पांगी के चार दुर्गम गांवों तक पहुंची आयुष विभाग की मोबाइल मेडिकल यूनिट, 395 लोगों की स्वास्थ्य जांच
123 शुगर और 64 हीमोग्लोबिन टेस्ट किए, ग्रामीणों को मुफ्त आयुर्वेदिक दवाइयां बांटकर योग एवं स्वस्थ जीवनशैली के प्रति किया जागरूक
हिमाचल 84 टीवी ब्यूरो पांगी, 12 अक्टूबर।
जनजातीय क्षेत्र पांगी के दुर्गम गांवों में स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के उद्देश्य से आयुष विभाग चंबा की मोबाइल मेडिकल यूनिट ने सराहनीय पहल की है। विभाग की टीम ने 7 से 12 अक्टूबर तक टुण्डरु, सेचु, ताई सुराल और किरयूनी गांवों में स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर कुल 395 लोगों के स्वास्थ्य की जांच की। कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद स्वास्थ्य टीम ने ग्रामीणों को घर-द्वार के नजदीक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध करवाईं।
जिला आयुष अधिकारी डॉ. अनिता शर्मा के दिशा-निर्देशानुसार आयोजित शिविरों के तहत 7 अक्टूबर को टुण्डरु, 8 अक्टूबर को सेचु, 10 अक्टूबर को ताई सुराल तथा 12 अक्टूबर को किरयूनी गांव में स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की गईं। इस दौरान 123 लोगों के शुगर टेस्ट और 64 लोगों के हीमोग्लोबिन टेस्ट किए गए। इसके अलावा ग्रामीणों के रक्तचाप की जांच कर उन्हें आवश्यक स्वास्थ्य परामर्श भी दिया गया।
शिविरों में मोबाइल मेडिकल यूनिट के चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य कर्मियों ने लोगों की स्वास्थ्य जांच करने के साथ उनकी आवश्यकतानुसार नि:शुल्क आयुर्वेदिक दवाइयां वितरित कीं। ग्रामीणों को संतुलित आहार, नियमित दिनचर्या और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। साथ ही योग के महत्व एवं लाभों की जानकारी देकर विभिन्न योगासन करवाए गए। आयुर्वेद और स्वास्थ्य जागरूकता से संबंधित आईईसी सामग्री वितरित कर लोगों को बीमारियों से बचाव के प्रति जागरूक किया गया।
जिला आयुष अधिकारी डॉ. अनिता शर्मा ने कहा कि विभाग का मुख्य उद्देश्य जिले के दुर्गम, जनजातीय और दूरदराज क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है। मोबाइल मेडिकल यूनिट के माध्यम से नियमित स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर लोगों को जांच, उपचार, आवश्यक दवाइयों और स्वास्थ्य जागरूकता का लाभ दिया जा रहा है। विभाग स्वास्थ्य सेवाओं को घर-द्वार तक पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
इन शिविरों में डॉ. राजिंदर ठाकुर, डॉ. अनुज कौशल, आयुर्वेदिक फार्मेसी अधिकारी दलीप जरयाल, टप्पू, देविंदरा, सुरजीत कुमार और राम चरण ने अपनी सेवाएं प्रदान कीं। शिविरों के सफल आयोजन में उपमंडलीय पांगी आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉ. अंजना ठाकुर का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
स्वास्थ्य शिविरों के अंतिम दिन 12 अक्टूबर को किरयूनी गांव में पांगी के बीडीसी चेयरमैन श्री शक्ति ठाकुरवान विशेष रूप से मौजूद रहे।
आयुष विभाग की इस पहल से दुर्गम क्षेत्रों के ग्रामीणों को स्वास्थ्य जांच एवं उपचार की सुविधा मिलने के साथ आयुर्वेद, योग और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूकता बढ़ाने में भी मदद मिल रही है।