दशहरा महोत्सव के तीसरे दिन गांधी मैदान में भक्ति, संगीत एवं लोक नृत्य का कलात्मक संगम
गांधी मैदान में आयोजित दशहरा महोत्सव के तीसरे दिन भक्ति, सूफियाना प्रेम और बिहार की समृद्ध लोक-संस्कृति के विविध रंग बिखरे। सुर, लय, ताल और भावपूर्ण प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
अमृता सिन्हा की सुमधुर गणेश वंदना एवं भक्ति गीतों ने सांस्कृतिक संध्या को मंगलमय शुरुआत दी। वहीं, निशिता झा की भावपूर्ण देवी स्तुति ‘जय जय भैरवी, असुर भयावनी’ ने श्रद्धा और शक्ति उपासना के भावों से वातावरण को भक्तिमय बना दिया। महान सूफी कवि अमीर खुसरो की कालजयी रचना ‘छाप तिलक सब छीनी रे, मोसे नैना मिलाइके’ ने प्रेम, समर्पण और सूफियाना संगीत की अनूठी छटा बिखेरी। पूर्व डी जी पी आलोक राज, इंडियन आइडल फेम सौम्या मिश्रा एवं रीतिका राज ने भी अपने प्रस्तुतियों से कार्यक्रम को एक ऊंचाई प्रदान किया.साथ ही राधा सिन्हा सांस्कृतिक सामाजिक सेवा संस्थान के कलाकारों के भावपूर्ण नृत्य ने बिहार की लोक संस्कृति को जीवंत कर दिया
Art, Culture and Youth Department, Government of Bihar
1 views | Patna, Bihar | Oct 14, 2026