अतिरिक्त वर्ग कक्षों के निर्माण और भूमिहीन विद्यालयों को जमीन उपलब्ध कराने पर जोर
शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में अतिरिक्त वर्ग कक्ष और भूमिहीन विद्यालयों पर जोर
जहानाबाद : शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में शनिवार को विद्यालयों की आधारभूत सुविधाओं, प्रधानमंत्री पोषण योजना और शिक्षकों के स्थानांतरण की स्थिति की समीक्षा की गई। जिला पदाधिकारी छिरिङ वाई भूटिया की अध्यक्षता में हुई बैठक में अतिरिक्त वर्ग कक्षों के निर्माण, भूमिहीन विद्यालयों को भूमि उपलब्ध कराने और बच्चों को गुणवत्तापूर्ण मध्याह्न भोजन सुनिश्चित कराने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक में बताया गया कि जिले के विद्यालयों से 770 अतिरिक्त वर्ग कक्षों के निर्माण की मांग प्राप्त हुई है। इनमें 298 वर्ग कक्षों के निर्माण के लिए भूमि उपलब्ध है। जिला पदाधिकारी ने अरिस्टो फार्मास्युटिकल्स के सीएसआर प्रमुख से वार्ता कर इन वर्ग कक्षों का निर्माण सीएसआर निधि से कराने की संभावना पर विचार-विमर्श किया।
जिले में 49 विद्यालय भूमिहीन हैं। इनमें 23 विद्यालयों के लिए भूमि चिह्नित की जा चुकी है। जिला पदाधिकारी ने अपर समाहर्ता को आवश्यक अनापत्ति, सीमांकन और अंतर-विभागीय भूमि हस्तांतरण की कार्रवाई कराने का निर्देश दिया। संबंधित राजस्व एवं शिक्षा पदाधिकारियों को अगले चार दिनों में कम से कम 20 और विद्यालयों के लिए भूमि चिह्नित कर सीमांकन की प्रक्रिया पूरी करने तथा भवन निर्माण की स्वीकृति के लिए विभाग को प्रस्ताव भेजने को कहा गया।
मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता पर रहेगी नजर
प्रधानमंत्री पोषण योजना की समीक्षा के दौरान जिला पदाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों को विद्यालयों का औचक निरीक्षण करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि निरीक्षण के दौरान अधिकारी स्वयं मध्याह्न भोजन चखकर उसकी गुणवत्ता की जांच करें। बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। विद्यालयों में बच्चों को गुणवत्तापूर्ण एवं पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराना सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
455 शिक्षकों के स्थानांतरण आवेदनों की समीक्षा
शिक्षकों के स्थानांतरण की समीक्षा के दौरान प्राथमिकता के आधार पर 409 और आपसी सहमति के आधार पर 46 शिक्षकों की प्राप्त सूची पर चर्चा की गई। जिला पदाधिकारी ने आवेदनों की समीक्षा कर स्थानांतरण सूची को शीघ्र अंतिम रूप देने और प्रकाशित करने का निर्देश संबंधित पदाधिकारियों को दिया।