चित्रकूट में पांच दिवसीय दीपावली मेला शुरू, भगवान कामतानाथ के दर्शन को उमड़ने लगे श्रद्धालु
आकर्षक विद्युत साज-सज्जा से जगमगाया चित्रकूट, मंदाकिनी नदी में सुरक्षित स्नान के लिए बनाए गए स्नान कुंड
श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा एवं सुगम आवागमन के लिए प्रशासन की व्यापक तैयारियां
एनडीआरएफ, एसडीईआरएफ एवं होमगार्ड के जवान संभालेंगे मोर्चा
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सतना 06 नवम्बर 2026/#सतना जिले के प्रसिद्ध धार्मिक एवं पर्यटन नगरी चित्रकूट में पांच दिवसीय दीपावली अमावस्या मेला का शुभारंभ शुक्रवार को धनतेरस के अवसर पर हो गया। भगवान श्री कामतानाथ के दर्शन एवं पवित्र मंदाकिनी नदी में स्नान के लिए देश के विभिन्न हिस्सों से श्रद्धालुओं के चित्रकूट पहुंचने का क्रम प्रारंभ हो गया है। मेले को लेकर संपूर्ण चित्रकूट नगरी को आकर्षक विद्युत साज-सज्जा, रोशनी एवं विभिन्न व्यवस्थाओं से सजाया गया है। प्रमुख प्रवेश द्वारों, चौक-चौराहों एवं मंदिर मार्गों पर की गई आकर्षक सजावट से चित्रकूट का वातावरण भक्तिमय एवं मनमोहक नजर आ रहा है। जिला प्रशासन सतना द्वारा मेले में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा, स्वच्छता, पेयजल, स्वास्थ्य, यातायात एवं सुगम दर्शन व्यवस्था के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस के निर्देशन में विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मेला क्षेत्र में तैनात रहकर व्यवस्थाओं की सतत निगरानी कर रहे हैं। जिला प्रशासन एवं अनुभाग स्तर के अधिकारियों की सक्रियता से मेला क्षेत्र में व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया गया है।
मंदाकिनी नदी में सुरक्षित स्नान के लिए विशेष व्यवस्था
मेले में श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए मंदाकिनी नदी के घाटों पर सुरक्षित स्नान की व्यवस्था की गई है। नदी में श्रद्धालुओं के लिए निर्धारित स्नान कुंड फ्लोटिंग के माध्यम से तैयार किए गए हैं, ताकि श्रद्धालु सुरक्षित रूप से स्नान कर सकें। भरत घाट, राघव प्रयाग घाट सहित अन्य प्रमुख घाटों पर आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। घाटों पर आपदा प्रबंधन एवं बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ के 30 सदस्य, एसडीईआरएफ के 40 सदस्य तथा होमगार्ड के 80 जवानों की तैनाती की गई है। इनकी ड्यूटी 6 नवंबर को दोपहर 2 बजे से प्रारंभ की गई है। आपदा प्रबंधन दलों को सात आईआरबी बोट, सात ओबीएम, 60 लाइफ जैकेट, 75 लाइफ बॉय, पांच लाउड हेलर, छह हैवी टॉर्च, 10 लाइट टॉर्च एवं एक आस्का लाइट सहित आवश्यक बचाव उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं। प्रशिक्षित बचाव दल नदी के घाटों पर लगातार निगरानी रखेंगे तथा किसी भी आपात स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित करेंगे।
कलेक्टर ने जोन प्रभारियों को चेकलिस्ट के अनुसार व्यवस्थाएं जांचने के दिए निर्देश
कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस ने दीपावली मेला के सभी जोन प्रभारियों, एसडीएम एवं तहसीलदारों को निर्धारित चेकलिस्ट के अनुसार अपने-अपने क्षेत्रों की व्यवस्थाओं का बारीकी से निरीक्षण कर पूर्णता सुनिश्चित करने तथा रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। चेकलिस्ट में प्रशासन एवं पुलिस बल की उपस्थिति, बैरिकेडिंग एवं स्टॉपर, विद्युत सुरक्षा, स्वास्थ्य दल एवं एंबुलेंस, अग्निशमन उपकरण, एसडीईआरएफ एवं होमगार्ड की तैनाती, पेयजल आपूर्ति, संकेतक एवं सूचना बोर्ड, स्वच्छता दल तथा स्थानीय कंट्रोल रूम की व्यवस्थाओं को शामिल किया गया है। इसके अलावा खोया-पाया केंद्र, उद्घोषणा प्रणाली, संचार व्यवस्था, सुरक्षा रस्सियां, प्रकाश व्यवस्था, ऑटो एवं नाव संचालन तथा निर्धारित किराया सूची की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं। अधिकारियों को सभी व्यवस्थाओं का भौतिक सत्यापन कर किसी भी कमी को तत्काल दूर करने के लिए कहा गया है।
