
RCFC-NR1 को जोगिंदरनगर में बनाए रखने और मजबूत करने की मांग
जोगिंदरनगर/सुनील कुमार।
भारतीय व्यापार मंडल के प्रदेश मंत्री दमनदीप सिंह ने जोगिंदरनगर स्थित RCFC-NR1 को स्थानांतरित करने के प्रस्ताव पर पुनर्विचार करते हुए इसे यहीं बनाए रखने और सुदृढ़ करने की मांग उठाई है।
दमनदीप सिंह ने कहा कि RCFC-NR1 पिछले करीब 13 वर्षों से जोगिंदरनगर में औषधीय एवं हर्बल पौधों के संरक्षण, संवर्धन, खेती, संग्रहण तथा अनुसंधान से जुड़ी गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र रहा है। उन्होंने कहा कि इसे नौणी विश्वविद्यालय के उद्यानिकी विभाग में स्थानांतरित करने से पहले केंद्र के अब तक के कार्यों और भविष्य की संभावनाओं की व्यापक समीक्षा की जानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि औषधीय पौधों का विषय केवल उद्यानिकी तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा संबंध आयुष, आयुर्वेद, फार्माकोलॉजी, फार्मेसी, जैव प्रौद्योगिकी और पारंपरिक चिकित्सा से है। ऐसे में विभिन्न विभागों और शोध संस्थानों को जोड़कर RCFC-NR1 को एक मजबूत सहयोगात्मक अनुसंधान केंद्र के रूप में विकसित किया जा सकता है।
दमनदीप सिंह ने कहा कि केंद्र को मजबूत करने से स्थानीय किसानों को औषधीय पौधों की खेती, युवाओं को शोध, प्रशिक्षण, इंटर्नशिप और रोजगार तथा पारंपरिक ज्ञान के संरक्षण के नए अवसर मिल सकते हैं। इसके अलावा हर्बल उत्पाद विकास, गुणवत्ता मानकीकरण, मूल्य संवर्धन और पशुओं के लिए हर्बल फीड जैसे क्षेत्रों में भी अनुसंधान की संभावनाएं हैं।
उन्होंने सरकार से मांग की कि स्थानांतरण का अंतिम निर्णय लेने से पहले NMPB, आयुष मंत्रालय, आयुष एवं उद्यानिकी विभाग, विश्वविद्यालयों, वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं, किसानों और अन्य हितधारकों से व्यापक विचार-विमर्श किया जाए।
उन्होंने कहा कि “कमजोरी का समाधान संस्था को कमजोर करना नहीं, बल्कि उसे मजबूत करना होना चाहिए।” दमनदीप सिंह ने जोगिंदरनगर की जनता से भी इस मुद्दे पर शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से एकजुट होकर RCFC-NR1 को बचाने तथा इसे क्षेत्र में आयुष, औषधीय पौधों और अनुसंधान का प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में प्रयास करने की अपील की।