सूखा नशा के खिलाफ आवाज उठाने वाले मो. जफ्फी की मौत, आक्रोशित परिजनों ने गड़हनी बाजार में किया सड़क जाम
आरा। भोजपुर जिले के गड़हनी वार्ड नंबर-4 में सूखा नशा और कथित हेरोइन कारोबार के खिलाफ आवाज उठाने वाले 48 वर्षीय मो. जफ्फी की गोली लगने के बाद इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजनों और स्थानीय लोगों का आक्रोश भड़क उठा।
मौत के बाद परिजनों ने आरा-सासाराम मुख्य मार्ग पर गड़हनी बाजार के पास सड़क जाम कर दिया। इस दौरान सड़क पर टायर जलाकर जमकर विरोध-प्रदर्शन किया गया। आक्रोशित लोगों ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर काफी देर तक हंगामा किया। सड़क जाम होने से मुख्य मार्ग पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित रही।
परिजनों का आरोप है कि मो. जफ्फी मोहल्ले में कथित तौर पर चल रहे हेरोइन के कारोबार का लगातार विरोध कर रहे थे। वे सूखा नशा बंद कराने को लेकर आवाज उठाते थे। परिजनों के मुताबिक, हाल ही में चरपोखरी थाना क्षेत्र में सूखा नशा बंद कराने को लेकर आयोजित बैठक में भी मो. जफ्फी शामिल हुए थे।
परिजनों का दावा है कि नशे के कारोबार के खिलाफ आवाज उठाने और इसके विरोध में सक्रिय रहने के कारण ही उन्हें गोली मारी गई। हालांकि, गोलीकांड के पीछे की वास्तविक वजह क्या थी और घटना में कौन-कौन लोग शामिल हैं, यह पुलिस की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
गोली लगने के बाद गंभीर हालत में मो. जफ्फी को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया था, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मौत के बाद गुस्साए परिजन सड़क पर उतर आए और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करने लगे।
इधर, घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने में जुट गई। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। परिजनों की मुख्य मांग है कि गोलीकांड में शामिल आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की जाए और घटना की निष्पक्ष जांच हो।
फिलहाल पुलिस जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि मो. जफ्फी की हत्या के पीछे वास्तविक कारण क्या था और इस वारदात में कौन-कौन लोग शामिल थे।
आरा से आकाश कुमार की रिपोर्ट
Araria, Araria | Sep 13, 2026