किशनगंज महिला सशक्तिकरण की दिशा में वन टॉप सेंटर एवं जिला हब फॉर एम्पावरमेंट ऑफ वीमेन प्रभावी रूप से कर रहा कार्य।
किशनगंज जिला पदाधिकारी नवीन कुमार ने सोमवार को अपने कार्यालय कक्ष में वन स्टॉप सेंटर एवं जिला हब फॉर एम्पावरमेंट ऑफ वीमेन (डीएचईडब्ल्यू) के कार्यों की समीक्षा की। बैठक में महिलाओं के संरक्षण, सहायता, परामर्श और सशक्तिकरण के साथ-साथ उन्हें केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए किए जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।जिला पदाधिकारी,नवीन कुमार ने वन स्टॉप सेंटर एवं डीएचईडब्ल्यू द्वारा महिला सशक्तिकरण की दिशा में किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि महिलाओं को सुरक्षित, जागरूक एवं आत्मनिर्भर बनाने के लिए उपलब्ध सभी सेवाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जरूरतमंद महिलाओं को उनकी परिस्थितियों के अनुरूप उचित परामर्श एवं सहायता उपलब्ध कराने के साथ-साथ उन्हें सरकारी योजनाओं, रोजगार तथा कौशल विकास के अवसरों से जोड़ा जाए।डीएम ने विशेष रूप से निर्देश दिया कि डीएचईडब्ल्यू के माध्यम से अधिक से अधिक महिलाओं को परामर्श प्रदान कर उन्हें केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ दिलाया जाए तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में प्रभावी पहल की जाए। उन्होंने महिलाओं को कृषि विभाग, जीविका एवं अन्य संबंधित विभागों के माध्यम से प्रशिक्षण दिलाकर रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया।
जिला पदाधिकारी ने वन स्टॉप सेंटर एवं डीएचईडब्ल्यू में रिक्त पदों को जल्द से जल्द भरने का निर्देश संबंधित नोडल पदाधिकारी को दिया, ताकि दोनों संस्थानों का संचालन और अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सके।
महिलाओं को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने पर जोर।*:~
बैठक में उप विकास आयुक्त, किशनगंज,प्रदीप कुमार झा ने भी वन स्टॉप सेंटर एवं डीएचईडब्ल्यू के बेहतर संचालन को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने वन स्टॉप सेंटर में साफ-सफाई, पर्याप्त प्रकाश, पेयजल तथा पीड़ित महिलाओं के लिए सभी आवश्यक मूलभूत सुविधाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी, समेकित बाल विकास सेवाएं-सह-नोडल पदाधिकारी, महिला एवं बाल विकास निगम, किशनगंज बंदना पांडेय के मार्गदर्शन में वन स्टॉप सेंटर एवं डीएचईडब्ल्यू द्वारा महिलाओं को सहायता, परामर्श तथा सरकारी योजनाओं से जोड़ने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है।
श्रीमती बंदना पांडेय ने कहा कि महिला सशक्तिकरण का उद्देश्य महिलाओं को केवल तत्काल सहायता उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक कर आत्मनिर्भर बनाना भी है। डीएचईडब्ल्यू के माध्यम से महिलाओं को परामर्श प्रदान कर उन्हें उपलब्ध सरकारी योजनाओं, सहायता एवं सेवाओं से जोड़ा जा रहा है।
जरूरतमंद महिला को लोक अदालत के माध्यम से मिला समाधान का रास्ता।
हाल ही में डीएचईडब्ल्यू के माध्यम से एक जरूरतमंद महिला को उसके लंबित मामले में महत्वपूर्ण सहायता एवं मार्गदर्शन उपलब्ध कराया गया। आर्थिक रूप से कमजोर महिला अधिवक्ता की फीस देने में असमर्थ थी। डीएचईडब्ल्यू की टीम ने उसे लोक अदालत तथा उपलब्ध कानूनी सहायता एवं मामले के समाधान की प्रक्रिया के संबंध में जानकारी दी। इसके बाद मामले को समझौते के माध्यम से समाधान की दिशा में आगे बढ़ाया गया।
इस पहल से महिला को अपने मामले के समाधान का रास्ता मिला और वह काफी संतुष्ट हुई। यह उदाहरण दर्शाता है कि नोडल पदाधिकारी बंदना पांडेय के मार्गदर्शन में डीएचईडब्ल्यू जरूरतमंद महिलाओं तक पहुंचकर उन्हें परामर्श के साथ-साथ उपलब्ध सहायता तंत्र से जोड़ने का कार्य कर रहा है।
महिला सशक्तिकरण को आर्थिक आत्मनिर्भरता से जोड़ते हुए डीएचईडब्ल्यू द्वारा महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण, रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ने के लिए संबंधित विभागों एवं जीविका के साथ समन्वय किया जा रहा है।
बैठक में वन स्टॉप सेंटर की केंद्र प्रशासक रोशनी परवीन, सुशील कुमार झा एवं श्री बसंत शर्मा सहित संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे। #viralreels #viralpost #viralreelschallenge #newyork #vacaciones #VideoGames #viralchallenge #2026Goals