प्रसिद्ध कथावाचक मुरारी बापू ने ओंकारेश्वर के एकात्म धाम पहुंचकर किए आदि शंकराचार्य की प्रतिमा के दर्शन
---
अद्वैत वेदांत के महान प्रणेता आचार्य शंकर की पावन ज्ञान भूमि ओंकारेश्वर स्थित 'एकात्म धाम' में गुरुवार को आध्यात्मिक जगत के प्रख्यात संत एवं मानस मर्मज्ञ मुरारी बापू का आगमन हुआ। 'भारत स्वस्तिक यात्रा' के अंतर्गत एकात्म धाम पहुंचे मुरारी बापू ने यहाँ आदि शंकराचार्य की 108 फीट ऊंची भव्य 'एकात्मता की प्रतिमा' (Statue of Oneness) के दर्शन किए और प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर अपनी श्रद्धा व्यक्त की।
इस अवसर पर मुरारी बापू ने एकात्म धाम की परिकल्पना और यहाँ चल रहे कार्यों पर प्रसन्नता व्यक्त की। आदि शंकराचार्य का जीवन दर्शन और उनका अद्वैत वेदांत संपूर्ण मानव जाति के लिए कल्याण का मार्ग प्रशस्त करता है।
राष्ट्र को एकता के सूत्र में पिरोने वाले थे आचार्य शंकर
आचार्य शंकर ने संपूर्ण भारत का भ्रमण कर विभिन्न संस्कृतियों और विचारों को एकसूत्र में पिरोने का ऐतिहासिक कार्य किया था। सांस्कृतिक एकता के अग्रदूत श्री शंकर भगवत्पाद का दर्शन आज के वैश्विक परिदृश्य में और अधिक प्रासंगिक हो गया है। इसी महान उद्देश्य और संकल्प के साथ मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग के अंतर्गत 'आचार्य शंकर सांस्कृतिक एकता न्यास' द्वारा ओंकारेश्वर में 'एकात्म धाम' का भव्य निर्माण किया जा रहा है।
विस्तार ले रही है 'एकात्म धाम' की परियोजना
परियोजना के प्रथम चरण के तहत ओंकारेश्वर में आचार्य शंकर की 108 फीट ऊँची बहुधातु से निर्मित 'एकात्मता की मूर्ति' पहले ही स्थापित की जा चुकी है, जो आज देश-विदेश के पर्यटकों और श्रद्धालुओं के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र है। वहीं, द्वितीय चरण के अंतर्गत लगभग ₹2400 करोड़ की लागत से भव्य 'अद्वैत लोक' संग्रहालय का निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है। यह संग्रहालय आचार्य शंकर के जीवन दर्शन, उनके विचारों और भारतीय सनातन संस्कृति के इतिहास को समर्पित होगा।
कन्याकुमारी से केदारनाथ तक जारी है 'भारत स्वस्तिक यात्रा'
आदि शंकराचार्य के विचारों और उनके विराट योगदान को जन-जन तक पुनः स्मरण कराने के संकल्प के साथ 'भारत स्वस्तिक यात्रा' निकाली जा रही है। यह यात्रा आचार्य शंकर के जन्मस्थान कालड़ी (केरल) और कन्याकुमारी से होती हुई उनकी ज्ञान भूमि ओंकारेश्वर पहुँची है, और यहाँ से यह अपनी अगली यात्रा के क्रम में केदारनाथ धाम तक प्रस्थान करेगी।
इस यात्रा और मुरारी बापू के एकात्म धाम आगमन पर प्रमुख रूप से महामंडलेश्वर नर्मदानंद बापजी,आवासीय आचार्य स्वामी भूमानंद सरस्वती,श्री श्री माँ पूर्णप्रज्ञा सहित श्री श्री रविशंकर गुरुकुल के आचार्य एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे ।
Jansampark Madhya Pradesh
General Administration Department, MP
Department of Culture, Madhya Pradesh
#omkareshwar
#khandwa
7 views | Khandwa, Madhya Pradesh | Oct 15, 2026