आज सचिवालय में वन विभाग की बैठक की अध्यक्षता की।
वन अधिकार अधिनियम (एफआरए), 2006 के प्रावधानों के तहत तथा हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप, वन संरक्षण अधिनियम (एफसीए), 1980 की स्वीकृति के बिना निर्मित 2183 सड़कों के लिए भू-डायवर्जन (वन भूमि हस्तांतरण) की एक व्यापक योजना तैयार करने के निर्देश दिए।
राज्य सरकार ग्रामीण संपर्क अवसंरचना को सुदृढ़ करने तथा दूर-दराज के क्षेत्रों तक बेहतर पहुँच सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। ये सड़कें विशेष रूप से राज्य के आपदा संभावित क्षेत्रों में आपातकालीन प्रतिक्रिया के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।
बैठक में ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह जी, मुख्य सचिव के.के. पंत जी, महाधिवक्ता अनूप रतन जी, विशेष सचिव (वन) विजय कुमार जी एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। #himachalpradesh #post #hilight
Chamba, Chamba | Jun 21, 2026