
सीतामढ़ी सदर एसडीओ आनंद कुमार ने किया मॉडल विद्यालय का निरीक्षण, बच्चों को पढ़ाई के साथ खेलकूद के लिए किया प्रेरित
सीतामढ़ी। जिला पदाधिकारी श्री सुल्तानिया के निर्देशानुसार जिले के नव-उत्क्रमित/स्थापित सरस्वती विद्या निकेतन (मॉडल स्कूल) में विद्यार्थियों के शैक्षणिक वातावरण एवं विद्यालय में संचालित गतिविधियों की निगरानी को लेकर पदाधिकारियों को विद्यालयों से संबद्ध किया गया है। इसी क्रम में सीतामढ़ी सदर के अनुमंडल पदाधिकारी श्री आनंद कुमार ने बुधवार को सीतामढ़ी उच्च विद्यालय, डुमरा का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी ने विद्यालय के शैक्षणिक माहौल, पठन-पाठन की व्यवस्था, विद्यार्थियों की उपस्थिति, शिक्षकों की भूमिका तथा विद्यालय में उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने विद्यालय प्रबंधन एवं शिक्षकों से शैक्षणिक गतिविधियों से संबंधित जानकारी ली और विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया।
बच्चों से किया संवाद, पढ़ाई के प्रति बढ़ाया उत्साह
निरीक्षण के दौरान एसडीओ श्री आनंद कुमार ने विद्यार्थियों से सीधे संवाद किया। उन्होंने बच्चों से उनकी पढ़ाई, रुचि और भविष्य की योजनाओं के बारे में जानकारी ली तथा उन्हें नियमित रूप से विद्यालय आने, मन लगाकर पढ़ाई करने और अपने लक्ष्य को निर्धारित कर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
उन्होंने विद्यार्थियों को समझाया कि आज के समय में केवल पाठ्य पुस्तकों का ज्ञान ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास, सामान्य ज्ञान, तकनीकी जानकारी, खेलकूद और अन्य सह-शैक्षणिक गतिविधियों में भागीदारी भी व्यक्तित्व विकास के लिए आवश्यक है। उन्होंने बच्चों को अपनी प्रतिभा पहचानने और निरंतर मेहनत करने का संदेश दिया।
खेलकूद को बताया शिक्षा का महत्वपूर्ण हिस्सा
एसडीओ ने विद्यार्थियों को खेलकूद के प्रति भी जागरूक और प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि खेल शरीर को स्वस्थ रखने के साथ-साथ बच्चों में अनुशासन, टीम भावना, नेतृत्व क्षमता और आत्मविश्वास का विकास करता है। विद्यार्थियों से पढ़ाई के साथ अपनी रुचि के खेल में सक्रिय रूप से भाग लेने का आह्वान किया गया।
उन्होंने विद्यालय में खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने तथा विद्यार्थियों को उपलब्ध खेल सुविधाओं का बेहतर उपयोग करने पर भी जोर दिया।
आधुनिक संसाधनों के बेहतर उपयोग पर जोर
मॉडल विद्यालयों में स्मार्ट क्लासरूम, ई-लाइब्रेरी, विज्ञान एवं कंप्यूटर की आधुनिक प्रयोगशालाओं तथा खेलकूद की बेहतर व्यवस्था किए जाने को लेकर निरीक्षण के दौरान एसडीओ ने इन संसाधनों के नियमित एवं प्रभावी उपयोग पर जोर देते हुए कहा कि आधुनिक सुविधाओं का वास्तविक लाभ तभी विद्यार्थियों तक पहुंचेगा, जब उनका उपयोग गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए नियमित रूप से किया जाए।
उन्होंने शिक्षकों को विद्यार्थियों की शैक्षणिक जरूरतों पर विशेष ध्यान देने तथा जिन बच्चों को किसी विषय में कठिनाई हो रही है, उन्हें अतिरिक्त सहयोग देने की बात कही। कमजोर विद्यार्थियों के लिए संचालित Remedial Classes जैसी व्यवस्थाओं को प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया।
विद्यालय के शैक्षणिक वातावरण को बेहतर बनाने का संदेश
अनुमंडल पदाधिकारी ने विद्यालय प्रशासन एवं शिक्षकों से कहा कि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने नियमित पठन-पाठन के साथ विद्यार्थियों की उपस्थिति बढ़ाने, उनकी रुचि के अनुरूप गतिविधियों को प्रोत्साहित करने तथा विद्यालय में सकारात्मक एवं अनुशासित वातावरण बनाए रखने पर बल दिया।
एसडीओ श्री आनंद कुमार ने विद्यार्थियों को यह भी जानकारी दी कि अगले सप्ताह शनिवार को विद्यालय में क्विज प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। उन्होंने बच्चों को प्रतियोगिता में उत्साहपूर्वक भाग लेने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि ऐसी प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों के सामान्य ज्ञान, तर्कशक्ति, आत्मविश्वास एवं प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से अभी से इसकी तैयारी शुरू करने और बेहतर प्रदर्शन के लिए नियमित अध्ययन करने का आह्वान किया।
निरीक्षण के दौरान विद्यार्थियों में भी खासा उत्साह देखा गया। एसडीओ द्वारा बच्चों से सीधे संवाद किए जाने और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किए जाने से विद्यार्थियों में आत्मविश्वास का संचार हुआ।
जिला प्रशासन की इस पहल का उद्देश्य मॉडल विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता को मजबूत करने के साथ-साथ विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए बेहतर शैक्षणिक एवं सह-शैक्षणिक वातावरण तैयार करना है।
Information & Public Relations Department, Government of Bihar Bihar Education Department