Public App Logo
Jansamasya
News
Bjp
National
Police
Bihar
India
कांग्रेस
भाजपा
Congress
Modi
Delhi
Viral
Crime
Jharkhand
Up
Bollywood
दिल्ली
Breakingnews
महिला
Narendramodi
Nitishkumar
Madhya_pradesh
सोशल_मीडिया
Madhyapradesh
Pmmodi
Rahulgandhi
Ipl
Haryana
Uttarpradesh
image
image
image
image
image
image

बनमा-ईटहरी में सहयोग शिविर सुपरहिट, ऑन द स्पॉट हुआ समस्याओं का समाधान. बनमा-ईटहरी: बिहार सरकार की पहल पर मंगलवार को बन...

Kahara, Saharsa | May 20, 2026

MORE NEWS

◆◆ *जिलाधिकारी ने अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का किया औचक निरीक्षण*
◆ *मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने, एमएनसीयू को अविलंब क्रियाशील करने तथा अस्पताल में स्वच्छता एवं संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश*

सारण (सोनपुर), 07 जून 2026:

◆ जिलाधिकारी सारण श्री वैभव श्रीवास्तव ने शनिवार देर संध्या में अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का विस्तृत निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं, उपलब्ध संसाधनों, स्वच्छता व्यवस्था एवं मरीजों को प्रदान की जा रही सुविधाओं की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल प्रबंधन को विभिन्न आवश्यक निर्देश दिए तथा सभी निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा।
निरीक्षण के दौरान अस्पताल परिसर में स्थित सार्वजनिक शुलभ शौचालय अक्रियाशील पाया गया। इस पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए इसे अविलंब क्रियाशील करने का निर्देश दिया।
◆ मदर एंड न्यूबॉर्न केयर यूनिट (MNCU) का निरीक्षण करने पर पाया गया कि पर्याप्त संसाधन उपलब्ध होने के बावजूद जीएनएम एवं नर्सिंग कर्मियों की कमी के कारण इकाई पूर्ण रूप से संचालित नहीं हो रही है। जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक को निर्देश दिया कि योग्य जीएनएम एवं नर्सिंग स्टाफ की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करते हुए एमएनसीयू को 24×7 संचालित किया जाए। साथ ही उपलब्ध तीन शिशु रोग विशेषज्ञ चिकित्सकों की रोस्टर के आधार पर प्रतिनियुक्ति कर इकाई को प्रभावी रूप से क्रियाशील बनाया जाए।
◆ जिलाधिकारी ने विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के एसएमओ को अस्पताल में उपलब्ध सभी चिकित्सा एवं गैर-चिकित्सा उपकरणों का कार्यात्मक ऑडिट (Functionality Audit) करने का निर्देश दिया, ताकि उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
◆ मातृ शिशु सदन के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को एनेस्थीसिया विशेषज्ञ चिकित्सक की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रसव के समय विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त पर्याप्त एवं प्रशिक्षित सुरक्षा गार्डों की तैनाती, खराब एयर कंडीशनरों की मरम्मत तथा पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु नए वाटर टैंक आदि लगाने  का निर्देश दिया गया।
◆ अस्पताल परिसर की स्वच्छता व्यवस्था संतोषजनक नहीं पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने साफ-सफाई की व्यवस्था को सुदृढ़ करने, चिकित्सकों के लिए पृथक शौचालय की व्यवस्था करने तथा शौचालयों की नियमित सफाई हेतु जीविका समूह अथवा नगर परिषद के माध्यम से स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही अस्पताल भवन की रंगाई-पुताई कराने का भी निर्देश दिया गया।
◆ ओपीडी में मरीजों की सुविधा के लिए एयर कंडीशनर लगाने का निदेश दिया। अस्पताल में आवश्यक संसाधनों की सूची तैयार कर बिहार मेडिकल सर्विसेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर कॉरपोरेशन लिमिटेड (BMSICL) को भेजने का निर्देश दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि आवश्यक दवाओं की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए। यदि किसी दवा की आपूर्ति में विलंब हो अथवा वह उपलब्ध नहीं हो तो नियमानुसार बाजार से खरीद कर मरीजों को उपलब्ध कराया जाए।
◆ अल्ट्रासाउंड सेवा की समीक्षा के दौरान पाया गया कि सुविधा उपलब्ध होने के बावजूद अपेक्षाकृत कम मरीज इसका लाभ ले पा रहे हैं। इस पर जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को प्रशिक्षित चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित कर अधिकाधिक मरीजों को इस सुविधा का लाभ दिलाने का निर्देश दिया।
◆ अस्पताल में पदस्थापित 17 चिकित्सकों के कार्य विभाजन की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने चिकित्सकों का रोस्टर पुनर्निर्धारित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रातः 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक कम से कम 4 चिकित्सक, दोपहर 2 बजे से रात्रि 8 बजे तक 2 चिकित्सक तथा रात्रि 8 बजे से प्रातः 8 बजे तक 2 चिकित्सकों की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित की जाए।
◆ जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिया कि अस्पताल में पदस्थापित सभी चिकित्सकों का नाम, विशेषज्ञता एवं ड्यूटी समय स्पष्ट एवं बड़े अक्षरों में ओपीडी परिसर में प्रदर्शित किया जाए, ताकि मरीजों को आवश्यक जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सके।
◆ निरीक्षण के अंत में जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया कि निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का प्राथमिकता के आधार पर अनुपालन सुनिश्चित किया जाए तथा अनुपालन प्रतिवेदन उपलब्ध कराया जाए।
◆ निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी, सोनपुर, जिला कार्यक्रम प्रबंधक (स्वास्थ्य), प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, सोनपुर, बीएचएम, बीपीएम तथा विश्व स्वास्थ्य संगठन के एसएमओ सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।◆◆ *जिलाधिकारी ने अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का किया औचक निरीक्षण*
◆ *मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने, एमएनसीयू को अविलंब क्रियाशील करने तथा अस्पताल में स्वच्छता एवं संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश*

