आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन में लापरवाही बर्दाश्त नहीं, पोषण सूचकांकों में सुधार पर जोर
लखीसराय। जिला पदाधिकारी शैलेंद्र कुमार की अध्यक्षता में शनिवार को जिला समन्वय समिति एवं जिला पोषण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पोषण अभियान की प्रगति, आंगनबाड़ी केंद्रों के नियमित संचालन, भवन निर्माण और बच्चों के पोषण स्तर में सुधार की विस्तृत समीक्षा की गई। इस दौरान संबंधित पदाधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने का निर्देश दिया गया।
बैठक में उप विकास आयुक्त सुमित कुमार ने महिला पर्यवेक्षिकाओं को अन्य सरकारी भवनों में संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों की सूची तैयार कर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। इसका उद्देश्य ऐसे केंद्रों के लिए स्वतंत्र भवन निर्माण की दिशा में आवश्यक कार्रवाई करना है। इसके लिए VB-G RAM G योजना के तहत भवन निर्माण की संभावनाओं पर भी विचार किया गया।
आंगनबाड़ी केंद्रों के नियमित संचालन और निर्धारित समय पर खोलने को शत-प्रतिशत सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। अधिकारियों एवं महिला पर्यवेक्षिकाओं को केंद्रों का नियमित निरीक्षण करने तथा लाभार्थियों को निर्धारित मानकों के अनुरूप सेवाएं उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
पोषण की समीक्षा के दौरान बच्चों में गंभीर तीव्र कुपोषण (SAM), मध्यम तीव्र कुपोषण (MAM), मोटापा और कम वजन जैसे प्रमुख सूचकांकों पर विशेष ध्यान देने को कहा गया। साथ ही जिले की पोषण स्थिति और राज्य स्तरीय रैंकिंग की नियमित समीक्षा कर कमजोर प्रदर्शन वाले क्षेत्रों में सुधारात्मक कदम उठाने का निर्देश दिया गया।
जिलाधिकारी ने कुपोषित बच्चों की समय पर पहचान, उन्हें आवश्यक पोषण एवं स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने और संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर बल दिया।
बैठक में निदेशक डीआरडीए नीरज कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी रवि कुमार, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (आईसीडीएस) धीरज कुमार सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।