स्वतंत्रता दिवस के पूर्व संध्या पर प्रेक्षागृह में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा ज्ञान भारतम मिशन परियोजना के तहत प्राचीन पांडुलिपियों के संरक्षकों और सर्वेक्षण अभियान में लगे दल के सभी सदस्यों को शिक्षा मंत्री सह जिला प्रभारी मंत्री मिथिलेश कुमार तिवारी ने सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया।
विदित हो कि ज्ञान भारतम मिशन परियोजना केंद्र सरकार की एक अति विशिष्ट कार्यक्रम है जिसमें अखिल भारतीय स्तर पर प्राचीन पांडुलिपियों का संरक्षण का कार्य किया जा रहा है। देश भर में राष्ट्रीय स्तर पर अबतक एक करोड़ से अधिक पांडुलिपि का संरक्षण हो चुका और यह संख्या प्रतिदिन बढ़ भी रही है।
सहरसा जिले में ज़िलाधिकारी दीपेश कुमार के निर्देशन में सर्वेक्षण दल कला एवं संस्कृति अधिकारी स्नेहा झा के नेतृत्व और जिले के बौद्धिक और संस्कृति कर्मियों के समन्वय से चार हजार से अधिक पांडुलिपि का संरक्षण किया गया और भारत सरकार के आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड भी किया जा चुका है।
ज्ञान भारतम मिशन परियोजना को सफल बनाने में प्राचीन और दुर्लभ पांडुलिपि के संग्रहकर्ता और खोजकर्ता को विशेष रूप से सम्मानित कला एवं संस्कृति विभाग, बिहार सरकार और सहरसा जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में शिक्षा मंत्री सह प्रभारी मंत्री मिथिलेश कुमार तिवारी के गरिमामयी उपस्थिति में सम्पन्न हुआ।
पांडुलिपि संग्रहकर्ताओं में कहरा गांव से अभय कांत ठाकुर, पंडित रमेश मिश्र, पंचगछीया से ज्ञान शंकर झा, एकाढ से बिमल कांत झा, मुरादपुर से विवेकानंद झा, पडरी से विभाकर झा, महिषी से जवाहर ठाकुर, डॉ आनन्द दत्त झा, तीर्थ दत्त झा, राकेश कुमार चौधरी, अविनाश कुमार चौधरी, उषा चौधरी, मनोज कुमार झा, सहित कुल 22 लोगों को सम्मानित किया गया।
8 views | Samastipur, Bihar | Aug 17, 2026