पितृपक्ष मेले में नहीं गुल होगी बिजली! 24 घंटे मुस्तैद रहेगा विद्युत विभाग, गया जी में निर्बाध आपूर्ति को लेकर 7 कंट्रोल रूम तैयार, तीन शिफ्टों में तैनात रहेंगी टीमें; 9 किमी AB केबल बिछी, 8 ट्रांसफॉर्मरों की बढ़ाई जा रही क्षमता
गया: पितृपक्ष मेला 2026 में देश-विदेश से गया जी पहुंचने वाले लाखों श्रद्धालुओं को निर्बाध और सुरक्षित बिजली उपलब्ध कराने के लिए विद्युत विभाग ने कमर कस ली है। 25 सितंबर से 11 अक्टूबर तक चलने वाले पितृपक्ष मेले को देखते हुए विभाग ने मेला क्षेत्र में विद्युत व्यवस्था को चाक-चौबंद करने के लिए व्यापक तैयारी शुरू कर दी है। विभाग का जोर न केवल 24 घंटे बिजली आपूर्ति पर है, बल्कि किसी भी तकनीकी खराबी की स्थिति में तत्काल कार्रवाई करने पर भी है। विद्युत अधीक्षण अभियंता, विद्युत आपूर्ति अंचल, गयाजी संदीप प्रकाश ने बताया कि श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पूरे मेला क्षेत्र में निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए 7 नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) बनाए गए हैं। इन कंट्रोल रूम में अधिकारियों और कर्मचारियों की तीन पालियों में ड्यूटी लगाई जाएगी। फील्ड में तैनात टीमों के बीच त्वरित सूचना आदान-प्रदान के लिए उन्हें वॉकी-टॉकी से लैस किया जा रहा है, ताकि शिकायत मिलते ही मौके पर टीम पहुंच सके।
9 किलोमीटर कवर तार, खुले ट्रांसफॉर्मरों की हो रही बैरीकेडिंग
गयाजी शहरी क्षेत्र में विद्युत सुरक्षा को लेकर कई महत्वपूर्ण काम किए जा रहे हैं। बंगाली आश्रम से मंदिर तक पेड़ों की छंटाई पूरी कर ली गई है। शाहमीर तक्या मोड़ से मंदिर तक फैले विद्युत तारों को व्यवस्थित करने का काम जारी है। दुर्घटनाओं की आशंका को देखते हुए खुले ट्रांसफॉर्मरों की बैरीकेडिंग कराई जा रही है। वहीं, खुले नंगे तारों को हटाकर अब तक करीब 9 किलोमीटर AB Cable (कवर तार) बिछाई जा चुकी है। सभी 33 केवी और 11 केवी फीडरों का रखरखाव भी पूरा कर लिया गया है। मेला क्षेत्र में बढ़ने वाले विद्युत भार को देखते हुए करीब 8 अदद 200 केवीए ट्रांसफॉर्मरों की क्षमता बढ़ाकर 315 केवीए की जा रही है।
प्रेतशिला से सीता कुंड तक बिजली व्यवस्था मजबूत
ग्रामीण विद्युत प्रमंडल द्वारा भी मेला क्षेत्र में तैयारियां तेज कर दी गई हैं। प्रेतशिला पहाड़ी और मेला क्षेत्र में स्थापित 4 ट्रांसफॉर्मरों का रखरखाव पूरा कर लिया गया है। प्रेतशिला पहाड़ पर बिजली आपूर्ति को मजबूत करने के लिए 15 नए पोल गाड़कर लाइन को ऊपर ले जाने का काम चल रहा है। आसपास के क्षेत्रों में करीब 5 किलोमीटर LT लाइन की केबलिंग की गई है। अमरपुर फीडर में 11 केवी लाइन के लगभग 2 किलोमीटर खुले तारों को कवर तारों से बदला जा रहा है। मानपुर प्रमंडल के सीता कुंड मेला क्षेत्र में भी विद्युत व्यवस्था को मजबूत किया गया है। यहां एक अतिरिक्त 200 केवीए ट्रांसफॉर्मर लगाया गया है। साथ ही 11 केवी लाइन का रखरखाव, करीब 500 मीटर रिकंडक्ट्रिंग और LT केबलिंग का कार्य पूरा कराया गया है।
पोल पर डाइइलेक्ट्रिक पेंट, PSS की होगी जांच
मेला क्षेत्र से जुड़े सभी पावर सब-स्टेशनों की जांच MRT टीम द्वारा की जा रही है। बिजली पोलों पर सुरक्षा की दृष्टि से डाइइलेक्ट्रिक पेंट कराया जा रहा है। अस्थायी पंडालों, शिविरों और दुकानों को तत्काल अस्थायी विद्युत कनेक्शन उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।
इसके अलावा दंडीबाग विद्युत शक्ति उपकेंद्र की मरम्मत एवं सौंदर्यीकरण का कार्य जारी है। सभी कार्यपालक अभियंताओं को तीर्थयात्रियों के आवासन स्थलों के आसपास विद्युत तारों की मरम्मत और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का सख्त निर्देश दिया गया है। कुल मिलाकर, पितृपक्ष मेले में बिजली व्यवस्था को लेकर विभाग ने ऐसा इंतजाम तैयार करने का लक्ष्य रखा है कि श्रद्धालुओं को बिजली कटौती या तकनीकी खराबी के कारण किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े और गया जी की धार्मिक यात्रा उनके लिए सुरक्षित एवं सुविधाजनक रहे।