मृतक के पिता सदीक मोहम्मद ने बताया कि शेर मोहम्मद की शादी करीब सात वर्ष पहले हुई थी और उसकी पत्नी छह से सात माह की गर्भवती है। परिवार में वह अकेला कमाने वाला सदस्य था, जबकि पिता खेती-बाड़ी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं।

परिजनों ने आरोप लगाया कि कंपनी की ओर से सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए गए और न ही मृतक का बीमा कराया गया था। वहीं, बिना बिजली आपूर्ति बंद किए उसे लाइन पर काम करने के लिए भेज दिया गया, जिससे यह हादसा हुआ। मृतक के रिश्तेदार अयूब खान ने कहा कि जब तक दोषियों के खिलाफ कार्रवाई, उचित मुआवजा और आश्रित को सरकारी नौकरी देने की मांग पूरी नहीं होगी, तब तक शव नहीं उठाया जाएगा।

घटना के बाद मोर्चरी के बाहर बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजन जमा हो गए। वे कंपनी और संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की मांग कर रहे हैं। मामले को लेकर क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है।
अंनिता विश्नोई का स्वास्थ्य एक दम ठीक जल्दी मिलेगी अस्पताल से छुट्टी
सूने मकान को बनाया निशाना, 5 तोला सोना व एक लाख नकद चोरी

मथानिया। नगरपालिका क्षेत्र के रंदाली जांव गांव में मंगलवार रात चोरों ने एक सूने मकान को निशाना बनाते हुए लाखों रुपए के जेवरात और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। घटना के समय मकान मालिक परिवार सहित किसी काम से बाहर गया हुआ था।

जानकारी के अनुसार रंदाली जांव निवासी श्यामसिंह चारण का परिवार किसी कार्य से पाली जिले के जैतारण गया हुआ था। इसी दौरान बदमाशों ने मकान के मुख्य गेट का ताला तोड़कर घर में प्रवेश किया और अलमारी व सामान खंगालते हुए करीब 5 तोला सोने के आभूषण तथा एक लाख रुपए नकद चोरी कर लिए।

चोरी की वारदात का पता बुधवार सुबह उस समय चला जब पड़ोसियों ने घर के ताले टूटे हुए देखे। उन्होंने तुरंत मकान मालिक को सूचना दी। सूचना मिलने पर श्यामसिंह चारण घर पहुंचे और सामान बिखरा हुआ देखकर चोरी की पुष्टि हुई।

मामले की सूचना पर मथानिया पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस के साथ एमओबी टीम के हेड कांस्टेबल सुरेश एवं कांस्टेबल अनवर ने भी मौके से फिंगर प्रिंट्स सहित अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

इधर, मंगलवार रात को ही मथानिया नगरपालिका क्षेत्र में करनी माता मंदिर के सामने स्थित लूणाराम सुधार के मकान में भी चोरी का प्रयास किए जाने की जानकारी सामने आई है। हालांकि वहां चोर अपने मंसूबों में सफल नहीं हो सके। पुलिस दोनों घटनाओं को जोड़कर जांच कर रही है। वहीं एमओबी टीम द्वारा दूसरे मामले में गुरुवार को साक्ष्य जुटाए जाने की कार्रवाई की जाएगी।

क्षेत्र में एक ही रात में चोरी और चोरी के प्रयास की घटनाओं से लोगों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने रात्रि गश्त बढ़ाने और चोरों को शीघ्र गिरफ्तार करने की मांग की है।
प्रेम संबंधों में बाधक बने पति की हत्या, पत्नी और प्रेमी गिरफ्तार

**बाड़मेर।** प्रेम संबंधों में बाधक बन रहे पति की पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर हत्या कर दी। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए आरोपी पत्नी और उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया है। पत्नी को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है, जबकि प्रेमी को दो दिन की पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है।

डीएसपी रमेश कुमार शर्मा ने बताया कि 4 जून को महेशाराम ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसके भाई तेजाराम का शव मालपुरा फांटा के आगे एक सुनसान खेत में स्थित टांके में मिला है। परिजनों ने मृतक की पत्नी नेतल और उसके प्रेमी गुमानसिंह पर हत्या का संदेह जताया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच शुरू की।

सदर थाना पुलिस की जांच में सामने आया कि मृतक तेजाराम की पत्नी नेतल और गुमानसिंह के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध थे। इस बात की जानकारी तेजाराम को होने पर पति-पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। दोनों आरोपियों ने तेजाराम को रास्ते से हटाने की साजिश रची।

