आरबीएसके के तहत 12 बच्चों को निःशुल्क इलाज के लिए पटना भेजा गया
लखीसराय। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के तहत जन्मजात दोष एवं गंभीर बीमारियों से ग्रसित बच्चों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में स्वास्थ्य विभाग की ओर से पहल की गई है। इसी क्रम में बुधवार, 28 अक्टूबर 2026 को लखीसराय जिले के 12 बच्चों को निःशुल्क जांच, उपचार एवं आवश्यक सर्जरी के लिए कर्जी अस्पताल, पटना भेजा गया। इनमें कटे होंठ एवं तालू जैसी जन्मजात समस्याओं से ग्रसित बच्चे शामिल हैं।
राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत 4D यानी जन्मजात दोष, विकासात्मक विलंब, पोषण संबंधी कमियों एवं बीमारियों से ग्रसित बच्चों की पहचान कर उन्हें आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। इसके लिए जिले में स्वास्थ्य विभाग की टीम नियमित रूप से बच्चों की स्क्रीनिंग करती है। कार्यक्रम के अंतर्गत जिले में दो आयुष चिकित्सक, एक फार्मासिस्ट एवं एक एएनएम बच्चों की स्वास्थ्य जांच और बीमारियों की पहचान में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
आरबीएसके के माध्यम से चिन्हित बच्चों को जरूरत के अनुसार उच्च चिकित्सा संस्थानों में भेजकर निःशुल्क उपचार एवं सर्जरी की सुविधा दी जाती है। इससे बच्चों को समय पर इलाज मिल रहा है और उनके बेहतर स्वास्थ्य के साथ सामान्य जीवन जीने की संभावनाएं बढ़ रही हैं।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक जिले में कुल 71,505 बच्चों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है। इनमें जन्मजात दोष से ग्रसित 65 बच्चों की पहचान कर उनकी निःशुल्क सर्जरी कराई गई है।
जिला स्वास्थ्य विभाग बच्चों में बीमारियों की शीघ्र पहचान, नियमित स्वास्थ्य जांच और जरूरतमंद बच्चों को समुचित उपचार उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है।
इस अवसर पर उप विकास आयुक्त सुमित कुमार, सिविल सर्जन डॉ. जयप्रकाश सिंह, डीपीएम सुधांशु लाल सहित संबंधित पदाधिकारी एवं अन्य कर्मी उपस्थित रहे।