मुरैना में CM के जाते ही सांडों का आतंक! एमएस रोड पर खूनी भिड़ंत, साइकिल सवार वृद्ध लहूलुहान
वीडियो वायरल होने के बाद नगर निगम की व्यवस्था पर उठे सवाल, क्या वीआईपी दौरे तक ही सीमित रहती है मवेशियों की धरपकड़?
मुरैना। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मुरैना दौरे के बाद शहर की सड़कों पर आवारा मवेशियों की समस्या एक बार फिर सामने आ गई। शुक्रवार सुबह जिन सड़कों से आवारा मवेशियों को हटाने के लिए नगर निगम ने 50 कर्मचारियों की तैनाती की थी, उन्हीं सड़कों पर शाम होते-होते सांडों का आतंक लौट आया। एमएस रोड पर गनेशी हॉस्पिटल के सामने दो सांडों की भिड़ंत की चपेट में आने से साइकिल सवार वृद्ध पंक्षी प्रजापति घायल हो गए।
जानकारी के अनुसार, सड़क पर दो सांड आपस में भिड़ रहे थे। इसी दौरान वहां से साइकिल लेकर गुजर रहे वृद्ध उनकी चपेट में आ गए। सांडों की जोरदार टक्कर के बीच वृद्ध सड़क पर गिर पड़े, जिससे उनके सिर और चेहरे पर गंभीर चोटें आईं। मौके पर मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए वृद्ध को सांडों से बचाया।
घटना का वीडियो शनिवार सुबह सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद नगर निगम की व्यवस्थाओं पर सवाल उठने लगे हैं। मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए सड़कों से आवारा मवेशियों को हटाने के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे, लेकिन दौरा समाप्त होने के कुछ ही घंटों बाद हालात फिर पहले जैसे नजर आने लगे।
वीआईपी दौरे पर व्यवस्था, फिर आम जनता की सुरक्षा का क्या?
शहर की प्रमुख सड़क एमएस रोड पर सांडों की भिड़ंत में एक वृद्ध का घायल होना आवारा मवेशियों से जुड़ी समस्या की गंभीरता को उजागर करता है। सवाल यह है कि क्या नगर निगम की कार्रवाई केवल वीआईपी दौरे तक ही सीमित है? यदि सड़कों से मवेशियों को हटाने के लिए कर्मचारियों की तैनाती की गई थी, तो फिर कुछ ही घंटों में वही स्थिति कैसे बन गई?
शहरवासियों की सुरक्षा के लिए जरूरी है कि आवारा मवेशियों को हटाने की कार्रवाई केवल विशेष आयोजनों या वीआईपी दौरों तक सीमित न रहे, बल्कि नियमित रूप से जारी रहे। अब देखना होगा कि इस घटना के बाद नगर निगम स्थायी समाधान की दिशा में क्या कदम उठाता है।