अपर कलेक्टर एवं अपर जिला दण्डाधिकारी श्री डी.एन.सिंह द्वारा जिला अशोकनगर के सम्पूर्ण राजस्व सीमा क्षेत्र में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के अंतर्गत उक्त गतिविधियों पर नियंत्रण हेतु प्रतिबंधात्मक कार्यवाही किये जाने हेतु समाधानकारक कारण एवं यथेष्ट आधार है। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के अंतर्गत निहित शक्तियों का प्रयोग करते हुए जिला अशोकनगर की सम्पूर्ण राजस्व क्षेत्रों के भीतर निषेधाज्ञायें आदेश जारी किया गया है।
जारी आदेशानुसार कोई भी व्यक्तिगत/संस्था/राजनैतिक दल/संगठन इस आदेश के जारी होने के दिनांक से सम्पूर्ण जिला अशोकनगर की राजस्व सीमाओं में सक्षम अधिकारी की पूर्व अनुमति लिए बगैर जिले में किसी प्रकार के सार्वजनिक जुलूस, रैली, प्रदर्शन, आम सभा, धरना-प्रदर्शन एवं अन्य सामूहिक कार्यक्रम आदि नहीं करेगा। अनुमति प्राप्त आयोजनों के दौरान भी निर्धारित शर्तों एवं प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है।कोई भी व्यक्तिगत / संस्था / राजनैतिक दल / संगठन अनुमति लेकर किये जाने वाले आंदोलन, सभा, गोष्ठी एवं विरोध प्रदर्शन आदि के दौरान काले इाण्डे, काले वस्त्रों के माध्यम से उकसावेपूर्ण प्रदर्शन, पुतला दहन करने अथवा भड़काऊ नारे जैसी गतिविधियां नहीं करेगा, जिससे लोक शांति एवं कानून व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका हो। जिले की राजस्व सीमा के अंतर्गत किसी भी व्यक्ति, समुदाय, समूह अथवा संस्था द्वारा ऐसा कोई कार्यक्रम, आयोजन अथवा गतिविधि आयोजित नहीं की जाएगी, जिससे साम्प्रदायिक तनाव, लोक शांति भंग होने की आशंका एवं किसी अन्य समुदाय की धार्मिक भावनाएं आहत हो।जिले के सम्पूर्ण क्षेत्र में अनुविभागीय दण्डाधिकारी की लिखित अनुमति के बिना किसी भी प्रकार के ध्वनि विस्तारक यंत्र, डीजे, लाउडस्पीकर, ढोल नगाडे एवं अन्य ध्वनि उत्पन्न करने वाले यंत्रों का सार्वजनिक आयोजनों में उपयोग नहीं किया जाएगा। अनुमति प्राप्त होने पर भी निर्धारित समय, ध्वनि सीमा एवं माननीय सर्वोच्य न्यायालय के निर्देशों का पालन करना अनिवार्य रहेगा। किसी भी व्यक्ति/संस्था/राजनैतिक दल / संगठन द्वारा किसी भी समुदाय की धार्मिक भावनाओं के विरुद्ध उत्तेजनात्मक भाषण देना, धार्मिक प्रतीकों, शब्दों अथवा चिन्हों का दुर्भावनापूर्ण प्रयोग तथा समुदायों के मध्य वैमनस्यत्ता उत्पन्न करने वाली गतिविधियां नहीं करेगा।कोई भी व्यक्त्ति ऐसा साहित्य, ग्रंथ, पुस्तक या पर्चा जो किसी अन्य धर्म की भावनाओं को आहत करता हो, धार्मिक विद्वेष की टिप्पणी करता हो या किसी अन्य धर्म की मान्यताओं के विरूद्ध प्रचार प्रसार करता हो, ऐसा कोई भी ग्रन्थ आपत्तिजनक माना जायेगा ऐसी सामग्री के प्रसार अथवा प्रकाशन से संबंधित व्यक्ति के विरूद्ध नियमानुसार कार्यवाही की जावेगी।कोई भी व्यक्ति/समूह/संस्था/संगठन ऐसा कोई मुद्रण, प्रकाशन अथवा प्रचार-प्रसार नहीं करेगा, जिससे साम्प्रदायिक तनाव, सामाजिक वैमनस्यता अथवा विभिन्न समुदायों के मध्य द्वेष की भावना उत्पन्न हो या लोक शांति भंग होने की आशंका हो।