गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने की मांग,दो (2)नवंबर को देहरादून में जुटेगा संतों का महाकुंभ।
देहरादून देश में गौ माता को 'राष्ट्र माता' का दर्जा दिलाने के लिए जारी 'गौ सम्मान आह्वान अभियान' के तहत आगामी 2 नवंबर को देहरादून में एक विशाल संत सम्मेलन का आयोजन होने जा रहा है। इस भव्य आयोजन की तैयारियों को लेकर आज देहरादून के लक्ष्मण चौक स्थित अभय मठ में शहर की विभिन्न धार्मिक और सामाजिक संस्थाओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में सर्वसम्मति से गौ माता को राष्ट्र माता और राष्ट्र आराध्या का सम्मान दिलाने के संकल्प को दोहराया गया।
2 नवंबर को अग्रवाल धर्मशाला में जुटेगा संत समाज
अभियान के देहरादून जिला प्रभारी योगाचार्य डॉ. बिपिन जोशी ने जानकारी देते हुए बताया कि 2 नवंबर को प्रातः 9:30 बजे से अग्रवाल धर्मशाला, देहरादून में गौ सम्मान आह्वान अभियान के अंतर्गत संत सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। इस ऐतिहासिक सम्मेलन की अध्यक्षता टपकेश्वर महादेव मंदिर के पूज्य श्री महंत कृष्ण गिरी जी महाराज करेंगे। बैठक में उत्तराखंड के प्रसिद्ध संत नंदी बाबा सर्वेश्वर दास महाराज ने भी उपस्थित गौ भक्तों को अभियान की रूपरेखा और आगामी रणनीतियों से अवगत कराया।
17 दिसंबर को केंद्र सरकार को सौंपे जाएंगे 31 करोड़ हस्ताक्षर।
बैठक को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा दिलाने का सूत्रपात देवभूमि उत्तराखंड से ही हुआ है, जिसे धेनु मानस ग्रंथ के रचनाकार और गौ कथा के सूत्रधार गोपालमणि जी महाराज ने आगे बढ़ाया है। आज यह आंदोलन वैश्विक रूप ले चुका है। अभियान के प्रथम दो चरणों में देश भर से करोड़ों हस्ताक्षर जुटाकर भेजे जा चुके हैं। अब आगामी 17 दिसंबर को देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की राजधानियों से कुल 31 करोड़ हस्ताक्षर एकत्र कर केंद्र सरकार को सौंपे जाएंगे।
धारा 370 और तीन तलाक की तर्ज पर बने कानून, महाराष्ट्र की तरह मिले 'राज्यमाता' का दर्जा।
संत समाज और सामाजिक संस्थाओं ने केंद्र सरकार से पुरजोर मांग की है कि जिस प्रकार धारा 370 को हटाना, नोटबंदी और तीन तलाक जैसे कड़े कानून जनहित में बनाए गए, ठीक उसी तर्ज पर गौ माता को अविलंब 'राष्ट्र माता' या 'राष्ट्र आराध्या' घोषित करने के लिए कानून बनाया जाए। इसके साथ ही, उत्तराखंड सरकार से भी आग्रह किया गया है कि वे महाराष्ट्र सरकार की तर्ज पर राज्य में गौ माता को 'राज्यमाता' का सम्मान दें। उल्लेखनीय है कि उत्तराखंड सरकार द्वारा वर्ष 2018 में गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने का प्रस्ताव पहले ही केंद्र सरकार को भेजा जा चुका है।
बैठक में गणमान्य उपस्थित।
अभय मठ के पीठाधीश्वर परमिंदर पुरी जी महाराज की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक का कुशल संचालन समाजसेवी संजय अग्रवाल ने किया। बैठक में अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के केंद्रीय अध्यक्ष अरुण शर्मा, श्री महाकाल सेवा समिति के अध्यक्ष रोशन राणा, जितेंद्र मलिक, डॉ. अजय बशिष्ठ, बृजेश शुक्ला, एमपी यादव, नविता मित्तल, अनु गुप्ता, मनीषा रस्तोगी, विवेक मोहन श्रीवास्तव, जितेंद्र श्रीवास्तव और चहल अरोड़ा सहित भारी संख्या में गौ भक्त और प्रबुद्ध जन उपस्थित रहे।