स्लीमनाबाद टनल बनेगी विंध्य की ‘अमृतधारा’, पांच जिलों की खेती को मिलेगा नया जीवन
सतना/कटनी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्लीमनाबाद टनल परियोजना के अवलोकन के बाद इसे कटनी, सतना, मैहर, रीवा और पन्ना जिलों के लिए ‘अमृतधारा’ बताया। बरगी डायवर्जन परियोजना के तहत बनी 11.952 किलोमीटर लंबी टनल को वर्ष 2008 में मंजूरी मिली थी, तब परियोजना की अनुमानित लागत करीब 799 से 800 करोड़ रुपये थी। निर्माण के दौरान कठिन चट्टानों और मीथेन गैस रिसाव जैसी भू-गर्भीय चुनौतियों के कारण काम लंबा चला और परियोजना की लागत बढ़कर विभिन्न अनुमानों में करीब 1,600 से 2,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि परियोजना से अपस्ट्रीम और डाउनस्ट्रीम क्षेत्रों को मिलाकर करीब ढाई लाख हेक्टेयर तक सिंचाई का रकबा बढ़ेगा, जबकि सतना, मैहर, कटनी, रीवा और पन्ना के करीब 1.85 लाख हेक्टेयर कमांड एरिया को सिंचाई सुविधा मिलने का लक्ष्य है। इससे पेयजल उपलब्धता, कृषि उत्पादन और क्षेत्र की आर्थिक