#नालंदा - रहूई प्रखंड क्षेत्र के चंदौरा गांव स्थित देवी स्थान मंदिर में 48 घंटे का अखंड कीर्तन समाप्त होने के साथ ही तीन दिवसीय भक्ति अनुष्ठान कार्यक्रम पूरे श्रद्धा और भक्ति के साथ हुआ संपन्न, हरे राम-हरे कृष्ण के जयघोष से गूंजा क्षेत्र
नालंदा से संवाददाता राकेश कुमार
रहूई प्रखंड क्षेत्र के सुपासंग पंचायत अंतर्गत चंदौरा गांव स्थित देवी स्थान मंदिर परिसर में आयोजित तीन दिवसीय भक्ति अनुष्ठान कार्यक्रम गुरुवार को पूरे विधि-विधान और श्रद्धा के साथ संपन्न हो गया। कार्यक्रम के दौरान 48 घंटे तक चले अखंड कीर्तन से चंदौरा सहित आसपास का पूरा क्षेत्र भक्तिमय बना रहा। हरे राम-हरे कृष्ण के जयघोष और भक्ति गीतों से मंदिर परिसर एवं आसपास का वातावरण गूंजता रहा।
आयोजन समिति के कार्यकर्ता डॉ. जगदीश प्रसाद और अमित कुमार ने बताया कि चंदौरा एवं इमली बीघा गांव के ग्रामीणों के सामूहिक सहयोग से देवी स्थान मंदिर परिसर का जीर्णोद्धार कराया गया। इसके बाद मंदिर परिसर में तीन दिवसीय भक्ति अनुष्ठान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के पहले दिन 151 महिलाओं एवं कन्याओं द्वारा गाजे-बाजे के साथ भव्य कलश शोभायात्रा निकाली गई थी। इसके बाद दूसरे दिन से 48 घंटे का अखंड कीर्तन शुरू हुआ।
अखंड कीर्तन के शुभारंभ के साथ ही मंदिर परिसर में “हरे राम, हरे राम, राम राम हरे हरे, हरे कृष्ण, हरे कृष्ण, कृष्ण कृष्ण हरे हरे” के जाप से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। आसपास के कई गांवों से दर्जनों कीर्तन मंडलियां कार्यक्रम में शामिल हुईं। अलग-अलग गांवों से पहुंची कीर्तन मंडलियों ने बारी-बारी से अखंड संकीर्तन में हिस्सा लिया और भक्ति गीतों की प्रस्तुति दी।
गुरुवार को 48 घंटे का अखंड कीर्तन संपन्न होने के बाद विधिवत पूजा-अर्चना एवं पूर्णाहुति कराई गई। इसके बाद श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण किया गया। बड़ी संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालुओं ने मंदिर परिसर पहुंचकर पूजा-अर्चना की और अखंड कीर्तन में शामिल होकर भगवान का स्मरण किया।
कार्यक्रम को लेकर मंदिर परिसर में नवनिर्मित मंडप को आकर्षक ढंग से सजाया गया था। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आयोजन स्थल पर आवश्यक व्यवस्थाएं भी की गई थीं। अखंड कीर्तन के दौरान स्थानीय विधायक डॉ. सुनील कुमार भी कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने आयोजन समिति के सदस्यों और कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाया तथा श्रद्धालुओं के साथ मंडप की परिक्रमा की।पूजा समिति के सदस्यों के द्वारा उन्हें अंग वस्त्र एवं माला पहनकर स्वागत किया गया।
आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि धार्मिक अनुष्ठान को सफल बनाने में चंदौरा और इमली बीघा गांव के ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर सहयोग किया। दोनों गांवों के लोगों की सक्रिय भागीदारी के कारण कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
ग्रामीणों ने कहा कि इस तरह के धार्मिक आयोजनों से गांव में आपसी भाईचारा, सामाजिक एकता और धार्मिक भावना मजबूत होती है। तीन दिनों तक चले अनुष्ठान के दौरान गांव और आसपास के क्षेत्र में श्रद्धा एवं भक्ति का माहौल बना रहा। पंडित शास्त्री जी ने कहा कि जिस स्थान पर अखंड कीर्तन और भगवान का नाम-स्मरण होता है, वहां का वातावरण आध्यात्मिक और सकारात्मक बनता है।
Rahui, Nalanda | Sep 25, 2026