
#भरतपुर। बयाना तहसील के खटनावाली गांव में दवाइयों के अवैध भंडारण का बड़ा मामला सामने आया है। एक सूखे कुएं से करीब 5 करोड़ रुपए कीमत की 274 कार्टून दवाइयां बरामद हुई हैं। इनमें हार्ट, डायबिटीज और एलर्जी की दवाइयां भी शामिल हैं। मुखबिर की सूचना पर सहायक औषधि नियंत्रक भरतपुर के नेतृत्व में औषधि नियंत्रण विभाग की टीम ने पुलिस और ग्रामीणों की मदद से कार्रवाई की। दवाइयों को नियमानुसार जब्त कर लिया गया है। बरामद दवाइयों में लोसार-50, जानुमेट, केटोरोल-एम, एलेग्रा-एम और जालरा समेत अन्य दवाइयां बताई गई हैं। इतनी बड़ी मात्रा में दवाइयों को सामान्य स्टोरेज से दूर सूखे कुएं में छिपाकर रखने को लेकर विभाग ने जांच शुरू कर दी है। जांच एजेंसियां निर्माता, डिपो, सीएंडएफ, वितरक और सप्लाई चेन से जुड़े लोगों की जानकारी जुटा रही हैं। दवाइयों के बैच नंबर, निर्माण और एक्सपायरी डेट के साथ वितरण रिकॉर्ड का सत्यापन किया जा रहा है। जांच में यह आशंका भी देखी जा रही है कि कहीं एक्सपायरी दवाइयों की तारीख बदलकर उन्हें दोबारा बाजार में खपाने की तैयारी तो नहीं थी। हालांकि अभी यह जांच का एक पहलू है। प्रयोगशाला जांच और बैच सत्यापन के बाद स्थिति स्पष्ट होगी। मामले की सूचना उत्तर प्रदेश के औषधि नियंत्रण अधिकारियों और संबंधित कंपनियों को दी गई। इसके बाद आगरा में भी संबंधित दवाइयां जब्त की गईं और मलपुरा थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई। इससे जांच का दायरा भरतपुर से आगरा तक पहुंच गया है। औषधि नियंत्रण विभाग ने बरामद दवाइयों में से 10 नमूने लिए हैं। इन्हें प्रयोगशाला परीक्षण के लिए भेजा जा रहा है। निर्माता स्तर पर भी बैच और वितरण रिकॉर्ड का सत्यापन कराया जा रहा है। जांच में दवाइयां नकली, मिलावटी, परिवर्तित या अवैध तरीके से बाजार में बेचने के लिए रखी मिलीं तो संबंधितों पर कानूनी कार्रवाई होगी।