पुलिस के अनुसार तेजाराम जालोर जिले के चितलवाना क्षेत्र में मजदूरी करता था। 3 जून को योजना के तहत उसे बाड़मेर बुलाया गया। यहां गुमानसिंह ने उसके साथ शराब पार्टी की। इसके बाद नशे की हालत में उसे थ्री-व्हीलर टैक्सी से सुनसान इलाके में स्थित टांके तक ले जाकर उसमें डाल दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।

घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। अगले दिन खेत मालिक ने टांके में शव देखकर पुलिस को सूचना दी। मौके पर मृतक का बैग और मोबाइल भी मिला। मोबाइल बंद था। पुलिस ने मोबाइल की कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच की, जिससे हत्या की साजिश का खुलासा हुआ।

पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए। इसके बाद दोनों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। अदालत ने गुमानसिंह को दो दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा, जबकि पत्नी नेतल को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।

पुलिस के अनुसार आरोपी महिला सोशल मीडिया पर सक्रिय है और उसके इंस्टाग्राम पर करीब 42 हजार फॉलोअर्स हैं। मामले की जांच जारी है तथा पुलिस अन्य पहलुओं की भी पड़ताल कर रही है।
पुलिस ट्रक की टक्कर से दो टुकड़ों में बंटा ट्रैक्टर

पाली। जेतपुर थाना क्षेत्र के बस्सी गांव के निकट स्थित रपट पर बुधवार को पुलिस के बैरिकेड से भरे मिनी ट्रक और ट्रैक्टर के बीच हुई भीषण भिड़ंत में ट्रैक्टर दो हिस्सों में टूट गया। हादसे के दौरान चालक की सूझबूझ से बड़ा हादसा टल गया और उसकी जान बच गई।

जानकारी के अनुसार बस्सी गांव निवासी जयकरण चारण ट्रैक्टर लेकर जा रहे थे। इसी दौरान जोधपुर से जालोर की ओर जा रहा पुलिस का मिनी ट्रक ट्रैक्टर से टकरा गया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रैक्टर बीच से टूटकर दो भागों में बंट गया। उसका अगला हिस्सा सड़क किनारे खाई में जा गिरा, जबकि पुलिस का मिनी ट्रक अनियंत्रित होकर झाड़ियों में घुस गया।

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि टक्कर से ठीक पहले चालक जयकरण चारण ने खतरा भांपते हुए ट्रैक्टर से छलांग लगा दी, जिससे वह गंभीर चोट लगने से बच गया। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई और अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस के अनुसार दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है। राहत की बात यह रही कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई, हालांकि दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए।
अन्नपूर्णा रसोई के दान पात्र से नकदी गायब, सीसीटीवी फुटेज के बाद चर्चा तेज

पीपाड़ शहर। पीपाड़ में संचालित अन्नपूर्णा रसोई से गौसेवा के लिए रखे दान पात्र के गायब होने का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार रात्रि के समय रसोई के पीछे का दरवाजा क्षतिग्रस्त कर अंदर प्रवेश किया गया और दान पात्र में रखी करीब 15 हजार रुपए की राशि गायब हो गई।

घटना के बाद रसोई प्रबंधन ने परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें एक व्यक्ति देर रात परिसर में आता-जाता दिखाई दे रहा है। फुटेज सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रही है, जिसके बाद क्षेत्र में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।

सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो को लेकर कुछ लोग जालखा निवासी ओमप्रकाश उर्फ ओमजी का नाम जोड़ रहे हैं। गौरतलब है कि ओमजी पूर्व में पुलिस ड्रेस में डांस का वीडियो वायरल होने के बाद भी चर्चा में रहे थे। हालांकि इस मामले में पुलिस अथवा संबंधित एजेंसियों की ओर से किसी की संलिप्तता की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

घटना के बाद गौसेवकों और स्थानीय लोगों में नाराजगी है। उनका कहना है कि दान राशि गौसेवा और जरूरतमंदों के भोजन की व्यवस्था के लिए एकत्रित की जाती है, इसलिए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।

फिलहाल मामले की जांच जारी है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।
निःशब्द जब पिता के सामने....
अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार युवक की मौत, परिवार में मचा कोहराम

