राष्ट्रीय लोक अदालत में रिकॉर्ड निष्पादन
2,743 ट्रैफिक चालान सहित हजारों मामलों का निपटारा, करोड़ों रुपये की राशि का समझौता
मोतिहारी। जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पूर्वी चंपारण, मोतिहारी के तत्वावधान में शनिवार को आयोजित वर्ष 2026 की तीसरी राष्ट्रीय लोक अदालत में हजारों मामलों का निपटारा कर रिकॉर्ड निष्पादन किया गया। न्यायालयीन, प्री-लिटिगेशन, ट्रैफिक चालान एवं बैंक मामलों में करोड़ों रुपये की राशि का समझौता एवं वसूली हुई।
जिले में 32 पीठों का गठन किया गया था, जिसमें 5 विशेष पीठें ट्रैफिक चालान के लिए थीं। न्यायालयीन मामलों में 1,739 पोस्ट-लिटिगेशन प्रकरणों का निष्पादन कर लगभग ₹20.35 लाख तथा 1,688 प्री-लिटिगेशन मामलों में ₹8.27 करोड़ से अधिक की राशि का समझौता/वसूली की गई। BSNL के 55 मामलों का भी निष्पादन हुआ।
वहीं 2,743 ट्रैफिक चालान मामलों का निपटारा कर लगभग ₹36 लाख की राशि जमा कराई गई। विभिन्न बैंकों से संबंधित 2,000 से अधिक ऋण वसूली मामलों में लगभग ₹8.50 करोड़ की राशि का समझौता/वसूली की गई।
राष्ट्रीय लोक अदालत का उद्घाटन प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय श्री इसरार अहमद की अध्यक्षता में हुआ। इस अवसर पर अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश-2 श्री विद्या प्रसाद, जिलाधिकारी श्री सौरभ सुमन यादव एवं DLSA सचिव श्री नितिन त्रिपाठी सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
अतिथियों ने लोक अदालत को त्वरित, सुलभ एवं सौहार्दपूर्ण न्याय का प्रभावी माध्यम बताते हुए आम लोगों से आपसी सहमति के आधार पर मामलों का निपटारा कराने की अपील की।
DLSA सचिव श्री नितिन त्रिपाठी ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत का यह निष्पादन जिले में लोक अदालत की कार्यप्रणाली की प्रभावशीलता को दर्शाता है। उन्होंने सफलता के लिए न्यायिक पदाधिकारियों, अधिवक्ताओं, पैनल अधिवक्ताओं, PLV, बैंक अधिकारियों, पुलिस, परिवहन विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों तथा पक्षकारों के प्रति आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि लोक अदालत के माध्यम से विवादों का त्वरित एवं आपसी सहमति से समाधान होने से पक्षकारों के समय और धन की बचत के साथ न्यायालयों का बोझ भी कम होता है।
Information & Public Relations Department, Government of Bihar