
मथुरा के चर्चित आयुषी यादव ह*त्याकांड में मां-बाप को उम्रकैद की सजा हुई है। मथुरा कोर्ट ने 4 साल बाद बुधवार को फैसला सुनाया। कोर्ट में आयुषी के पिता नितेश यादव ने अपनी सफाई में सिर्फ इतना कहा कि बेटी की हत्या मैंने की थी, पत्नी का दोष नहीं है। फिर चुप हो गए। मां सिर झुकाए खड़ी रही।
जज ने फैसला सुनाते हुए कहा- बेटी की हत्या का अपराध अत्यन्त क्रूर और वीभत्स की श्रेणी में आता है। इसलिए दोषियों पर नम्र रुख अपनाने का कोई आधार नहीं है। अगर दोषी को दंडित नहीं किया तो समाज में गलत संदेश जाएगा।
22 साल की इकलौती बेटी आयुषी की 4 साल पहले पिता नितेश यादव ने दिल्ली स्थित अपने घर में रिवॉल्वर से गोली मारकर हत्या कर दी थी। वजह सिर्फ इतनी थी कि आयुषी ने राजस्थान के युवक से चुपके से लव मैरिज कर ली थी। हत्या के बाद पिता ने शव को लाल सूटकेस में भरकर 150 किलोमीटर दूर मथुरा के पास यमुना एक्सप्रेस-वे पर फेंक दिया था।
इसमें आयुषी की मां ब्रजवाला ने उनका साथ दिया था। शव मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। मथुरा पुलिस मां ब्रजवाला और आयुषी के भाई आयुष को मथुरा लेकर आई। दोनों ने आयुषी की पहचान की थी। बाद में पुलिस ने मां-बाप को गिरफ्तार किया था। पिता की दिल्ली में दुकान थी।
सरकारी वकील मुकेश गोस्वामी ने कहा- पुलिस ने जांच के बाद नितेश यादव और ब्रजवाला के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। सुनवाई के दौरान सरकारी पक्ष ने गवाहों के बयान और केस से जुड़े सबूत कोर्ट के सामने रखे। इन्हीं के आधार पर कोर्ट ने दोनों को दोषी माना और सजा सुनाई। नितेश यादव पर 7 हजार और ब्रजवाला पर 6 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है।