रजेरा में बारिश का कहर, देखते ही देखते बह गई 20 से अधिक भेड़ बकरीयां
बारिश का कहर: उफनते गढ़ नाला में बहीं 20 भेड़-बकरियां, पशुपालकों को भारी नुकसान
रजेरा पंचायत में अचानक बढ़ा जलस्तर, मलबे में दबा पशुधन; प्रभावित परिवारों ने मांगी राहत
चंबा, वीरवार। जिले में वीरवार को हुई मूसलाधार बारिश कई लोगों के लिए आफत बनकर आई। लगातार हुई वर्षा के कारण नदी-नालों और खड्डों का जलस्तर अचानक बढ़ गया, जिससे कई क्षेत्रों में जनजीवन प्रभावित हुआ। इसी बीच ग्राम पंचायत रजेरा के गढ़ नाला में तेज बहाव और मलबा आने से पशुपालकों को भारी नुकसान उठाना पड़ा।
जानकारी के अनुसार गढ़ नाला में अचानक जलस्तर बढ़ने के साथ पहाड़ियों से भारी मात्रा में मलबा आ गया। इस दौरान नाले के समीप चर रही करीब 20 भेड़-बकरियां तेज बहाव की चपेट में आकर बह गईं और मलबे में दब गईं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बारिश के बाद कुछ ही मिनटों में नाले का जलस्तर खतरनाक स्तर तक पहुंच गया, जिससे पशुओं को सुरक्षित स्थान पर ले जाने का मौका नहीं मिल सका।
घटना के बाद प्रभावित पशुपालकों में मायूसी का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पशुधन ही उनकी आजीविका का मुख्य साधन है और इस नुकसान से परिवारों को बड़ा आर्थिक झटका लगा है। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से प्रभावित परिवारों को उचित मुआवजा प्रदान करने की मांग की है।
उधर, जिले के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश के कारण भूस्खलन और जलभराव की घटनाएं भी सामने आई हैं। प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान नदी-नालों और संवेदनशील क्षेत्रों से दूर रहने तथा सतर्कता बरतने की अपील की है।