*सफलता की कहानी*
*आरबीएसके टीम द्वारा समय पर पहचान, उपचार और सहयोग से मिला स्वस्थ जीवन का उपहार*
बड़वानी 6 सितंबर 2026/वैशाली, पिता श्री कासिया भूरिया एवं माता श्रीमती राधा, उम्र 12 वर्ष, निवासी बड़गांव सिलावद, जिला बड़वानी, एक मजदूर परिवार से हैं। माता-पिता मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। वर्तमान में वैशाली शासकीय छात्रावास सिलावद में रहकर अपनी पढ़ाई कर रही है।
राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (RBSK) के अंतर्गत RBSK AMO डॉ. मोनिका गुप्ता एवं डॉ. रवि सावले द्वारा की गई स्क्रीनिंग में वैशाली के हृदय में छेद होने की जानकारी सामने आई। परिवार के लिए यह चिंता का विषय था, लेकिन समय पर हुई पहचान ने उपचार की राह आसान कर दी।
इसके बाद 21 जनवरी 2026 को जिला शीघ्र हस्तक्षेप केंद्र (DEIC) में आयोजित शिविर में अरविंद हॉस्पिटल, इंदौर के कार्डियोलॉजिस्ट द्वारा बच्ची ईको जांच की गई। जांच के बाद 21मई 2026 को आयुष्मान भारत योजना के अंतर्गत वैशाली की निःशुल्क हृदय सर्जरी की गई।
सर्जरी के बाद अरविंद हॉस्पिटल, इंदौर में पहला फॉलोअप सफलतापूर्वक हुआ। इसके पश्चात जिला चिकित्सालय के शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. जे.सी. मालवीय द्वारा 5 सितम्बर 2026 को दूसरा फॉलोअप किया गया। आज वैशाली पूरी तरह स्वस्थ है और अपनी पढ़ाई जारी रख रही है।
वैशाली के स्वस्थ होने से उसके माता-पिता के चेहरे पर खुशी लौट आई। उन्होंने कलेक्टर महोदया जिला बड़वानी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, RBSK टीम एवं DEIC टीम के प्रति आभार व्यक्त किया।
“समय पर पहचान, सही उपचार और सरकारी योजना का लाभ—बच्चों के स्वस्थ भविष्य की मजबूत नींव है।”
29 views | Barwani, Madhya Pradesh | Sep 7, 2026