**जीयाबेरी/बावरली।** बावरली-बम्बोर सड़क मार्ग पर रविवार देर शाम हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान उटाम्बर निवासी **रूघाराम जाट पुत्र मगनाराम जाट** के रूप में हुई है। हादसे की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई।

जानकारी के अनुसार रूघाराम जाट किसी कार्य से बाइक पर बावरली-बम्बोर सड़क मार्ग से गुजर रहे थे। इसी दौरान एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि वह गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े। हादसे के बाद वाहन चालक मौके से फरार हो गया।

घटना की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। इस दौरान भाजपा मंडल अध्यक्ष ओमाराम पालियाल भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने गंभीर रूप से घायल रूघाराम को तत्काल अपनी व्यवस्था से जोधपुर के मथुरादास माथुर अस्पताल पहुंचाया। जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

युवक की मौत की खबर मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। अस्पताल में बड़ी संख्या में रिश्तेदार एवं परिचित भी पहुंच गए। सूचना पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है तथा अज्ञात वाहन और उसके चालक की तलाश की जा रही है।
मजदूरी पर निकले चार भाइयों की सड़क हादसे में मौत, गांव में पसरा मातम

बालोतरा। पचपदरा थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। मजदूरी के लिए घर से निकले चार सगे भाइयों की रोडवेज बस और अल्टो कार की भिड़ंत में मौत हो गई। एक ही परिवार के चार जवान बेटों के असमय निधन की खबर से गांव में शोक की लहर दौड़ गई।

जानकारी के अनुसार उदाराम (39), रेखाराम (35), जोगाराम (31) और विशनाराम (29) मंगलवार सुबह मजदूरी के सिलसिले में अल्टो कार से निकले थे। गोलिया-परेऊ सर्किल के पास उनकी कार सामने से आ रही रोडवेज बस से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और चारों भाई उसमें फंस गए।

ग्रामीणों ने तत्काल राहत कार्य शुरू कर घायलों को बाहर निकाला, लेकिन गंभीर चोटों के कारण उनकी जान नहीं बच सकी। दो भाइयों ने अस्पताल पहुंचने से पहले दम तोड़ दिया, जबकि दो अन्य ने उपचार के लिए ले जाते समय रास्ते में अंतिम सांस ली।

चारों भाइयों की एक साथ मौत की सूचना मिलते ही परिजन और ग्रामीण अस्पताल पहुंच गए। परिवार की महिलाओं का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। गांव में पूरे दिन मातम पसरा रहा और लोगों की आंखें नम हो गईं।

ग्रामीणों का कहना है कि परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी इन भाइयों के कंधों पर थी। एक साथ चार बेटों की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। पुलिस ने शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिए तथा दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
अज्ञात वाहन की टक्कर से बाइक सवार युवक की मौत, परिवार में मचा कोहराम

**जीयाबेरी/बावरली।** बावरली-बम्बोर सड़क मार्ग पर रविवार देर शाम हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान उटाम्बर निवासी **रूघाराम जाट पुत्र मगनाराम जाट** के रूप में हुई है। हादसे की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई।

जानकारी के अनुसार रूघाराम जाट किसी कार्य से बाइक पर बावरली-बम्बोर सड़क मार्ग से गुजर रहे थे। इसी दौरान एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि वह गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े। हादसे के बाद वाहन चालक मौके से फरार हो गया।

घटना की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। इस दौरान भाजपा मंडल अध्यक्ष ओमाराम पालियाल भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने गंभीर रूप से घायल रूघाराम को तत्काल अपनी व्यवस्था से जोधपुर के मथुरादास माथुर अस्पताल पहुंचाया। जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

युवक की मौत की खबर मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। अस्पताल में बड़ी संख्या में रिश्तेदार एवं परिचित भी पहुंच गए। सूचना पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है तथा अज्ञात वाहन और उसके चालक की तलाश की जा रही है।
मजदूरी पर निकले चार भाइयों की सड़क हादसे में मौत, गांव में पसरा मातम

बालोतरा। पचपदरा थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। मजदूरी के लिए घर से निकले चार सगे भाइयों की रोडवेज बस और अल्टो कार की भिड़ंत में मौत हो गई। एक ही परिवार के चार जवान बेटों के असमय निधन की खबर से गांव में शोक की लहर दौड़ गई।

जानकारी के अनुसार उदाराम (39), रेखाराम (35), जोगाराम (31) और विशनाराम (29) मंगलवार सुबह मजदूरी के सिलसिले में अल्टो कार से निकले थे। गोलिया-परेऊ सर्किल के पास उनकी कार सामने से आ रही रोडवेज बस से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और चारों भाई उसमें फंस गए।

