*पितृपक्ष मेला की तैयारियों को लेकर जिला पदाधिकारी एवं वरीय पुलिस अधीक्षक ने अंदर गया की संकरी गलियों का किया पैदल निरीक्षण*
*सफाई, नालियों की व्यवस्था, पैदल पथ, बिजली तार एवं प्रकाश व्यवस्था को दुरुस्त करने का निर्देश*
गया, 22 सितंबर 2026, पितृपक्ष मेला 2026 के अवसर पर देश-विदेश से गया आने वाले तीर्थयात्रियों की सुविधा एवं सुगम आवागमन को लेकर जिला प्रशासन द्वारा तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसी क्रम में आज सुबह जिला पदाधिकारी श्री शशांक शुभंकर एवं वरीय पुलिस अधीक्षक श्री सुशील कुमार ने पंडा-पुरोहितों, समाजसेवीगण, जिला प्रशासन तथा नगर निगम के पदाधिकारियों के साथ मेला क्षेत्र के संकीर्ण मार्गों एवं अंदर गया की गलियों का पैदल निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने अंदर गया की विभिन्न संकरी गलियों में तीर्थयात्रियों के आवागमन को ध्यान में रखते हुए साफ-सफाई, नालियों की सफाई एवं नालियों पर ढक्कन की व्यवस्था, पैदल पथ की स्थिति, गड्ढों का समतलीकरण, बिजली के तारों की ऊंचाई, जर्जर एवं खराब बिजली तारों को हटाने, गलियों में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सहित अन्य आवश्यक नागरिक सुविधाओं का जायजा लिया।
जिला पदाधिकारी ने नगर निगम एवं संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि मेला क्षेत्र की संकरी गलियों एवं अंदर गया के सभी प्रमुख पैदल मार्गों को तीर्थयात्रियों के आवागमन के अनुरूप पूरी तरह व्यवस्थित एवं सुरक्षित रखा जाए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि जहां भी पैदल पथ में गड्ढे अथवा असमतल स्थान हैं, उनका तत्काल समतलीकरण कराया जाए, ताकि तीर्थयात्रियों को पैदल चलने में किसी प्रकार की कठिनाई न हो।
उन्होंने नालियों की समुचित सफाई कराने तथा जहां आवश्यक हो वहां नालियों पर ढक्कन लगाने का निर्देश दिया। साथ ही, गलियों में जलजमाव अथवा गंदगी की स्थिति उत्पन्न नहीं हो, इसके लिए नियमित सफाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
विद्युत व्यवस्था की समीक्षा के दौरान जिला पदाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि गलियों में बिजली के तारों की ऊंचाई निर्धारित मानकों के अनुरूप रहे। जहां कहीं भी जर्जर, लटकते अथवा खराब तार पाए जाएं, उन्हें तत्काल दुरुस्त अथवा हटाने की कार्रवाई की जाए। उन्होंने मेला अवधि के दौरान संकरी गलियों में पर्याप्त एवं निर्बाध प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने पर भी विशेष जोर दिया।
जिला पदाधिकारी ने कहा कि पितृपक्ष मेला के दौरान तीर्थयात्री केवल मुख्य मार्गों का ही नहीं, बल्कि अंदर गया की इन संकरी गलियों का भी बड़े पैमाने पर उपयोग करते हैं। उन्होंने कहा कि अधिकांश पंडा-पुरोहितों के निजी आवासन भवन भी इन्हीं गलियों में अवस्थित हैं। ऐसे में इन क्षेत्रों में सफाई, प्रकाश, सड़क एवं नाली सहित मूलभूत सुविधाओं में किसी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि पितृपक्ष मेला गया की धार्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान से जुड़ा अत्यंत महत्वपूर्ण आयोजन है। देश के विभिन्न हिस्सों के साथ-साथ विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं तीर्थयात्री यहां आते हैं। अतः जिला प्रशासन, नगर निगम एवं संबंधित सभी विभागों की जिम्मेदारी है कि श्रद्धालुओं को स्वच्छ, सुरक्षित एवं सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराया जाए।
निरीक्षण के दौरान वरीय पुलिस अधीक्षक ने भी संकरी गलियों में तीर्थयात्रियों के सुगम एवं सुरक्षित आवागमन, भीड़ प्रबंधन तथा आवश्यकतानुसार पुलिस व्यवस्था को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
जिला प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया कि पितृपक्ष मेला क्षेत्र के मुख्य मार्गों के साथ-साथ अंदर गया की गलियों एवं सभी संपर्क मार्गों में भी व्यवस्थाओं को प्राथमिकता के आधार पर दुरुस्त किया जा रहा है, ताकि मेला के दौरान आने वाले प्रत्येक तीर्थयात्री को बेहतर सुविधा मिल सके और श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।