जमुई में आंगनबाड़ी सुपरवाइजर बनकर की साइबर ठगी, नवजात के इलाज हेतु रखे ₹ 26000 उड़ाए || Jamui Hunt Media
• Report : Ravi Ranjan || खैरा थाना क्षेत्र के धर्मपुर गांव में साइबर ठगों ने सरकारी योजना का झांसा देकर एक प्रसूता के खाते से 26,498 रुपये उड़ा लिए। पीड़िता नेहा कुमारी ने यह रकम अपने प्रसव और नवजात के इलाज के लिए बचाकर रखी थी। फिलहाल मां और बच्चा दोनों निजी क्लिनिक में भर्ती हैं।
नेहा कुमारी ने सदर थाना में दिए आवेदन में बताया कि 16 जून 2026 की शाम 6:25 बजे उनके मोबाइल पर एक कॉल आया। कॉलर ने खुद को आंगनबाड़ी सुपरवाइजर बताते हुए कहा कि जीविका योजना के तहत पैसा मिलेगा, जिसके लिए ऑनलाइन वेरिफिकेशन जरूरी है। वेरिफिकेशन के नाम पर ठग ने फोन में एक कोड दबाने को कहा। कोड डालते ही उनके पीएनबी खाते से पहले 24,098 रुपये और फिर 2,400 रुपये कट गए। कुल 26,498 रुपये UPI ID 288102866878 और खाता संख्या 26458100003212 में ट्रांसफर हो गए।
पीड़िता ने बताया कि प्रसव के दौरान जटिलता होने से उनका नवजात NICU में भर्ती है। “खाते में जमा एक-एक रुपया बच्चे के इलाज के लिए बचाया था। अब मेरे पास इलाज के लिए कुछ नहीं बचा। मैं और मेरा बच्चा दोनों खतरे में हैं,” नेहा ने रोते हुए कहा। इधर, सदर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
Jamui, Jamui | Jun 24, 2026