ग्रामीणों ने तत्काल राहत कार्य शुरू कर घायलों को बाहर निकाला, लेकिन गंभीर चोटों के कारण उनकी जान नहीं बच सकी। दो भाइयों ने अस्पताल पहुंचने से पहले दम तोड़ दिया, जबकि दो अन्य ने उपचार के लिए ले जाते समय रास्ते में अंतिम सांस ली।

चारों भाइयों की एक साथ मौत की सूचना मिलते ही परिजन और ग्रामीण अस्पताल पहुंच गए। परिवार की महिलाओं का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। गांव में पूरे दिन मातम पसरा रहा और लोगों की आंखें नम हो गईं।

ग्रामीणों का कहना है कि परिवार की आर्थिक जिम्मेदारी इन भाइयों के कंधों पर थी। एक साथ चार बेटों की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। पुलिस ने शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिए तथा दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
एक ही खेत में 20 माह में दो भाइयों की करंट से मौत, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

तिंवरी। तिंवरी तहसील के गगाड़ी गांव में एक ही खेत में 20 माह के भीतर दो सगे भाइयों की करंट लगने से मौत हो जाने से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है। रविवार को खेत में कृषि कार्य के दौरान करंट की चपेट में आने से 37 वर्षीय किसान नरेंद्र की मौत हो गई।

पुलिस के अनुसार गगाड़ी निवासी नरेंद्र पुत्र मांगीलाल अपने खेत में काम कर रहा था। इसी दौरान वह अचानक विद्युत करंट की चपेट में आ गया। परिजन उसे गंभीर अवस्था में उपचार के लिए अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

घटना की सूचना मिलने पर तिंवरी चौकी प्रभारी रूपाराम चौधरी पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई के बाद शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया।

ग्रामीणों और परिजनों ने बताया कि इससे पहले 15 अक्टूबर 2024 को नरेंद्र के छोटे भाई राजू की भी इसी खेत में करंट लगने से मौत हो गई थी। एक ही खेत में 20 माह के अंतराल में दो सगे भाइयों की मौत होने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। गांव में मातम का माहौल है और लोग इस दर्दनाक संयोग से स्तब्ध हैं।

पुलिस ने मामला दर्ज कर करंट लगने के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
पिता को खोया, दादी और मां के संघर्ष ने दिलाई सफलता; भाई-बहन बने सेकंड ग्रेड शिक्षक

तिंवरी। मांडियाई गांव के भाई-बहन ओमप्रकाश लेगा और सुनीता लेगा ने कठिन परिस्थितियों को मात देते हुए राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की द्वितीय श्रेणी अध्यापक भर्ती परीक्षा में उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। ओमप्रकाश ने सामाजिक विज्ञान विषय में 6वीं तथा सुनीता ने हिंदी विषय में 12वीं रैंक प्राप्त कर परिवार और क्षेत्र का गौरव बढ़ाया है।

दोनों की सफलता की कहानी संघर्ष, मेहनत और पारिवारिक हौसले की मिसाल है। कोरोना काल में पिता आईदान राम लेगा के निधन के बाद परिवार पर संकटों का पहाड़ टूट पड़ा। ऐसे समय में मां सुआ देवी और दादी रूपी देवी ने परिवार को संभालते हुए बच्चों की शिक्षा को प्राथमिकता दी।

ओमप्रकाश बताते हैं कि उनकी दादी का जीवन भी संघर्षों से भरा रहा है। पति के निधन के बाद उन्होंने खेती और मजदूरी कर बेटे का पालन-पोषण किया। बाद में बेटे को खोने का दुख भी सहा, लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और पोते-पोती को पढ़ाई के लिए लगातार प्रेरित किया।

मां सुआ देवी ने भी सीमित संसाधनों में घर की जिम्मेदारियां निभाते हुए बच्चों के सपनों को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। परिवार के इसी सहयोग और अपनी मेहनत के बल पर दोनों भाई-बहन ने प्रतियोगी परीक्षा में शानदार प्रदर्शन किया।

