
नीलाम पत्र वादों में 11,948.95 लाख रुपये की राशि लंबित, वसूली में तेजी का निर्देश
जहानाबाद : जिले में नीलाम पत्र वादों के लंबित मामलों और बकाया राशि की वसूली को लेकर शुक्रवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में समीक्षा बैठक हुई। जिला पदाधिकारी छिरिङ वाई भूटिया के निर्देश पर अपर समाहर्ता सह विभागीय जांच एवं नीलाम पत्र के नोडल पदाधिकारी विनय कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन और बकाया राशि की वसूली में तेजी लाने का निर्देश दिया गया।
समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले में पूर्व में कुल 6,344 नीलाम पत्र वाद लंबित थे। इन मामलों में 11,256.80 लाख रुपये की राशि की वसूली होनी थी। कार्रवाई के दौरान 28 मामलों में 84.79 लाख रुपये की वसूली की गई। वर्तमान में जिले में 6,806 नीलाम पत्र वाद लंबित हैं, जिनमें 11,948.95 लाख रुपये की राशि की वसूली बाकी है।
अपर समाहर्ता ने सभी नीलाम पत्र पदाधिकारियों को लंबित मामलों में धारा-7 के तहत नोटिस और चेतावनी नोटिस जारी करने का निर्देश दिया। नोटिस के तामिला के बाद नियमानुसार बी/डब्ल्यू वारंट जारी करने को कहा गया। उन्होंने पंजी-IX और पंजी-X का नियमित मिलान कराने तथा लंबित मामलों में वसूली की कार्रवाई तेज करने पर जोर दिया।
सारफेसी के 33 मामले भी लंबित
बैठक में सारफेसी अधिनियम, 2002 के तहत लंबित मामलों की अंचलवार समीक्षा की गई। जहानाबाद अंचल में 15, मखदुमपुर में चार, काको में 13 और रतनी फरीदपुर में एक मामला लंबित पाया गया। संबंधित अंचल अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर जांच प्रतिवेदन जिला बैंकिंग कार्यालय को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
अग्रणी जिला प्रबंधक को बैंक शाखाओं से समन्वय कर पंजी-IX एवं पंजी-X का मिलान सुनिश्चित कराने को कहा गया। सभी नीलाम पत्र पदाधिकारियों को मासिक प्रतिवेदन समय पर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। खनन से जुड़े मामलों में खनिज विकास पदाधिकारी से समन्वय कर बकाया राशि की वसूली और लंबित मामलों के प्राथमिकता के आधार पर निष्पादन का निर्देश भी दिया गया।
बैठक में जिला स्तरीय संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे, जबकि प्रखंड एवं अंचल स्तरीय पदाधिकारी वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े रहे।