सावन के दूसरे रविवार को सिद्धनाथ मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, 30 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने किया जलाभिषेक
बोल बम और हर-हर महादेव के जयकारों से गूंजता रहा वाणावर पहाड़
मखदुमपुर। सावन के दूसरे रविवार को वाणावर पहाड़ स्थित ऐतिहासिक बाबा सिद्धनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। सुबह से ही मंदिर परिसर और पहाड़ी मार्ग पर श्रद्धालुओं की कतार लगी रही। जिले के अलावा आसपास के कई जिलों से पहुंचे करीब 30 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने बाबा सिद्धनाथ का जलाभिषेक कर पूजा-अर्चना की। पूरे दिन वाणावर का पहाड़ी क्षेत्र बोल बम और हर-हर महादेव के जयघोष से गुंजायमान रहा।
श्रद्धालु पहाड़ पर स्थित प्राकृतिक जलस्रोतों में स्नान करने के बाद मंदिर की ओर बढ़ते रहे। मंदिर के मुख्य द्वार पर बनाए गए अर्घा सिस्टम के माध्यम से श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जलाभिषेक किया। भीड़ में महिलाओं की संख्या भी काफी रही। श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए प्रशासन की ओर से मंदिर परिसर से लेकर पहाड़ी रास्ते तक आवश्यक इंतजाम किए गए थे।
चप्पे-चप्पे पर तैनात रहा पुलिस बल
श्रावणी मेला को लेकर जिला प्रशासन की ओर से सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किए गए थे। मंदिर जाने वाले मार्ग, प्रवेश और निकास स्थल समेत संवेदनशील स्थानों पर पुलिस पदाधिकारी और जवान तैनात रहे। भीड़ को नियंत्रित करने के साथ श्रद्धालुओं को कतारबद्ध तरीके से मंदिर तक पहुंचाने की व्यवस्था की गई। प्रशासनिक अधिकारी भी लगातार व्यवस्था का जायजा लेते रहे।
मंदिर के प्रबंधक भानु प्रताप उर्फ गुड्डू बाबा ने बताया कि दूसरे रविवार को करीब 30 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने बाबा सिद्धनाथ का जलाभिषेक किया। उन्होंने कहा कि सावन के दूसरे सोमवार को इससे भी अधिक श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। श्रद्धालुओं से प्रशासन द्वारा निर्धारित व्यवस्था का पालन करते हुए शांतिपूर्वक जलाभिषेक करने की अपील की गई है।
स्वास्थ्य सुविधा के लिए लगाए गए मेडिकल कैंप
श्रद्धालुओं की सुविधा और स्वास्थ्य को लेकर विभिन्न स्थानों पर मेडिकल कैंप की व्यवस्था की गई है। प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं से अपील की गई कि किसी तरह की अफवाह पर ध्यान नहीं दें और किसी परेशानी की स्थिति में मौके पर मौजूद पुलिस या प्रशासनिक कर्मियों से संपर्क करें। पूरे दिन श्रद्धालुओं के जयकारों से वाणावर की पहाड़ियां शिवमय बनी रहीं।