टूटे आशियाने, अब कहां जाएंगे परिवार ?
प्रेम नगर में नगर निगम की बड़ी कार्रवाई, 100 से 150 मकान तोड़े जाने का दावा
फरीदाबाद के सेक्टर-18 बाईपास स्थित प्रेम नगर में नगर निगम की कार्रवाई के बाद बड़ी संख्या में परिवारों के सामने आवास का संकट खड़ा हो गया है। स्थानीय लोगों का दावा है कि कार्रवाई के दौरान करीब 100 से 150 मकानों को तोड़ा गया। हालांकि, प्रशासन की ओर से प्रभावित मकानों की आधिकारिक संख्या की पुष्टि होना बाकी है।
सेक्टर-18 बाईपास स्थित प्रेम नगर इलाके में नगर निगम ने बड़े स्तर पर कार्रवाई की। इस दौरान कई मकानों को ध्वस्त कर दिया गया। कार्रवाई के बाद प्रभावित परिवार अपना सामान समेटते और सुरक्षित स्थान की तलाश करते दिखाई दिए।
स्थानीय लोगों के अनुसार प्रेम नगर में लंबे समय से ढोल-बैंड बजाकर आजीविका कमाने वाले श्रमिक परिवार रह रहे थे। लोगों का कहना है कि वे वर्षों से यहां अपने परिवारों के साथ जीवन-यापन कर रहे थे, लेकिन मकान टूटने के बाद अब उनके सामने सबसे बड़ी चिंता सिर छिपाने के लिए जगह की है।
कुछ परिवारों को सेक्टर-56 में फ्लैट मिलने की बात
जानकारी के अनुसार, कुछ प्रभावित परिवारों को सेक्टर-56 में फ्लैट आवंटित किए जाने की बात सामने आई है। हालांकि, स्थानीय लोगों का आरोप है कि अभी सभी पात्र परिवारों को वैकल्पिक आवास उपलब्ध नहीं कराया गया। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि बेघर हुए परिवारों को तत्काल सुरक्षित स्थान और स्थायी आवास दिया जाए।
‘घर के बदले घर’ के आश्वासन पर उठे सवाल
प्रभावित लोगों का कहना है कि कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल की ओर से पहले “घर के बदले घर” दिए जाने का आश्वासन दिया गया था। अब उनका सवाल है कि जिन परिवारों के मकान टूट चुके हैं और जिन्हें अभी वैकल्पिक आवास नहीं मिला, वे अपने बच्चों एवं सामान के साथ कहां जाएंगे।
कार्रवाई से नाराज कुछ लोगों ने सरकार और प्रशासन के खिलाफ रोष जताया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्या का समाधान नहीं किया गया तो वे आगामी चुनाव में अपनी नाराजगी मतदान के माध्यम से जाहिर करेंगे।
फिलहाल प्रभावित परिवारों ने सरकार और नगर निगम से पुनर्वास की स्पष्ट व्यवस्था करने तथा जल्द स्थायी आवास उपलब्ध कराने की मांग की है। इस मामले में नगर निगम अथवा प्रशासन का आधिकारिक पक्ष सामने आने के बाद स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।