माँ के चरणों में स्वर्ग है, जहाँ माँ का सम्मान होता है वहाँ परमात्मा का वास होता है: तेजभूषण शास्त्री
भिवानी। श्रीमती मनोहरी देवी मैमोरियल ट्रस्ट एवं लिटिल हार्ट्स ग्रुप ऑफ स्कूल भिवानी द्वारा आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत ज्ञान यज्ञ के दूसरे दिन कथा पंडाल भक्तिमय वातावरण से सराबोर रहा। भागवत मर्मज्ञ श्रद्धेय तेजभूषण शास्त्री वृंदावन वाले ने कपिल मुनि एवं सती चरित्र सहित विभिन्न प्रसंगों के माध्यम से श्रद्धालुओं को भक्ति, संस्कार और मातृ सम्मान का मार्मिक संदेश दिया। कथा में सूत-शौनक संवाद, नारद जी के पूर्व जन्म की कथा, भगवान शुकदेव जी के जन्म तथा राजा परीक्षित द्वारा शुकदेव जी की शरणागति जैसे प्रसंगों का सुंदर वर्णन किया गया।
तेजभूषण शास्त्री ने कहा कि मनुष्य के जीवन में माँ का स्थान संसार में कोई नहीं ले सकता। माँ केवल जन्म देने वाली नहीं, बल्कि बच्चे की पहली गुरु, पहली पाठशाला और प्रथम संस्कारदाता होती है। माँ की गोद में ही बच्चा संसार को पहचानना और जीवन के संस्कार सीखता है।
उन्होंने कहा कि जिस घर में भारत माँ, गौ माता और जननी माँ का सम्मान होता है, वहाँ परमात्मा का वास होता है। माँ के चरणों में स्वर्ग है और उसके आशीर्वाद में संतान को कठिन परिस्थितियों से लड़ने की शक्ति मिलती है। मंदिर में भगवान की पूजा करने से पहले घर में मौजूद माँ का सम्मान करना आवश्यक है। जिस माँ ने संतान की खुशी के लिए अपनी इच्छाओं का त्याग किया, उसके प्रति सम्मान केवल एक दिन नहीं, बल्कि जीवनभर का धर्म है।
शास्त्री जी ने कहा कि माँ स्वयं एक जीवंत तीर्थ है। कथा श्रवण की सच्ची सार्थकता तभी है, जब इससे संतान माता-पिता का सम्मान करे, परिवार में प्रेम बढ़े तथा गौ माता और भारत माता के प्रति श्रद्धा की भावना मजबूत हो। माँ के त्याग और वात्सल्य का वर्णन सुनकर श्रद्धालु भावुक हो उठे और पंडाल में राधे-राधे तथा जय श्री कृष्ण के जयघोष गूंजते रहे।
इस अवसर पर शिक्षाविद त्रिलोकचंद गोयल, श्री कृष्ण कृपा जीओ गीता परिवार से ओपी नन्दवानी, पूर्व ब्लॉक शिक्षा अधिकारी अनिल गौड, लिटिल हार्ट्स पब्लिक स्कूल ग्रुप के निदेशक पवन गोयल, भावना गोयल, वैश्य महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. संजय गोयल, सीमा गोयल, सतीश गोयल, आनंद गोयल, राहुल गोयल, निश्चल गोयल, ऐश्वर्या, मेघा, मुस्कान, साक्षी, श्री राम जी, संचित कुमार, विनय कुमार, अमित कुमार, मनमोहन चावला, दीपक जोशी, रवि इलेक्ट्रॉनिक के निदेशक रवि कुमार, श्याम सुंदर शर्मा सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति व श्रद्धालु मौजूद रहे।