*डीएम ने रिविलगंज भू-अर्जन शिविर का किया निरीक्षण, लंबित मुआवजा भुगतान में तेजी लाने का दिया निर्देश*
**रैयतों की समस्याओं के त्वरित समाधान एवं पात्र मामलों में समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश*
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सारण, 19 अगस्त 2026
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जिला पदाधिकारी, सारण श्री वैभव श्रीवास्तव ने आज रिविलगंज प्रखंड अंतर्गत नवसृजित प्राथमिक विद्यालय, मिथवालिया में आयोजित भू-अर्जन शिविर का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शिविर में उपस्थित रैयतों से संवाद कर भू-अर्जन से संबंधित मुआवजा भुगतान की प्रक्रिया, लंबित मामलों एवं उनकी समस्याओं की जानकारी ली तथा संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
जिला पदाधिकारी ने रैयतों से कहा कि वे अपने सभी आवश्यक कागजात पूर्ण कर शिविर में जमा करें, ताकि पात्रता के अनुसार मुआवजा राशि का भुगतान शीघ्र किया जा सके। उन्होंने बताया कि आवश्यक कागजातों को पूर्ण कराने एवं संबंधित समस्याओं के समाधान के लिए कार्यालय में एकल खिड़की (Single Window) की व्यवस्था की गई है, जहां रैयतों को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जाएगा।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि किसी रैयत को मुआवजा राशि की गणना अथवा अन्य किसी बिंदु पर आपत्ति या शिकायत है, तो इसके कारण भुगतान की प्रक्रिया अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रखी जाए। जिला प्रशासन द्वारा इसके लिए सरल प्रारूप तैयार कराया गया है। रैयत उक्त प्रारूप में अपनी आपत्ति दर्ज कराते हुए मुआवजा राशि प्राप्त कर सकते हैं। इसके पश्चात संबंधित आपत्ति के निराकरण हेतु आयुक्त के समक्ष आर्बिट्रेशन कोर्ट में अपना पक्ष रखा जा सकता है।
जिला पदाधिकारी ने *20 प्रतिशत भुगतान लंबित* मामलों की भी समीक्षा की तथा संबंधित पदाधिकारियों को ऐसे मामलों में तत्काल आवश्यक कार्रवाई करते हुए भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिन रैयतों के पास संबंधित रसीद उपलब्ध है, वे रसीद के साथ आवेदन भी जमा करें, ताकि उनके मामलों का शीघ्र निष्पादन करते हुए भुगतान सुनिश्चित किया जा सके।
निरीक्षण के दौरान यह भी जानकारी मिली कि कुछ रैयतों को अभी तक नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है। जिला पदाधिकारी ने संबंधित कार्यालय को निर्देश दिया कि ऐसे रैयतों को नियमानुसार नोटिस उपलब्ध कराते हुए उनके कागजात पूर्ण कराए जाएं तथा पात्र मामलों में मुआवजा भुगतान की कार्रवाई शीघ्र सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने कहा कि भू-अर्जन से संबंधित मामलों में रैयतों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े तथा पात्र रैयतों को समयबद्ध तरीके से मुआवजा राशि प्राप्त हो, यह जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने सभी लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करते हुए त्वरित निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
*विद्यालय परिसर का भी किया निरीक्षण*
भू-अर्जन शिविर के निरीक्षण के बाद जिला पदाधिकारी ने *नवसृजित प्राथमिक विद्यालय, मेथवालिया* के परिसर का भी निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालय में उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं की जानकारी ली तथा विशेष रूप से शौचालय के फंक्शनल होने की स्थिति की जांच की।
इसके बाद उन्होंने विद्यालय के किचन शेड का भी निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान यह जानकारी प्राप्त हुई कि बच्चों को वर्तमान में एनजीओ द्वारा आपूर्ति किया गया भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है, जबकि विद्यालय का *किचन शेड* दुरुस्त अवस्था में है। इस पर जिला पदाधिकारी ने आपत्ति व्यक्त करते हुए निर्देश दिया कि जहां किचन शेड उपलब्ध एवं दुरुस्त है, वहां बच्चों के लिए विद्यालय स्तर पर गरमा-गरम भोजन तैयार कर उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
विद्यालय के ऊपरी परिसर में जाने वाली सीढ़ी के मार्ग का भी उन्होंने निरीक्षण किया। बताया गया कि बगल के निवासी के बांस के पेड़ के फैल जाने के कारण सीढ़ी तक जाने का रास्ता बाधित हो रहा है, जिससे ऊपरी परिसर का समुचित उपयोग नहीं हो पा रहा है। इस पर जिला पदाधिकारी ने अंचल अधिकारी को संबंधित व्यक्ति को नियमानुसार नोटिस करते हुए समस्या का शीघ्र समाधान कराने का निर्देश दिया।
जिला पदाधिकारी ने कहा कि विद्यालय में बच्चों को बेहतर एवं सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के साथ-साथ सभी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता एवं सुचारु संचालन सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को विद्यालय की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान कराने का निर्देश दिया।