दिनांक-19.09.2026
जिला जन-संपर्क कार्यालय, शिवहर
जिले के किसानों को कृषि विभाग की वर्तमान योजनाओं और नवीनतम कृषि तकनीकों से जोड़ने के उद्देश्य से, 19 सितंबर 2026 को संयुक्त कृषि भवन, शिवहर में आत्मा (ATMA) के तत्वावधान में 'किसान-वैज्ञानिक मिलन कार्यक्रम' का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में जिले के सभी पांच प्रखंडों— शिवहर, डुमरी कटसरी, पिपराही, पुरनहिया एवं तरियानी— से आए 100 प्रगतिशील किसानों ने भाग लिया।
कार्यक्रम में कृषि विज्ञान केंद्र (KVK) के वैज्ञानिकों ने किसानों को जलवायु अनुकूल खेती, उन्नत बीजों के चयन, समेकित कीट प्रबंधन (IPM) और मृदा स्वास्थ्य कार्ड के अनुसार उर्वरक प्रयोग की तकनीकी जानकारी दी। इस दौरान वैज्ञानिकों ने किसानों द्वारा पूछी गई फसल संबंधी विभिन्न समस्याओं का मौके पर ही वैज्ञानिक समाधान किया।
विभिन्न कृषि योजनाओं की जानकारी देते हुए जिला कृषि पदाधिकारी (DAO) ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, बीज अनुदान योजना, जैविक खेती प्रोत्साहन और कृषि यंत्रीकरण योजना के बारे में विस्तार से बताया। वहीं, उप निदेशक कृषि अभियंत्रण (DDAE) ने आधुनिक खेती पर जोर देते हुए कहा कि किसान हैप्पी सीडर, जीरो टिलेज, थ्रेसर और पावर टिलर जैसे कृषि यंत्रों पर 50 से 80 प्रतिशत तक का सरकारी अनुदान प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए डीबीटी (DBT) पोर्टल पर आवेदन की प्रक्रिया भी समझाई गई।
मिट्टी की गुणवत्ता पर चर्चा करते हुए सहायक निदेशक रसायन (ADC) ने मिट्टी जांच के महत्व और संतुलित उर्वरक के उपयोग पर बल दिया, साथ ही नकली खाद और बीज की पहचान करने के व्यावहारिक तरीके भी साझा किए। किसानों को व्यावसायिक खेती की ओर मोड़ने के लिए उप परियोजना निदेशक आत्मा (Dy. PD ATMA) ने कृषक उत्पादक संगठन (FPO) से जुड़ने के फायदे बताए। उन्होंने आत्मा योजना के तहत संचालित होने वाले प्रशिक्षण, परिभ्रमण, किसान गोष्ठी और किसान पुरस्कार योजना की विस्तृत जानकारी दी।
कार्यक्रम के अंतिम सत्र में किसानों ने अधिकारियों के साथ अपने अनुभव साझा किए और इस ज्ञानवर्धक पहल के लिए कृषि विभाग का धन्यवाद किया। इस अवसर पर कृषि समन्वयक, किसान सलाहकार और आत्मा के अन्य कर्मी भी प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
Sheohar, Bihar | Sep 19, 2026