#दो सौ साल पुरानी आस्था का प्रतीक बूंखाल मेला इस बार होगा बेहद खास!
पौड़ी जनपद के थलीसैंण विकासखंड स्थित राठ क्षेत्र का ऐतिहासिक बूंखाल मेला इस वर्ष 5 दिसंबर को आयोजित होगा। करीब दो सौ वर्षों से धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान बने इस मेले में पहली बार नए स्वरूप में तैयार मंदिर में मां बूंखाल कालिंका की मूर्ति स्थापित की जाएगी। इसके लिए 1 दिसंबर से धार्मिक अनुष्ठान शुरू होंगे और विधि-विधान से प्राण प्रतिष्ठा संपन्न होगी।
कभी पशु बलि प्रथा के लिए चर्चित रहा यह मेला वर्ष 2014 से पूरी तरह सात्विक स्वरूप अपना चुका है। अब श्रद्धालु मां को फल, तेल और चुनरी अर्पित कर पूजा-अर्चना करते हैं।
मेले की तैयारियों को लेकर कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ बैठक कर सभी व्यवस्थाएं समय से पूरी करने के निर्देश दिए हैं। वहीं पुष्प वाटिका पौड़ी की टीम भी फूलों से मां के दरबार को भव्य रूप से सजाएगी।
आस्था, परंपरा और लोक संस्कृति के इस ऐतिहासिक उत्सव में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर मां बूंखाल कालिंका का आशीर्वाद प्राप्त करें। 🙏
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Pauri, Garhwal | Nov 2, 2026