*नगर पंचायत नगर के वार्ड नंबर 4 अटल नगर में 40 साल पुराने सरकारी खड़ंजे पर दबंगों का कब्जा, कागजों में पुष्टि के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई*
जनपद बस्ती, उत्तर प्रदेश 03 सितंबर 2026
*बस्ती।* नगर पंचायत नगर बाजार के वार्ड नं. 4 अटल नगर मोहल्ला खुटहन का मामला है, जहां 40 साल पुराने सरकारी खड़ंजा मार्ग पर अवैध अतिक्रमण को लेकर ग्रामीण पिछले 3 साल से चक्कर काट रहे हैं, लेकिन कार्रवाई सिर्फ कागजों तक सिमट कर रह गई है।
*पूरा मामला क्या है?*
पीड़ित *राजकुमार पुत्र स्व. मायाराम यादव, निवासी ग्राम खुटहन, वार्ड नं-4 अटल नगर, नगर पंचायत नगर बाजार* का आरोप है कि उनके घर से होते हुए बस्ती-कलवारी मार्ग से सटे राष्ट्रीय राजमार्ग NH-28 को जोड़ने वाला 2 मीटर चौड़ा सरकारी खड़ंजा मार्ग है। इसी मार्ग को गांव के *रामचेत यादव पुत्र धर्मराज यादव और उनकी पत्नी गीता देवी* ने बीच में दीवार खड़ी कर, जानवर बांधकर, चन्नी-हौदी रखकर पूरी तरह अवरुद्ध कर दिया है। जिससे राजकुमार सहित पूरे मोहल्ले के लोगों को आने-जाने में भारी परेशानी हो रही है।
*कागजों में क्या है?*
पीड़ित की शिकायत पर जांच हुई तो अतिक्रमण की पुष्टि भी हो गई 1. *लेखपाल की जांच आख्या दिनांक 04.11.2025* में स्पष्ट लिखा है कि सरकारी खड़ंजा मार्ग पर अतिक्रमण किया गया है और राजस्व टीम से पैमाइश कर अतिक्रमण हटाया जाना चाहिए। मौके की फोटो भी संलग्न है।
2. *अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत नगर बाजार (नीलम सिंह राना)* ने स्वयं *दिनांक 26/12/2023* को पत्रांक के माध्यम से *थानाध्यक्ष नगर* को पत्र लिखकर सरकारी खड़ंजे को कब्जा मुक्त कराने का आग्रह किया था।
3. नगर पंचायत अध्यक्ष नीलम सिंह राना ने *16.03.2026* को स्थानीय सभासद कान्ती देवी को भी पत्र लिखकर उभय पक्षों में सुलह समझौते से मामला निपटाने को कहा था, लेकिन कोई हल नहीं निकला।
4. वार्ड की *सभासद कान्ती देवी* ने खुद *06/12/2025* को *अपर जिलाधिकारी बस्ती* को पत्र लिखकर राजस्व टीम के साथ अतिक्रमण हटवाने की मांग की है।
5. पीड़ित ने *उपजिलाधिकारी सदर, थानाध्यक्ष नगर* को भी कई बार प्रार्थना पत्र दिया, जिस पर ग्रामीणों और पूर्व प्रधान समेत 11 लोगों के हस्ताक्षर गवाह के रूप में हैं।
*ग्रामीणों का आरोप - सत्ता के रसूख से नहीं हो रही कार्रवाई*
पीड़ित का कहना है कि लेखपाल से लेकर नगर पंचायत अध्यक्ष, सभासद तक सभी ने अतिक्रमण माना है, लेकिन मौके पर आज तक कोई टीम नहीं पहुंची। पूरा मोहल्ला 40 साल पुराने रास्ते के बंद होने से परेशान है।
*प्रशासन से अपील -*
गौरतलब है कि यह मामला सिर्फ एक व्यक्ति के रास्ते का नहीं, बल्कि सरकारी संपत्ति पर अवैध कब्जे का है, जो सीधे तौर पर राजस्व और नगर पंचायत अधिनियम का उल्लंघन है। जब लेखपाल की जांच, नगर पंचायत अध्यक्ष और वार्ड सभासद की रिपोर्ट में ही अतिक्रमण की पुष्टि हो चुकी है, तो फिर कार्रवाई में देरी क्यों? प्रभारी नगर पंचायत "मुख्य राजस्व अधिकारी बस्ती और उपजिलाधिकारी सदर से ग्रामीणों की मांग है कि वे इस प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए तत्काल राजस्व टीम और पुलिस बल के साथ मौके पर पैमाइश कराकर 40 वर्ष पुराने सरकारी खड़ंजा मार्ग को अतिक्रमण मुक्त कराएं। ताकि आम जनमानस को न्याय मिल सके और सरकारी जमीनों पर कब्जा करने वालों को एक सख्त संदेश जाए। अब देखना यह है कि इस खबर के बाद जिला प्रशासन और राजस्व विभाग इस सरकारी रास्ते को कब तक कब्जा मुक्त कराता है, या फिर फाइलें यूं ही थानों और तहसील के चक्कर काटती रहेंगी। Kirti Prakash Bharti
संवाददाता हरी ओम प्रकाश
राष्ट्रीय हिंदी दैनिक कौटिल्य का भारत
Basti, Basti | Sep 3, 2026