उनकी सफलता पर मांडियाई गांव, तिंवरी क्षेत्र और समाज के लोगों में खुशी का माहौल है। ग्रामीणों ने इसे संघर्ष और दृढ़ इच्छाशक्ति की जीत बताते हुए कहा कि ओमप्रकाश और सुनीता की उपलब्धि युवाओं के लिए प्रेरणादायक उदाहरण है।
पिता को खोया, दादी और मां के संघर्ष ने दिलाई सफलता; भाई-बहन बने सेकंड ग्रेड शिक्षक

तिंवरी। मांडियाई गांव के भाई-बहन ओमप्रकाश लेगा और सुनीता लेगा ने कठिन परिस्थितियों को मात देते हुए राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की द्वितीय श्रेणी अध्यापक भर्ती परीक्षा में उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। ओमप्रकाश ने सामाजिक विज्ञान विषय में 6वीं तथा सुनीता ने हिंदी विषय में 12वीं रैंक प्राप्त कर परिवार और क्षेत्र का गौरव बढ़ाया है।

दोनों की सफलता की कहानी संघर्ष, मेहनत और पारिवारिक हौसले की मिसाल है। कोरोना काल में पिता आईदान राम लेगा के निधन के बाद परिवार पर संकटों का पहाड़ टूट पड़ा। ऐसे समय में मां सुआ देवी और दादी रूपी देवी ने परिवार को संभालते हुए बच्चों की शिक्षा को प्राथमिकता दी।

ओमप्रकाश बताते हैं कि उनकी दादी का जीवन भी संघर्षों से भरा रहा है। पति के निधन के बाद उन्होंने खेती और मजदूरी कर बेटे का पालन-पोषण किया। बाद में बेटे को खोने का दुख भी सहा, लेकिन उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और पोते-पोती को पढ़ाई के लिए लगातार प्रेरित किया।

मां सुआ देवी ने भी सीमित संसाधनों में घर की जिम्मेदारियां निभाते हुए बच्चों के सपनों को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। परिवार के इसी सहयोग और अपनी मेहनत के बल पर दोनों भाई-बहन ने प्रतियोगी परीक्षा में शानदार प्रदर्शन किया।

उनकी सफलता पर मांडियाई गांव, तिंवरी क्षेत्र और समाज के लोगों में खुशी का माहौल है। ग्रामीणों ने इसे संघर्ष और दृढ़ इच्छाशक्ति की जीत बताते हुए कहा कि ओमप्रकाश और सुनीता की उपलब्धि युवाओं के लिए प्रेरणादायक उदाहरण है।
बारात का रास्ता रोककर फायरिंग करने के मामले में दो आरोपी गिरफ्तार, धोरो में पैदल सर्च अभियान चलाया

धोरीमन्ना। बारात का रास्ता रोककर फायरिंग एवं जानलेवा हमला करने के चर्चित मामले में धोरीमन्ना थाना पुलिस ने प्रभावी कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने रात्रि के समय धोरो में पैदल सर्च अभियान चलाकर दोनों आरोपियों को दबोचा।

पुलिस अधीक्षक बालोतरा रमेश आईपीएस ने बताया कि वांछित अपराधियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरफूलसिंह एवं वृताधिकारी सुखराम के सुपरविजन में थानाधिकारी दीपसिंह के नेतृत्व में कार्रवाई की गई।

पुलिस के अनुसार 8 जून को अशोक कुमार विश्नोई मुकलावे की बारात के साथ ट्रैक्टर में सवार होकर जा रहा था। रोहिला पूर्व गांव के पास एक फॉर्च्यूनर गाड़ी में सवार आरोपियों ने ट्रैक्टर के आगे वाहन लगाकर उसे रुकवा लिया। आरोप है कि आरोपियों ने ट्रैक्टर की चाबी छीन ली और जान से मारने की नीयत से फायरिंग की। एक गोली अशोक कुमार के हाथ की उंगली में लगी, जबकि दूसरी गोली घुटने के पास से निकल गई। इसके बाद आरोपियों ने लाठियों से भी मारपीट की।

मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं एवं आर्म्स एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की थी। तलाश के दौरान पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर रोहिला पश्चिम क्षेत्र के धोरो में पैदल सर्च अभियान चलाकर रामनारायण (19) पुत्र लाधुराम विश्नोई एवं देवाराम (20) पुत्र रामनिवास विश्नोई, निवासी शौभाला जैतमाल को गिरफ्तार किया।

पुलिस दोनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है तथा वारदात में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
समराऊ निवासी युवती का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

