ऑपरेशन कवच: पंचकूला पुलिस द्वारा स्कूलों के आसपास सख्त चेकिंग के साथ शिक्षण संस्थानों में पहुंचकर विद्यार्थियों को किया जा रहा जागरूक
4 दिन में सैकड़ों दुकानों की जांच, भारी मात्रा में कूल लिप व रोलिंग पेपर बरामद
नशे के खिलाफ कार्रवाई के साथ बच्चों को जागरूक करने पर जोर, स्कूल प्रशासन को भी अभियान से जोड़ा: पुलिस कमिश्नर पंकज नैन
पंचकूला/ 15 सितंबर:- पंचकूला के सरकारी एवं निजी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को नशीले पदार्थों के सेवन से बचाने तथा नशे की शुरुआती आदतों पर प्रभावी रोक लगाने के उद्देश्य से पुलिस कमिश्नर पंचकूला आईपीएस पंकज नैन द्वारा शुरू किए गए ऑपरेशन कवच के तहत पंचकूला पुलिस द्वारा लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इस अभियान का उद्देश्य बच्चों को नशे की गिरफ्त से दूर रखना, शिक्षण संस्थानों के आसपास नशीले पदार्थों की उपलब्धता पर रोक लगाना तथा विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना है।
ऑपरेशन कवच के तहत पंचकूला पुलिस की विभिन्न टीमों द्वारा अलग-अलग क्षेत्रों में लगातार कार्रवाई करते हुए सैकड़ों दुकानों की जांच की गई। इस दौरान बड़ी संख्या में कूल लिप के पैकेट, रोलिंग पेपर के बड़े डिब्बे तथा अन्य संबंधित पदार्थ बरामद किए गए हैं। पुलिस टीमों द्वारा शिक्षण संस्थानों के आसपास भी विशेष चेकिंग की गई, जहां ऐसे पदार्थों की उपलब्धता एवं बिक्री की जांच की गई।
डीसीपी पंचकूला आईपीएस अदिति सिंह के अनुसार इसी अभियान के तहत पंचकूला पुलिस द्वारा अब शिक्षण संस्थानों तक पहुंचकर विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। आज कालका स्थित सरकारी स्कूल में कालका थाना प्रभारी प्रताप सिंह की टीम द्वारा विद्यार्थियों को कूल लिप जैसे नशीले पदार्थों के सेवन से होने वाले नुकसान के बारे में जानकारी दी गई।
पुलिस कमिश्नर पंचकूला आईपीएस पंकज नैन ने बताया कि ऑपरेशन कवच के तहत की जा रही कार्रवाई का सकारात्मक परिणाम नजर आ रहा है। महज चार दिन की कार्रवाई में सैकड़ों दुकानों की जांच की गई है, जिनमें से भारी संख्या में कूल लिप, रोलिंग पेपर तथा अन्य संबंधित पदार्थ बरामद किए गए हैं। स्कूल प्रशासन भी इस अभियान से जुड़कर सहयोग कर रहा है।
पुलिस कमिश्नर ने आगे कहा कि पंचकूला पुलिस का प्रयास है कि सामान्य दिखाई देने वाले ऐसे पदार्थों की उपलब्धता एवं बिक्री पर पूरी तरह से रोक लगाई जाए, ताकि विशेषकर स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चे और युवा इनकी गिरफ्त में न आएं। उन्होंने कहा कि नशे के खिलाफ कार्रवाई के साथ-साथ बच्चों को जागरूक करना भी बेहद जरूरी है। पुलिस, स्कूल प्रशासन और अभिभावकों के सामूहिक प्रयास से ही बच्चों को नशे से दूर रखा जा सकता है।