सारण (सोनपुर), 07 जून 2026:

◆ जिलाधिकारी सारण श्री वैभव श्रीवास्तव ने शनिवार देर संध्या में अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का विस्तृत निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं, उपलब्ध संसाधनों, स्वच्छता व्यवस्था एवं मरीजों को प्रदान की जा रही सुविधाओं की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल प्रबंधन को विभिन्न आवश्यक निर्देश दिए तथा सभी निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा।
निरीक्षण के दौरान अस्पताल परिसर में स्थित सार्वजनिक शुलभ शौचालय अक्रियाशील पाया गया। इस पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए इसे अविलंब क्रियाशील करने का निर्देश दिया।
◆ मदर एंड न्यूबॉर्न केयर यूनिट (MNCU) का निरीक्षण करने पर पाया गया कि पर्याप्त संसाधन उपलब्ध होने के बावजूद जीएनएम एवं नर्सिंग कर्मियों की कमी के कारण इकाई पूर्ण रूप से संचालित नहीं हो रही है। जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक को निर्देश दिया कि योग्य जीएनएम एवं नर्सिंग स्टाफ की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करते हुए एमएनसीयू को 24×7 संचालित किया जाए। साथ ही उपलब्ध तीन शिशु रोग विशेषज्ञ चिकित्सकों की रोस्टर के आधार पर प्रतिनियुक्ति कर इकाई को प्रभावी रूप से क्रियाशील बनाया जाए।
◆ जिलाधिकारी ने विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के एसएमओ को अस्पताल में उपलब्ध सभी चिकित्सा एवं गैर-चिकित्सा उपकरणों का कार्यात्मक ऑडिट (Functionality Audit) करने का निर्देश दिया, ताकि उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
◆ मातृ शिशु सदन के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को एनेस्थीसिया विशेषज्ञ चिकित्सक की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रसव के समय विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त पर्याप्त एवं प्रशिक्षित सुरक्षा गार्डों की तैनाती, खराब एयर कंडीशनरों की मरम्मत तथा पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु नए वाटर टैंक आदि लगाने  का निर्देश दिया गया।
◆ अस्पताल परिसर की स्वच्छता व्यवस्था संतोषजनक नहीं पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने साफ-सफाई की व्यवस्था को सुदृढ़ करने, चिकित्सकों के लिए पृथक शौचालय की व्यवस्था करने तथा शौचालयों की नियमित सफाई हेतु जीविका समूह अथवा नगर परिषद के माध्यम से स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही अस्पताल भवन की रंगाई-पुताई कराने का भी निर्देश दिया गया।
◆ ओपीडी में मरीजों की सुविधा के लिए एयर कंडीशनर लगाने का निदेश दिया। अस्पताल में आवश्यक संसाधनों की सूची तैयार कर बिहार मेडिकल सर्विसेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर कॉरपोरेशन लिमिटेड (BMSICL) को भेजने का निर्देश दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि आवश्यक दवाओं की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए। यदि किसी दवा की आपूर्ति में विलंब हो अथवा वह उपलब्ध नहीं हो तो नियमानुसार बाजार से खरीद कर मरीजों को उपलब्ध कराया जाए।
◆ अल्ट्रासाउंड सेवा की समीक्षा के दौरान पाया गया कि सुविधा उपलब्ध होने के बावजूद अपेक्षाकृत कम मरीज इसका लाभ ले पा रहे हैं। इस पर जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को प्रशिक्षित चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित कर अधिकाधिक मरीजों को इस सुविधा का लाभ दिलाने का निर्देश दिया।
◆ अस्पताल में पदस्थापित 17 चिकित्सकों के कार्य विभाजन की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने चिकित्सकों का रोस्टर पुनर्निर्धारित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रातः 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक कम से कम 4 चिकित्सक, दोपहर 2 बजे से रात्रि 8 बजे तक 2 चिकित्सक तथा रात्रि 8 बजे से प्रातः 8 बजे तक 2 चिकित्सकों की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित की जाए।
◆ जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिया कि अस्पताल में पदस्थापित सभी चिकित्सकों का नाम, विशेषज्ञता एवं ड्यूटी समय स्पष्ट एवं बड़े अक्षरों में ओपीडी परिसर में प्रदर्शित किया जाए, ताकि मरीजों को आवश्यक जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सके।
◆ निरीक्षण के अंत में जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया कि निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का प्राथमिकता के आधार पर अनुपालन सुनिश्चित किया जाए तथा अनुपालन प्रतिवेदन उपलब्ध कराया जाए।
◆ निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी, सोनपुर, जिला कार्यक्रम प्रबंधक (स्वास्थ्य), प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, सोनपुर, बीएचएम, बीपीएम तथा विश्व स्वास्थ्य संगठन के एसएमओ सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
#subdivisionalhospital 
#sonepur
#inspection 
#DM 
#saran 
Bihar Health Department 
Information & Public Relations Department, Government of Bihar

