प्रेस विज्ञप्ति
“सशक्त युवा, सशक्त भारत” के संदेश के साथ विद्यार्थियों को कानून एवं अधिकारों के प्रति किया गया जागरूक
मोतिहारी, 26 अगस्त 2026।
जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पूर्वी चंपारण, मोतिहारी के तत्वावधान में आज अभ्यास IIT कोचिंग संस्थान, मोतिहारी में विद्यार्थियों के लिए विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में संस्थान के लगभग 100 विद्यार्थियों ने भाग लिया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पूर्वी चंपारण, मोतिहारी के सचिव श्री नितिन त्रिपाठी ने विद्यार्थियों को NALSA की “Child Friendly Legal Services for Children Scheme, 2024” एवं “Jagriti Scheme, 2025” के उद्देश्यों एवं प्रावधानों के संबंध में विस्तार से जानकारी दी।
सचिव श्री त्रिपाठी ने कहा कि कानूनी जागरूकता केवल न्यायालय अथवा अधिवक्ताओं तक सीमित विषय नहीं है, बल्कि प्रत्येक नागरिक, विशेषकर युवाओं के लिए आवश्यक जीवन कौशल है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने अधिकारों के साथ-साथ मौलिक कर्तव्यों को समझने तथा संविधान के मूल्यों को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि “जागरूक युवा ही सुरक्षित समाज और सशक्त राष्ट्र का निर्माण कर सकता है।” विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए उन्होंने डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम, डॉ. भीमराव अम्बेडकर एवं अन्य प्रेरणादायी व्यक्तित्वों के जीवन प्रसंगों के माध्यम से कठिन परिस्थितियों में भी निरंतर प्रयास करते रहने, असफलताओं से सीखने तथा अपने लक्ष्य के प्रति दृढ़ रहने का संदेश दिया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों को बाल अधिकार, बच्चों की सुरक्षा, बाल विवाह, बाल श्रम, बाल शोषण एवं तस्करी, महिलाओं की सुरक्षा, साइबर अपराध, साइबर सुरक्षा, नशे से बचाव, निःशुल्क विधिक सहायता तथा न्याय तक समान पहुँच जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी जागरूक किया गया।
पैनल अधिवक्ता सुश्री आयुषी अमृत ने भी विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उनके कानूनी अधिकारों एवं जिम्मेदारियों की जानकारी दी। उन्होंने विशेष रूप से विद्यार्थियों को सोशल मीडिया के सुरक्षित एवं जिम्मेदार उपयोग, ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाव तथा किसी भी प्रकार के उत्पीड़न अथवा शोषण की स्थिति में उचित विधिक सहायता प्राप्त करने के संबंध में जानकारी प्रदान की।
सचिव श्री नितिन त्रिपाठी ने विद्यार्थियों को बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकार का उद्देश्य समाज के प्रत्येक वर्ग तक न्याय की पहुँच सुनिश्चित करना है। जरूरतमंद व्यक्तियों को निःशुल्क विधिक सहायता एवं कानूनी मार्गदर्शन उपलब्ध कराने के साथ-साथ DLSA द्वारा निरंतर विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि आमजन अपने अधिकारों एवं उपलब्ध विधिक सेवाओं के प्रति जागरूक हो सकें।
कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों से अपने अधिकारों को जानने, कर्तव्यों का पालन करने, कानून का सम्मान करने तथा समाज में विधिक जागरूकता फैलाने का संकल्प लेने का आह्वान किया गया।
कार्यक्रम में कुल लगभग 100 विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता रही। कार्यक्रम का मुख्य संदेश रहा—
“न्याय से जागरूकता, जागरूकता से सशक्तिकरण और सशक्तिकरण से राष्ट्र निर्माण।”
जिला विधिक सेवा प्राधिकार,
पूर्वी चंपारण, मोतिहारी
Information & Public Relations Department, Government of Bihar Mahatma Gandhi Central University