पेयजल, स्वच्छता एवं आश्रय स्थलों पर विशेष ध्यान
श्रद्धालुओं को पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न स्थानों पर पानी के टैंकर एवं पानी की टंकियां स्थापित की गई हैं। राजौला बस स्टैंड में पेयजल के लिए टैंकर के साथ तीन पानी की टंकियां लगाई गई हैं। सती अनुसुइया मोड़ पर दो पानी के टैंकर उपलब्ध कराए गए हैं। अन्य प्रमुख स्थानों पर भी टैंकरों के माध्यम से पानी की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। प्रमोद वन आश्रय स्थल सहित विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। हनुमान धारा क्षेत्र में भी अधिकारियों एवं कर्मचारियों की टीम तैनात रहकर व्यवस्थाओं का जायजा ले रही है। मेला क्षेत्र में स्वच्छता बनाए रखने के लिए नगर निगम की विशेष स्वच्छता टीम तैयार की गई है। प्रमुख प्रवेश द्वार पर सफाई अभियान चलाकर नारियल के छिलकों एवं अन्य अपशिष्ट सामग्री के ढेर हटवाए जा रहे हैं। प्रमुख मंदिर मार्गों, घाटों, पार्किंग स्थलों एवं अन्य सार्वजनिक स्थानों पर नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित की जा रही है।
मेला कंट्रोल रूम से होगी व्यवस्थाओं की निगरानी
श्रद्धालुओं की सहायता एवं त्वरित सूचना आदान-प्रदान के लिए मेला कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। यहां से विभिन्न जोन की व्यवस्थाओं, सुरक्षा, यातायात एवं अन्य आवश्यक गतिविधियों पर निगरानी रखी जाएगी। खोया-पाया केंद्र एवं उद्घोषणा प्रणाली के माध्यम से श्रद्धालुओं को आवश्यक सूचनाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। कलेक्टर डॉ. सतीश कुमार एस और पुलिस अधीक्षक ने चित्रकूट विकास प्राधिकरण के कार्यालय में बनाये गये सीसीटीवी कैमरा कन्ट्रोल रूम और प्रथम मुखार बिन्द में बनये गये मेला कन्ट्रोल रूम का निरीक्षण कर व्यवस्थायें देंखी।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं सुविधाओं के लिए मुस्तैद जिला प्रशासन
चित्रकूट दीपावली मेले में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम आवागमन, स्वच्छता एवं जनसुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सतना जिला प्रशासन एवं चित्रकूट स्थानीय प्रशासन की टीम पूरी मुस्तैदी से जुटी है। प्रशासनिक अमले की सहज पहचान के लिए कलेक्टर से लेकर मैदानी कर्मचारियों तक सभी यूनिक ड्रेस में नजर आ रहे हैं।
*चित्रकूट दीपावली मेला में धनतेरस की शाम रोशनी से जगमगाई धर्मनगरी चित्रकूट*
सतना जिले के चित्रकूट में पांच दिवसीय दीपावली मेले की शुरूआत धनतेरस हो गई है। बडी संख्या में श्रद्धालुओं और तीर्थ यात्रियो ने शुक्रवार को चित्रकूट पहुंचकर भगतवान कामतानाथ के दर्शन और प्रदक्षिणा की और दीपदान भी किया। चित्रकूट दीपावली मेला के अवसर पर पूरी धर्मनगरी चित्रकूट को आकर्षक लाइट की रोशनी से चौक-चौराहों और मंदाकिनी तट विभिन्न धार्मिक स्थलों को जगमगाया गया है। मंदाकिनी तट के भरत घाट पर आकर्षक साज-सज्जायुक्त मंडप में मां मंदाकिनी की प्रतिमा स्थापित की गई है और धनतेरस से ही भव्य गंगा आरती का आयोजन किया गया।
CM Madhya Pradesh
Dr Mohan Yadav
#JansamparkMP
2 views | Satna, Madhya Pradesh | Nov 6, 2026