◆◆ *जिलाधिकारी ने अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का किया औचक निरीक्षण* ◆ *मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने, एमएनसीयू को अविलंब क्रियाशील करने तथा अस्पताल में स्वच्छता एवं संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश* सारण (सोनपुर), 07 जून 2026: ◆ जिलाधिकारी सारण श्री वैभव श्रीवास्तव ने शनिवार देर संध्या में अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का विस्तृत निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं, उपलब्ध संसाधनों, स्वच्छता व्यवस्था एवं मरीजों को प्रदान की जा रही सुविधाओं की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल प्रबंधन को विभिन्न आवश्यक निर्देश दिए तथा सभी निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा। निरीक्षण के दौरान अस्पताल परिसर में स्थित सार्वजनिक शुलभ शौचालय अक्रियाशील पाया गया। इस पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए इसे अविलंब क्रियाशील करने का निर्देश दिया। ◆ मदर एंड न्यूबॉर्न केयर यूनिट (MNCU) का निरीक्षण करने पर पाया गया कि पर्याप्त संसाधन उपलब्ध होने के बावजूद जीएनएम एवं नर्सिंग कर्मियों की कमी के कारण इकाई पूर्ण रूप से संचालित नहीं हो रही है। जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक को निर्देश दिया कि योग्य जीएनएम एवं नर्सिंग स्टाफ की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करते हुए एमएनसीयू को 24×7 संचालित किया जाए। साथ ही उपलब्ध तीन शिशु रोग विशेषज्ञ चिकित्सकों की रोस्टर के आधार पर प्रतिनियुक्ति कर इकाई को प्रभावी रूप से क्रियाशील बनाया जाए। ◆ जिलाधिकारी ने विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के एसएमओ को अस्पताल में उपलब्ध सभी चिकित्सा एवं गैर-चिकित्सा उपकरणों का कार्यात्मक ऑडिट (Functionality Audit) करने का निर्देश दिया, ताकि उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जा सके। ◆ मातृ शिशु सदन के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को एनेस्थीसिया विशेषज्ञ चिकित्सक की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रसव के समय विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त पर्याप्त एवं प्रशिक्षित सुरक्षा गार्डों की तैनाती, खराब एयर कंडीशनरों की मरम्मत तथा पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु नए वाटर टैंक आदि लगाने का निर्देश दिया गया। ◆ अस्पताल परिसर की स्वच्छता व्यवस्था संतोषजनक नहीं पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने साफ-सफाई की व्यवस्था को सुदृढ़ करने, चिकित्सकों के लिए पृथक शौचालय की व्यवस्था करने तथा शौचालयों की नियमित सफाई हेतु जीविका समूह अथवा नगर परिषद के माध्यम से स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही अस्पताल भवन की रंगाई-पुताई कराने का भी निर्देश दिया गया। ◆ ओपीडी में मरीजों की सुविधा के लिए एयर कंडीशनर लगाने का निदेश दिया। अस्पताल में आवश्यक संसाधनों की सूची तैयार कर बिहार मेडिकल सर्विसेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर कॉरपोरेशन लिमिटेड (BMSICL) को भेजने का निर्देश दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि आवश्यक दवाओं की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए। यदि किसी दवा की आपूर्ति में विलंब हो अथवा वह उपलब्ध नहीं हो तो नियमानुसार बाजार से खरीद कर मरीजों को उपलब्ध कराया जाए। ◆ अल्ट्रासाउंड सेवा की समीक्षा के दौरान पाया गया कि सुविधा उपलब्ध होने के बावजूद अपेक्षाकृत कम मरीज इसका लाभ ले पा रहे हैं। इस पर जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को प्रशिक्षित चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित कर अधिकाधिक मरीजों को इस सुविधा का लाभ दिलाने का निर्देश दिया। ◆ अस्पताल में पदस्थापित 17 चिकित्सकों के कार्य विभाजन