समराऊ निवासी रविना सेन का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में युवती ने अपनी मर्जी से घर छोड़कर विवाह करने की बात कही है। वीडियो में रविना सेन स्वयं को सुरक्षित बताते हुए कह रही है कि उसने अपनी इच्छा से यह कदम उठाया है और उस पर किसी प्रकार का दबाव नहीं है।

हालांकि, वायरल वीडियो की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर विभिन्न चर्चाएं चल रही हैं। संबंधित पक्षों एवं पुलिस की ओर से मामले की जांच और तथ्यों की पुष्टि के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।
महात्मा गांधी अस्पताल के पास बाइक चोरी करने वाला शातिर चोर गिरफ्तार, 6 मोटरसाइकिल बरामद

जोधपुर। सरदारपुरा थाना पुलिस ने महात्मा गांधी अस्पताल (एमजीएच) के आसपास लगातार हो रही मोटरसाइकिल चोरी की वारदातों का खुलासा करते हुए एक शातिर वाहन चोर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी की छह मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। वहीं पिछले 15 दिनों में थाना पुलिस 20 से अधिक चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद करने में सफलता हासिल कर चुकी है।

पुलिस आयुक्तालय जोधपुर के पुलिस आयुक्त शरत कविराज और पुलिस उपायुक्त पश्चिम कमल शेखावत के निर्देश पर वाहन चोरियों की रोकथाम के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त नरेन्द्र सिंह देवड़ा तथा सहायक पुलिस आयुक्त छवि शर्मा के सुपरविजन में थानाधिकारी जयकिशन सोनी के नेतृत्व में गठित टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।

पुलिस जांच में गिरफ्तार आरोपी की पहचान बरकत उर्फ बैण्डवाला पुत्र अमर खां उर्फ अमराराम (31) निवासी जाटों का बास, गोदावास थाना भोपालगढ़ हाल नांदड़ी गोशाला के पास, बनाड़ के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपी ने सरदारपुरा एवं आसपास के क्षेत्रों से मोटरसाइकिल चोरी की कई वारदातें कबूल की हैं। उसकी निशानदेही पर छह चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की गई हैं।

पुलिस के अनुसार 3 जून को नेहरू कॉलोनी बगी खाना रातानाडा निवासी दीपक सिंह ने रिपोर्ट दर्ज करवाई थी कि वह अपनी मोटरसाइकिल एमजीएच परिसर स्थित नर्सिंग स्कूल के पास खड़ी कर ड्यूटी पर गया था। वापस लौटने पर मोटरसाइकिल गायब मिली। इस संबंध में सरदारपुरा थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।

लगातार हो रही चोरियों को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित कर सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण, मुखबिर तंत्र और तकनीकी संसाधनों की मदद से जांच की। इसी दौरान आरोपी बरकत उर्फ बैण्डवाला की पहचान कर उसे गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने उसके कब्जे से चोरी की गई छह मोटरसाइकिलें बरामद कर ली हैं।

पुलिस का कहना है कि आरोपी से पूछताछ जारी है और उससे वाहन चोरी के अन्य मामलों में भी महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना है। पुलिस अब उसके आपराधिक रिकॉर्ड और अन्य वारदातों में संलिप्तता की भी जांच कर रही है।
बिजारिया बावड़ी में भीषण सड़क हादसा, डंपर की टक्कर से ट्रैक्टर दो हिस्सों में बंटा

जोधपुर। जिले के मथानियां थाना क्षेत्र स्थित बिजारिया बावड़ी के पास बुधवार को डंपर और ट्रैक्टर-ट्रॉली के बीच हुई आमने-सामने की भिड़ंत में बड़ा हादसा हो गया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रैक्टर बीच से टूटकर दो हिस्सों में बंट गया। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोनों वाहन तेज रफ्तार में थे। भिड़ंत के साथ ही ट्रैक्टर के परखच्चे उड़ गए और ट्रॉली भी क्षतिग्रस्त हो गई। घटना की सूचना मिलने पर मथानियां थाना पुलिस मौके पर पहुंची और राहत कार्य शुरू करवाया।

हादसे में कुछ लोगों के घायल होने की सूचना मिली है। घायलों को उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल भिजवाया गया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाकर यातायात बहाल कराया तथा हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है।

इस हादसे ने एक बार फिर क्षेत्र में भारी वाहनों की तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने के खतरे को उजागर कर दिया है। स्थानीय लोगों ने दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में यातायात नियमों की सख्ती से पालना करवाने की मांग की है।
मंडापुरा में दर्दनाक हादसा: गड्ढे में डूबने से तीन बच्चों की मौत, गांव में पसरा मातम

