बिहार में बुनियादी सुविधाओं की बदहाली पर सवाल
विकास के दावों के बीच जान जोखिम में डालकर नाव से स्कूल जाने को मजबूर बच्चे
एक तरफ जहां देश में 7.8 प्रतिशत जीडीपी (GDP) ग्रोथ के आंकड़े पेश कर विकास का दावा किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। बिहार के ग्रामीण इलाकों से आई एक तस्वीर ने सरकारी दावों और जमीनी व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है, जहां स्कूली बच्चे जान जोखिम में डालकर नाव के जरिए नदी पार कर स्कूल जाने को मजबूर हैं।
स्थानीय स्तर पर बुनियादी ढांचे की कमी और पुल-पुलियों के अभाव के कारण बच्चों को रोज इस मुश्किल राह से गुजरना पड़ता है। शिक्षा पाने के लिए मासूमों को इस तरह जान हथेली पर रखकर सफर करता देख लोगों में रोष है। सामाजिक कार्यकर्ताओं का कहना है कि पढ़ाई जैसे मौलिक अधिकार के लिए बच्चों को इतनी बड़ी मशक्कत नहीं करनी पड़नी चाहिए। प्रशासन से जल्द से जल्द आवागमन के सुरक्षित साधन मुहैया कराने की मांग की गई है।
Hardoi, Hardoi | Sep 15, 2026