*डायट प्राचार्य ने मऊ ब्लॉक के 9 विद्यालयों का किया औचक निरीक्षण, बच्चों को पढ़ाया और मध्याह्न भोजन की परखी गुणवत्ता*
आज दिनांक 22 अगस्त 2026 को प्राचार्य डायट द्वारा जनपद चित्रकूट के मऊ ब्लॉक के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय, मानिकपुर सहित कुल 09 परिषदीय विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरान अधिकांश विद्यालयों में सत्रीय परीक्षाएं संचालित पाई गईं तथा शिक्षकों की उपस्थिति शत-प्रतिशत रही।
निरीक्षण की शुरुआत सुबह 09:00 बजे कम्पोजिट विद्यालय जोरवारा, मऊ से हुई। यहाँ छात्र उपस्थिति एवं नामांकन संतोषजनक मिला। हालांकि, विद्यालय परिसर में पड़े ध्वस्त भवन के मलबे और ऊपर से गुजर रहे 11000 वोल्ट के विद्युत तार को हटाने के लिए यथोचित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इसके उपरांत, उच्च प्राथमिक विद्यालय ललतारोड़ में 95 के सापेक्ष 73 छात्र उपस्थित मिले। वहीं, उच्च प्राथमिक विद्यालय हटवा मऊ में 110 में से 80 बच्चे उपस्थित पाए गए। यहाँ प्राचार्य ने स्वयं बच्चों के साथ बैठकर मध्याह्न भोजन ग्रहण किया और मीनू के अनुसार बने सब्जी युक्त दाल-चावल को गुणवत्तापूर्ण व स्वच्छतापूर्ण पाया। प्राथमिक विद्यालय हटवा के निरीक्षण में 135 के सापेक्ष 104 छात्र मौजूद मिले। यहाँ बच्चों को खाना खाने की पर्याप्त व्यवस्था न होने के कारण इंटरलॉकिंग कराने के कड़े निर्देश दिए गए।
दोपहर के समय निरीक्षण अभियान आगे बढ़ाते हुए प्राचार्य ने इंग्लिश मीडियम छिवलहा का जायजा लिया, जहाँ 191 के सापेक्ष 163 छात्र उपस्थित मिले और पठन-पाठन सुचारू पाया गया। उच्च प्राथमिक विद्यालय छिवलहा में 31 में से 22 छात्र उपस्थित थे, जहाँ प्राचार्य ने स्वयं अध्ययनरत बच्चों की कक्षा में जाकर शिक्षण कार्य किया। इसी प्रकार, प्राथमिक विद्यालय छिवलहा भाग 2 में 52 के सापेक्ष 45 बच्चे मिले। यहाँ भी प्राचार्य ने कक्षा में जाकर पढ़ाया तथा विद्यालय में अवस्थित शौचालयों की साफ-सफाई सुनिश्चित कराने हेतु प्रधानाध्यापक को निर्देशित किया। कन्या उच्च प्राथमिक विद्यालय छिवलहा में 51 के सापेक्ष 42 छात्राएं मौजूद मिलीं और पठन-पाठन संतोषजनक पाया गया।
निरीक्षण के अंतिम चरण में दोपहर 02:15 बजे से कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय, मऊ का सघन निरीक्षण किया गया। यहाँ 180 के सापेक्ष 162 छात्राएं और शत-प्रतिशत शिक्षिकाएं उपस्थित पाई गईं। विद्यालय में पठन-पाठन अत्यंत सुव्यवस्थित और गुणवत्तापूर्ण मिला। प्राचार्य ने छात्राओं को सामूहिक रूप से संबोधित करते हुए उन्हें पठन-पाठन हेतु प्रेरित किया और भोजन ग्रहण कर एमडीएम की गुणवत्ता की भी जाँच की। विद्यालय की टूटी हुई चहारदीवारी के शीघ्र मरम्मत कार्य कराए जाने के निर्देश भी दिए गए हैं।