बालोतरा। पचपदरा क्षेत्र के मंडापुरा गांव में मंगलवार को एक हृदयविदारक हादसे में तीन मासूम बच्चों की जान चली गई। घर के पास खेल रहे बच्चे पानी और कीचड़ से भरे एक गहरे गड्ढे में गिर गए, जिससे उनकी डूबने से मौत हो गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार किशन (8), सोहन (7) और विकास (9) दोपहर के समय टायर से खेलते हुए गांव के एक खाली प्लॉट तक पहुंच गए। वहां खुदे हुए गड्ढे में बारिश और सीवरेज का पानी भरा हुआ था। खेलते समय तीनों बच्चे गड्ढे में गिर गए और बाहर नहीं निकल सके।

शाम तक बच्चों के घर नहीं लौटने पर परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की। खोजबीन के दौरान गड्ढे के पास बच्चों की चप्पलें दिखाई देने पर ग्रामीणों को अनहोनी की आशंका हुई। सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। जेसीबी की सहायता से गड्ढे का पानी निकाला गया, जिसके बाद तीनों बच्चों के शव बरामद किए गए।

घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। एक साथ तीन मासूमों की मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शवों को मोर्चरी में रखवाकर मामले की जांच शुरू कर दी है। वहीं ग्रामीणों ने प्रशासन से ऐसे खुले और खतरनाक गड्ढों को तत्काल भरने तथा सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।
जोधपुर जिले के ओसियां क्षेत्र के सामराऊ गांव की भादू की ढाणी निवासी भारतीय सेना के जवान जयप्रकाश भादू का दिल्ली कैंट स्थित बेस अस्पताल में उपचार के दौरान निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही सामराऊ सहित आसपास के गांवों में शोक की लहर फैल गई।

जयप्रकाश भारतीय सेना की 230 मीडियम रेजिमेंट में गनर (ऑपरेटर) के पद पर तैनात थे। सेना की प्रारंभिक जानकारी के अनुसार अवकाश समाप्त होने के बाद वे अपनी यूनिट में ड्यूटी ज्वाइन करने लौट रहे थे। इसी दौरान रास्ते में उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके बाद 3 जून को उन्हें नई दिल्ली के अस्पताल में भर्ती कराया गया। बाद में उन्हें लोकनायक जयप्रकाश अस्पताल से बेस अस्पताल दिल्ली कैंट के आईसीयू में रेफर किया गया।

उपचार के दौरान उनकी हालत में सुधार भी हुआ था और वे बातचीत कर रहे थे, लेकिन 6 जून की देर रात अचानक उन्हें कार्डियक अरेस्ट (हृदयाघात) आया। डॉक्टरों ने सीपीआर सहित सभी जरूरी प्रयास किए, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। सुबह करीब 2:15 बजे उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। सेना की प्रारंभिक रिपोर्ट में दवा की अधिक मात्रा से उत्पन्न रिफ्रैक्टरी वेसोडाइलेटरी शॉक को मृत्यु का कारण बताया गया है।

रविवार को सेना मुख्यालय के निर्देशानुसार जवान का पार्थिव शरीर जोधपुर पहुंचाया गया। इसके बाद पैतृक गांव भादू की ढाणी में पूरे सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि, सेना के अधिकारी और जवान शामिल हुए। सैन्य टुकड़ी ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर मातृभूमि के इस वीर सपूत को अंतिम विदाई दी। जवान के निधन से पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है और अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण उमड़ रहे हैं।
17 दिन से लापता बालिका का नहीं लगा सुराग, लोगों ने पुलिस थाने के बाहर शुरू किया अनिश्चितकालीन धरना

ओसियां। उपखंड क्षेत्र के एक गांव से 17 दिन पहले लापता हुई एक बालिका का अब तक कोई सुराग नहीं लगने से लोगों में भारी नाराजगी है। शनिवार को सैन समाज सहित विभिन्न समाजों के लोगों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए पुलिस प्रशासन के खिलाफ अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। लोगों का कहना है कि पुलिस मामले में तेजी से कार्रवाई नहीं कर रही है, जिससे इतने दिन बीतने के बाद भी बालिका का पता नहीं चल पाया है।

