कल मैंने एक पोस्ट शेयर की थी, जिसमें मैंने अपने हाईट वाले बागीचे करीब 30% पत्तों के खराब होने की बात कही थी। पोस्ट के बाद मेरे एक दोस्त को उसका स्क्रीनशॉट मेरे नंबर पर भेजा जो किसी और ने उसको मेरी पोस्ट का स्क्रीन शाट भेजा कर इमोजी बनाते थे और लिखा “आपके दोस्त के 26 स्प्रे के बाद भी पत्ते डैमेज हो गए।”
भाई साहिब, एक बात बिल्कुल साफ़ कर दूँ—मेरी वह पोस्ट हिमाचल के बागवानों और खासकर ऊँचाई वाले बागीचों की परिस्थितियों को ध्यान में रखकर बनाई गई थी। हर बागीचे की ऊँचाई, मौसम, स्प्रे प्रोग्राम, पानी, पोषण और प्रबंधन अलग होता है, इसलिए हर जगह एक जैसा परिणाम होना जरूरी नहीं है,और 27 सितंबर 2026 को मैंने इसी विषय पर एक और वीडियो बनाई है।
26 स्प्रे के बाद सितंबर के अंत में भी मेरे बागीचे की स्थिति आप खुद देख सकते हैं—12 इंच से ज्यादा लंबे, हरे और साफ पत्ते RMS bakhol अभी भी मौजूद हैं। मेरा उद्देश्य किसी बागवान के बागीचे पर सवाल उठाना नहीं है। मेरा उद्देश्य सिर्फ इतना है कि जो स्थिति है, उसे सामने रखा जाए और अनुभव को अनुभव की तरह ही देखा जाए।
एक ही बात याद रखें—
बागवानी में सिर्फ स्प्रे की संख्या नहीं, बल्कि स्प्रे का समय, सही मात्रा, मौसम, पानी, पोषण और पूरे बागीचे का प्रबंधन भी बहुत मायने रखता है।
तस्वीर और वीडियो आपके सामने हैं—फैसला आप खुद कीजिए। 🍎🌿
Shimla Urban, Shimla | Sep 28, 2026