केदारनाथ पैदल मार्ग पर भारी भूस्खलन, रोक दी गई यात्रा, रुद्रप्रयाग में बारिश का कहर! सिरोबगड़ में पहाड़ से बरस रहे बोल्डर, बनतोली में झुका पुल, धाम में भारी बारिश के बीच श्रद्धालुओं की दर्शन के लिए कतार, बदरीनाथ हाईवे और मद्महेश्वर पैदल मार्ग पर बढ़ा खतरा…
रुद्रप्रयाग। मौसम विभाग की चेतावनी के बीच रुद्रप्रयाग जिले में शनिवार से जारी बारिश ने यात्रा मार्गों पर मुश्किलें बढ़ा दी हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए केदारनाथ यात्रा रविवार के लिए स्थगित कर दी गई है, जबकि पहले से धाम पहुंच चुके श्रद्धालु भारी बारिश के बीच कतार में खड़े होकर बाबा केदार के दर्शन कर रहे हैं। दूसरी ओर बदरीनाथ हाईवे पर सिरोबगड़ एक बार फिर चुनौती बनकर सामने आया है।
पहाड़ी से लगातार बोल्डर और मलबा गिरने से सड़क पर खतरा मंडरा रहा है। वहीं मद्महेश्वर यात्रा मार्ग के बनतोली में लकड़ी का पुल एक ओर तिरछा हो गया है, जिससे आवाजाही करने वालों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
सिरोबगड़ में पहाड़ से बरस रहे बोल्डर-मलबे
राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-107 पर सिरोबगड़ के समीप रविवार सुबह पहाड़ी से लगातार मलबा और पत्थर गिरने की सूचना मिली। राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग के सहायक अभियंता ने सुबह करीब 7:14 बजे इसकी जानकारी दी। स्थिति को देखते हुए मौके पर जेसीबी तैनात कर दी गई है, लेकिन पहाड़ी से लगातार मलबा और पत्थर गिरने के कारण फिलहाल सड़क से मलबा हटाने का काम शुरू नहीं किया गया है।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार के अनुसार, पत्थर और मलबा गिरना बंद होने तथा स्थिति सामान्य होने के बाद ही जेसीबी से सड़क की सफाई शुरू की जाएगी। फिलहाल सुरक्षा के मद्देनजर मौके की निगरानी की जा रही है।
बनतोली में झुका लकड़ी का पुल, टूटने का खतरा
उधर, मद्महेश्वर यात्रा मार्ग के बनतोली में लकड़ी का पुल एक ओर तिरछा हो गया है। गोंडार निवासी बलवीर सिंह पंवार ने रविवार सुबह करीब 8:10 बजे इसकी सूचना दी। उनके अनुसार पुल एक ओर झुक गया है और उसकी स्थिति असुरक्षित बनी हुई है।
पुल की मौजूदा स्थिति को देखते हुए इसके क्षतिग्रस्त होकर अचानक टूटने की आशंका जताई जा रही है। ऐसे में पुल से आवाजाही करने वाले यात्रियों और स्थानीय लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। समय रहते सुरक्षा संबंधी कदम नहीं उठाए गए तो संभावित दुर्घटना का खतरा बना रह सकता है।
स्थानीय लोगों ने संबंधित विभाग से तत्काल मौके का निरीक्षण, पुल की वास्तविक स्थिति का तकनीकी आकलन और आवश्यकता पड़ने पर आवाजाही को नियंत्रित करने की मांग की है। साथ ही पुल को सुरक्षित करने के लिए तत्काल आवश्यक कार्रवाई किए जाने की अपेक्षा की गई है।
एक ओर सिरोबगड़ में पहाड़ से गिरते बोल्डर और मलबे ने हाईवे की राह मुश्किल कर दी है, तो दूसरी ओर बनतोली में झुका लकड़ी का पुल यात्रियों की सुरक्षा पर सवाल खड़ा कर रहा है। बारिश के बीच दोनों स्थानों पर एहतियात और त्वरित कार्रवाई बेहद अहम हो गई है।