शनिवार सुबह बड़ी संख्या में समाज के लोग ओसियां पुलिस थाने के सामने एकत्रित हुए। इसके बाद सभी ने बाजार में रैली निकाली और नारेबाजी करते हुए एसडीएम कार्यालय पहुंचे। वहां प्रदर्शन कर प्रशासन से बालिका को जल्द से जल्द खोजने की मांग की गई। सूचना मिलने पर एसडीएम और पुलिस वृत्ताधिकारी हनुमान सिंह राठौड़ मौके पर पहुंचे और समाज के लोगों से बातचीत की।

समाज के प्रतिनिधियों ने अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर मामले में जल्द कार्रवाई करने और बालिका की सुरक्षित बरामदगी की मांग की। इसके बाद प्रदर्शनकारी फिर से पुलिस थाने पहुंचे और वहां टेंट लगाकर धरने पर बैठ गए। इस दौरान पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी की गई।

धरने पर बैठे लोगों का कहना है कि बालिका को लापता हुए 17 दिन हो चुके हैं, लेकिन अभी तक पुलिस के हाथ कोई ठोस सुराग नहीं लगा है। इससे परिवार और समाज के लोगों की चिंता लगातार बढ़ रही है। लोगों ने आरोप लगाया कि यदि पुलिस शुरू से तेजी से कार्रवाई करती तो अब तक बालिका का पता लगाया जा सकता था।

गौरतलब है कि इससे पहले भी मंगलवार को समाज के लोगों ने ओसियां थाने का घेराव कर विरोध जताया था। उस समय पुलिस प्रशासन को 6 जून तक बालिका को खोजने का अल्टीमेटम दिया गया था। लेकिन तय समय बीतने के बाद भी कोई संतोषजनक परिणाम सामने नहीं आने पर शनिवार से अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया गया।

मामले की गंभीरता को देखते हुए जोधपुर ग्रामीण पुलिस अधीक्षक पीडी नित्या के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भोपालसिंह लखावत, खेड़ापा थानाधिकारी लाखाराम चौधरी, चामू थानाधिकारी हनुमानराम विश्नोई, महिला थाना प्रभारी विजयश्री सहित अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर तैनात किया गया। अधिकारियों ने लोगों को भरोसा दिलाया कि बालिका की जल्द तलाश कर ली जाएगी और जांच में तेजी लाई जा रही है।

थानाधिकारी राजेंद्र चौधरी ने बताया कि बालिका घर से परीक्षा देने की बात कहकर निकली थी, लेकिन उसके बाद वापस नहीं लौटी। पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वहीं, पूर्व विधायक भैराराम सियोल ने भी मामले की निगरानी कर न्याय दिलाने का भरोसा दिया है। विरोध के समर्थन में क्षौरकार समाज के लोगों ने अपने प्रतिष्ठान भी बंद रखे।
गोपासरिया में ट्रांसफार्मर लगाने को लेकर हंगामा, बिजली विभाग व किसानों में विवाद

ओसियां। गोपासरिया गांव में बिजली विभाग और किसानों के बीच ट्रांसफार्मर व बिजली लाइन को लेकर विवाद हो गया। मामला बढ़ने पर पुलिस को मौके पर पहुंचना पड़ा। बाद में विभाग की ओर से कुछ लोगों के खिलाफ थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई।

जानकारी के अनुसार गांव में आंधी-तूफान से खराब हुए बिजली पोलों को ठीक करने के लिए बिजली विभाग की टीम पहुंची थी। इसी दौरान विभाग ने घरों के बीच लगे ट्रांसफार्मर को दूसरी जगह लगाने का काम शुरू किया। इस बात का कुछ किसानों ने विरोध किया और मौके पर बहस हो गई।

बिजली विभाग का कहना है कि कर्मचारी नियमानुसार काम कर रहे थे, लेकिन कुछ लोगों ने काम में रुकावट डाली। दूसरी ओर किसानों का कहना है कि गांव में कई दिनों से बिजली व्यवस्था ठीक नहीं है, जिससे उन्हें परेशानी हो रही है।

थानाधिकारी के अनुसार विभाग के कनिष्ठ अभियंता की रिपोर्ट पर कुछ लोगों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

इधर विधायक भैराराम सियोल ने अधिकारियों से मामले की जानकारी लेकर आवश्यक निर्देश दिए हैं। वहीं पूर्व विधायक दिव्या मदेरणा ने किसानों के पक्ष में आवाज उठाते हुए उनकी समस्याओं के समाधान की मांग की है।