अग्नि सुरक्षा में लापरवाही पर हरदोई में सख्ती, होटल समेत पांच प्रतिष्ठान सील
हरदोई में सुरक्षा नियमों का पालन न करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। बुधवार को प्रशासनिक अधिकारियों की संयुक्त टीम ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में संचालित एक होटल और चार शैक्षणिक संस्थानों पर कार्रवाई करते हुए उन्हें सील कर दिया। साथ ही इन सभी परिसरों की विद्युत आपूर्ति भी तत्काल प्रभाव से बंद करा दी गई।बताया गया कि हाल ही में प्रदेश की राजधानी में हुई अग्निकांड की घटना के बाद प्रशासन ने जिले में संचालित ऐसे संस्थानों की जांच शुरू की थी, जहां बड़ी संख्या में लोग प्रतिदिन आते-जाते हैं। इसी क्रम में अग्निशमन विभाग द्वारा किए गए निरीक्षण में कई गंभीर खामियां सामने आईं, जिसके आधार पर यह कार्रवाई की गई।जिन प्रतिष्ठानों पर प्रशासन का शिकंजा कसा गया उनमें शहर के डीएम चौराहा क्षेत्र स्थित एसएस लाइब्रेरी और फर्थरेंस लाइब्रेरी, पिहानी चुंगी क्षेत्र की महादेव लाइब्रेरी, जिंदपीर चौराहे के पास संचालित विशाल कंप्यूटर इंस्टीट्यूट तथा रेलवेगंज क्षेत्र का होटल दीप शामिल हैं।
आवासीय भवनों में व्यावसायिक गतिविधियां चला रहे थे
जांच के दौरान पाया गया कि लाइब्रेरी और कोचिंग से जुड़े अधिकांश संस्थान बेसमेंट में संचालित किए जा रहे थे, जबकि वहां आवश्यक सुरक्षा व्यवस्थाएं मौजूद नहीं थीं। कुछ संस्थान आवासीय भवनों में व्यावसायिक गतिविधियां चला रहे थे, जिसके लिए आवश्यक अनुमति और मानक पूरे नहीं किए गए थे। निरीक्षण में यह भी सामने आया कि कई स्थानों पर आपातकालीन निकास मार्ग नहीं था और आग लगने की स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त उपकरण भी उपलब्ध नहीं थे।मंगलवार को अग्निशमन विभाग की टीम ने इन प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया था। रिपोर्ट में सुरक्षा संबंधी गंभीर कमियों का उल्लेख किया गया, जिसके बाद जिला प्रशासन ने अगले ही दिन कार्रवाई का निर्णय लिया। कार्रवाई के दौरान संस्थानों को सील करने के साथ-साथ उनके बिजली कनेक्शन भी काट दिए गए ताकि बिना अनुमति संचालन दोबारा शुरू न हो सके।इस अभियान का नेतृत्व सिटी मजिस्ट्रेट और एसडीएम सदर ने किया। उनके साथ पुलिस, नगर पालिका, अग्निशमन विभाग और विद्युत विभाग के अधिकारी भी मौजूद रहे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जनसुरक्षा से जुड़े नियमों की अनदेखी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।अधिकारियों ने चेतावनी दी कि भविष्य में भी ऐसे संस्थानों के विरुद्ध जांच और कार्रवाई का अभियान लगातार जारी रहेगा, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना से लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
Hardoi, Hardoi | Jun 24, 2026