किसी भी व्यक्ति अथवा समूह द्वारा सार्वजनिक स्थानों, मार्गों, एवं चौराहों पर इस प्रकार एकत्रित होकर गतिविधियां संचालित नही करेगा, जिससे यातायात्त एवं आमजन का आवागमन बाधित हो या लोक व्यवस्था एवं शांति प्रभावित हो।लोक शांति एवं मानव जीवन की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए सार्वजनिक आयोजनों एवं जुलूसों में आग्नेय शस्त्रों, धारदार हथियारों एवं अन्य घातक हथियारों का प्रदर्शन प्रतिबंधित होगा। किसी भवन, सार्वजनिक स्थान एवं निजी स्थान पर आपत्तिजनक हथियार, अस्त्र-शस्त्र, अवैध हथियार, विस्फोटक सामग्री अथवा ऐसी किसी भी वस्तुओं का संग्रहण नहीं किया जाएगा, जि आमजन की सुरक्षा को खतरा उत्पन्न हो। कोई भी व्यक्ति, समूह द्वारा समुदाय विशेष की दृश्य-श्रव्य, मौखिक, लिखित, इलेक्ट्रॉनिक अथवा किसी माध्यमों से ऐसी गतिविधि नहीं करेगा, जिससे किसी अन्य व्यक्ति अथवा समूह के वैधानिक एवं मौलिक अधिकारों में बाधा उत्पन्न हो या उसकी सुरक्षा, स्वतंत्रता एवं सम्मान प्रभावित हो। कोई भी व्यक्त्ति फेसबुक, व्हाट्सएप, इंस्टाग्राम, एक्स (ट्विटर), यू ट्यूब एवं अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म अथवा मौखिक, लिखित एवं इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों से ऐसी आपत्तिजनक, भ्रामक, अश्लील, साम्प्रदायिक अथवा भडकाऊ सामग्री, संदेश, चित्र, वीडियो एवं ऑडियो प्रसारित नहीं करेगा, जिससे किसी व्यक्ति, समुदाय, जाति, धर्म अथवा संप्रदाय के विरुद्ध वैमनस्यता, उन्माद अथवा हिंसा की भावना उत्त्पन्न हो या लोक शांति भंग होने की आशंका हो।कोई भी व्यक्ति सोशल मीडिया पर धार्मिक/सामाजिक / व्यक्तिगत / जाति/धर्म या संप्रदाय से संबंधित आपत्तिजनक, अश्लील, भ्रामक, भडकाऊ एवं हिंसा की भावना उत्पन्न वाले संदेशों, चित्र, वीडियो एवं ऑडिया को प्रेषित, कमेंट, लाइक, शेयर, या फॉरवर्ड नहीं करेगा। कोई भी व्यक्ति अफवाह या तथ्यों को तोड-मरोडकर भडकाकर उन्माद उत्पन्न करने वाले संदेश जिससे लोग या समुदाय विशेष, हिंसा या गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल हो जाएं, को प्रसारित नही करेगा और न ही कमेंट, लाइक, शेयर, फॉरवर्ड करेगा। सोशल मीडिया ग्रुप एडमिन का यह दायित्व होगा कि उसके ग्रुप में कोई सदस्य भड़काऊ, आपत्तिजनक, साम्प्रदायिक अथवा अफवाह फैलाने वाली सामग्री प्रसारित न करे। ऐसी सामग्री संज्ञान में आने पर तत्काल उसे हटाने, संबंधित सदस्य को ग्रुप से निष्कासित करने तथा स्थानीय पुलिस को सूचित करने की जिम्मेदारी ग्रुप एडमिन की होगी। ऐसा न किये जाने की स्थिति में ग्रुप एडमिन पर नियमानुसार जवाबदेही भी निर्धारित की जा सकेगी।
इस आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति/संगठन/संस्था/समूह पर भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 223 एवं अन्य सुसंगत अधिनियमों के तहत दण्डात्मक कार्यवाही की जावेगी। यह आदेश जिला अशोकनगर की सम्पूर्ण राजस्व सीमा क्षेत्रों में तत्काल प्रभाव से प्रभावशील होगा।
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