आखिर क्या वजह होगी जो इतनी जल्दी अपने ही बयान से पलटी मार, इस तरह का बयान देना पड़ रहा है।
अभी कुछ दिनों पहले ही यही परमहंस आचार्य राम मंदिर चंदा चोरी का विरोध कर रहे सांसद पप्पू यादव का सिर मांग रहे थे।
लेकिन आज अचानक से भाजपा का और उनकी नीतियों का इतना विरोध?