#SuccessStory
जब बारिश ने छीन ली मेहनत की फसल, तब प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना बनी किसान सोनेराम का संबल
किसान की सबसे बड़ी पूंजी उसकी फसल होती है। पूरे वर्ष की मेहनत, उम्मीदें और परिवार का भविष्य उसी से जुड़ा होता है। लेकिन जब प्रकृति का प्रकोप मेहनत पर भारी पड़ जाए, तब किसान के सामने सबसे बड़ा संकट खड़ा हो जाता है। मुरैना जिले के किसान श्री सोनेराम धाकड़ के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ।
वर्ष 2025-26 में हुई अत्यधिक वर्षा और खेतों में जलभराव ने उनकी बाजरे की पूरी फसल नष्ट कर दी। देखते ही देखते महीनों की मेहनत पानी में बह गई। आर्थिक नुकसान इतना बड़ा था कि अगली फसल की तैयारी भी मुश्किल लगने लगी। ऐसे कठिन समय में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना ने उनके जीवन में उम्मीद की नई किरण जगाई।
श्री सोनेराम ने समय रहते अपनी फसल का बीमा कराया था। फसल खराब होने के बाद उन्हें योजना के अंतर्गत 91 हजार रुपये की दावा राशि प्राप्त हुई। यह राशि केवल आर्थिक सहायता नहीं थी, बल्कि टूटते हुए आत्मविश्वास को संभालने वाला सहारा भी बनी। इस मदद से उन्होंने खेती के कार्य दोबारा शुरू किए और नए उत्साह के साथ अगली फसल की तैयारी में जुट गए।
भावुक होते हुए श्री सोनेराम कहते हैं, "यदि मैंने फसल बीमा नहीं कराया होता, तो इस नुकसान से उबरना बेहद कठिन होता। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना ने संकट की घड़ी में मेरा साथ दिया। मैं सभी किसान भाइयों-बहनों से आग्रह करता हूं कि समय पर अपनी फसल का बीमा अवश्य कराएं। यह प्राकृतिक आपदा के समय सबसे बड़ा सुरक्षा कवच बनता है।"
प्राकृतिक आपदाओं पर किसी का नियंत्रण नहीं होता, लेकिन उनसे होने वाले आर्थिक नुकसान की भरपाई के लिए समय पर फसल बीमा कराना हर किसान के लिए एक समझदारी भरा कदम है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना किसानों को कठिन परिस्थितियों में आर्थिक सुरक्षा प्रदान कर खेती को निरंतर बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
फसल बीमा कराएं, अपनी मेहनत और भविष्य को सुरक्षित बनाएं।
अधिक जानकारी के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं अथवा हेल्पलाइन नंबर 14447 पर संपर्क करें। किसान 7065514447 व्हाट्सएप चैटबॉट के माध्यम से भी योजना एवं कृषि संबंधी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। इसके अलावा क्रॉप इंश्योरेंस ऐप के माध्यम से भी आसानी से फसल बीमा कराया जा सकता है।
-
#JansamparkMP #morena2026 #Morena #MadhyaPradesh #PMFasalBimaYojana Department of Agriculture, Madhya Pradesh