की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने चिकित्सकों का रोस्टर पुनर्निर्धारित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रातः 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक कम से कम 4 चिकित्सक, दोपहर 2 बजे से रात्रि 8 बजे तक 2 चिकित्सक तथा रात्रि 8 बजे से प्रातः 8 बजे तक 2 चिकित्सकों की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। ◆ जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिया कि अस्पताल में पदस्थापित सभी चिकित्सकों का नाम, विशेषज्ञता एवं ड्यूटी समय स्पष्ट एवं बड़े अक्षरों में ओपीडी परिसर में प्रदर्शित किया जाए, ताकि मरीजों को आवश्यक जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सके। ◆ निरीक्षण के अंत में जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया कि निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का प्राथमिकता के आधार पर अनुपालन सुनिश्चित किया जाए तथा अनुपालन प्रतिवेदन उपलब्ध कराया जाए। ◆ निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी, सोनपुर, जिला कार्यक्रम प्रबंधक (स्वास्थ्य), प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, सोनपुर, बीएचएम, बीपीएम तथा विश्व स्वास्थ्य संगठन के एसएमओ सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।◆◆ *जिलाधिकारी ने अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का किया औचक निरीक्षण* ◆ *मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने, एमएनसीयू को अविलंब क्रियाशील करने तथा अस्पताल में स्वच्छता एवं संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश* सारण (सोनपुर), 07 जून 2026: ◆ जिलाधिकारी सारण श्री वैभव श्रीवास्तव ने शनिवार देर संध्या में अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का विस्तृत निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं, उपलब्ध संसाधनों, स्वच्छता व्यवस्था एवं मरीजों को प्रदान की जा रही सुविधाओं की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल प्रबंधन को विभिन्न आवश्यक निर्देश दिए तथा सभी निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा। निरीक्षण के दौरान अस्पताल परिसर में स्थित सार्वजनिक शुलभ शौचालय अक्रियाशील पाया गया। इस पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए इसे अविलंब क्रियाशील करने का निर्देश दिया। ◆ मदर एंड न्यूबॉर्न केयर यूनिट (MNCU) का निरीक्षण करने पर पाया गया कि पर्याप्त संसाधन उपलब्ध होने के बावजूद जीएनएम एवं नर्सिंग कर्मियों की कमी के कारण इकाई पूर्ण रूप से संचालित नहीं हो रही है। जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक को निर्देश दिया कि योग्य जीएनएम एवं नर्सिंग स्टाफ की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करते हुए एमएनसीयू को 24×7 संचालित किया जाए। साथ ही उपलब्ध तीन शिशु रोग विशेषज्ञ चिकित्सकों की रोस्टर के आधार पर प्रतिनियुक्ति कर इकाई को प्रभावी रूप से क्रियाशील बनाया जाए। ◆ जिलाधिकारी ने विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के एसएमओ को अस्पताल में उपलब्ध सभी चिकित्सा एवं गैर-चिकित्सा उपकरणों का कार्यात्मक ऑडिट (Functionality Audit) करने का निर्देश दिया, ताकि उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जा सके। ◆ मातृ शिशु सदन के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को एनेस्थीसिया विशेषज्ञ चिकित्सक की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रसव के समय विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त पर्याप्त एवं प्रशिक्षित सुरक्षा गार्डों की तैनाती, खराब एयर कंडीशनरों की मरम्मत तथा पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु नए वाटर टैंक आदि लगाने का निर्देश दिया गया। ◆ अस्पताल परिसर की स्वच्छता व्यवस्था संतोषजनक नहीं पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने साफ-सफाई की व्यवस्था को सुदृढ़ करने, चिकित्सकों के लिए पृथक शौचालय की व्यवस्था करने तथा शौचालयों की नियमित सफाई हेतु जीविका समूह अथवा नगर परिषद के माध्यम से स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही अस्पताल भवन की रंगाई-पुताई कराने का भी निर्देश दिया गया। ◆ ओपीडी में मरीजों की सुविधा के लिए एयर कंडीशनर लगाने का निदेश दिया। अस्पताल में आवश्यक संसाधनों की सूची तैयार कर बिहार मेडिकल सर्विसेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर कॉरपोरेशन लिमिटेड (BMSICL) को भेजने का निर्देश दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि आवश्यक दवाओं की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए। यदि किसी दवा की आपूर्ति में विलंब हो अथवा वह उपलब्ध नहीं हो तो नियमानुसार बाजार से खरीद कर मरीजों को उपलब्ध कराया जाए। ◆ अल्ट्रासाउंड सेवा की समीक्षा के दौरान पाया गया कि सुविधा उपलब्ध होने के बावजूद अपेक्षाकृत कम मरीज इसका लाभ ले पा रहे हैं। इस पर जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन को प्रशिक्षित चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित कर अधिकाधिक मरीजों को इस सुविधा का लाभ दिलाने का निर्देश दिया। ◆ अस्पताल में पदस्थापित 17 चिकित्सकों के कार्य विभाजन की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने चिकित्सकों का रोस्टर पुनर्निर्धारित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रातः 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक कम से कम 4 चिकित्सक, दोपहर 2 बजे से रात्रि 8 बजे तक 2 चिकित्सक तथा रात्रि 8 बजे से प्रातः 8 बजे तक 2 चिकित्सकों की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। ◆ जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिया कि अस्पताल में पदस्थापित सभी चिकित्सकों का नाम, विशेषज्ञता एवं ड्यूटी समय स्पष्ट एवं बड़े अक्षरों में ओपीडी परिसर में प्रदर्शित किया जाए, ताकि मरीजों को आवश्यक जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सके। ◆ निरीक्षण के अंत में जिलाधिकारी ने सिविल सर्जन एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया कि निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का प्राथमिकता के आधार पर अनुपालन सुनिश्चित किया जाए तथा अनुपालन प्रतिवेदन उपलब्ध कराया जाए। ◆ निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी, सोनपुर, जिला कार्यक्रम प्रबंधक (स्वास्थ्य), प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, सोनपुर, बीएचएम, बीपीएम तथा विश्व स्वास्थ्य संगठन के एसएमओ सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे। #subdivisionalhospital #sonepur #inspection #DM #saran Bihar Health Department Information & Public Relations Department, Government of Bihar

Saharsa, Bihar | Jun 7, 2026

◆◆ *जिलाधिकारी ने अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का किया औचक निरीक्षण*
◆ *मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने, एमएनसीयू को अविलंब क्रियाशील करने तथा अस्पताल में स्वच्छता एवं संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश*
#subdivisionalhospital 
#sonepur
#inspection 
#DM 
#saran 
Bihar Health Department  
Information & Public Relations Department, Government of Bihar

◆◆ *जिलाधिकारी ने अनुमंडलीय अस्पताल, सोनपुर का किया औचक निरीक्षण* ◆ *मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने, एमएनसीयू को अविलंब क्रियाशील करने तथा अस्पताल में स्वच्छता एवं संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश* #subdivisionalhospital #sonepur #inspection #DM #saran Bihar Health Department Information & Public Relations Department, Government of Bihar

Saharsa, Bihar | Jun 7, 2026