आपदा के बीच भी न रुके ज़िंदगी के रंग, न थमी संस्कृति और परंपराओं की डोर।
आपदा राहत केंद्र, बापू मध्य विद्यालय, बलुआही में रह रहे विस्थापित परिवारों द्वारा चौठचंद्र का पर्व पूरे उत्साह, श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया।
राहत केंद्र में भी पर्व की खुशियों और अपनी लोकपरंपरा की खूबसूरत झलक देखने को मिली।