*जिला परिवहन पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी सदर एवं यातायात पुलिस उपाधीक्षक ने संयुक्त रूप से चलाया वाहन जांच अभियान*
*वाहनों के लाइसेंस, प्रदूषण प्रमाण-पत्र एवं अन्य दस्तावेजों की हुई जांच, बालिग-नाबालिग द्वारा वाहन चलाने पर भी रखी गई विशेष नजर*
गया, 10 सितंबर 2026, पितृपक्ष मेला-2026 के मद्देनजर जिले में यातायात व्यवस्था को सुगम, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाए रखने के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा वाहन जांच अभियान को तेज किया गया है। इसी क्रम में आज जिला परिवहन पदाधिकारी श्री राजेश कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी सदर एवं यातायात पुलिस उपाधीक्षक द्वारा संयुक्त रूप से विभिन्न प्रमुख मार्गों एवं क्षेत्रों में सघन वाहन जांच अभियान चलाया गया।
वाहन जांच अभियान के दौरान मुख्य रूप से वाहन चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस, वाहन के प्रदूषण प्रमाण-पत्र, वाहन के आवश्यक कागजात एवं अन्य दस्तावेजों की जांच की गई। साथ ही मोटर वाहन अधिनियम (MV Act) के प्रावधानों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर नियमानुसार कार्रवाई की गई।
जांच के दौरान बालिग एवं नाबालिग द्वारा वाहन चलाने के मामलों पर भी विशेष निगरानी रखी गई। अधिकारियों द्वारा वाहन चालकों को यातायात नियमों का अनिवार्य रूप से पालन करने तथा अपने एवं अन्य लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वाहन चलाने की अपील की गई।
आज का विशेष वाहन जांच अभियान सिकड़िया मोड़, गेवाल बिगहा, बाईपास, घुघड़ीटांड़, बोधगया रोड एवं माड़नपुर सहित विभिन्न प्रमुख क्षेत्रों में चलाया गया। *अभियान के दौरान जिला परिवहन विभाग द्वारा वाहनों से लगभग 10 लाख 50 हजार रुपये का जुर्माना वसूल किया गया, जबकि यातायात विभाग द्वारा लगभग 1 लाख 50 हजार रुपये का फाइन वसूल किया गया।*
अनुमंडल पदाधिकारी द्वारा स्पष्ट किया गया है कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। वाहन जांच अभियान निरंतर चलाया जाएगा, ताकि जिले में सुरक्षित एवं सुगम यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके तथा पितृपक्ष मेला के दौरान देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं एवं आम नागरिकों को आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी न हो।
जिला परिवहन पदाधिकारी ने सभी वाहन चालकों से अपील की है कि वे वाहन चलाते समय वैध ड्राइविंग लाइसेंस एवं आवश्यक दस्तावेज अपने साथ रखें, वाहन का प्रदूषण प्रमाण-पत्र अद्यतन रखें, यातायात नियमों का पालन करें तथा नाबालिगों को वाहन चलाने की अनुमति न दें।