सराहनीय पहल: श्योपुर में पराली प्रबंधन के लिए बेलर मशीन का जीवंत प्रदर्शन
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धान की कटाई के इस सीजन में पर्यावरण संरक्षण और खेती को टिकाऊ बनाने के लिए कलेक्टर सुश्री शीला दाहिमा के निर्देशानुसार एक विशेष पहल की गई है। आज ग्राम मऊ में सहायक कृषि यंत्री श्री नवीन कुमार के नेतृत्व में बेलर संचालक श्री बलजीत सिंह द्वारा कृषक श्री अवतार सिंह के खेत में बेलर मशीन का जीवंत (लाइव) प्रदर्शन किया गया।
पराली जलाने के नुकसान (क्यों ज़रूरी है यह पहल?)
• वायु प्रदूषण: धान की पराली जलाने से बड़ी मात्रा में धुआं निकलता है, जिससे वायु प्रदूषण बढ़ता है और पर्यावरण को गंभीर नुकसान पहुँचता है।
• मिट्टी की क्षति: आग लगाने से भूमि के अत्यंत उपयोगी सूक्ष्मजीव और आवश्यक पोषक तत्व नष्ट हो जाते हैं, जिससे खेत की उर्वरता पर बहुत बुरा असर पड़ता है।
आधुनिक समाधान: बेलर तकनीक से लाभ
इस समस्या से निपटने के लिए ग्राम मऊ के प्रगतिशील किसान श्री बलजीत सिंह ने एक बेहतरी�
Sheopur, Madhya Pradesh | Oct 14, 2026