
शेखपुरा में PM मुफ्त सूर्य घर योजना की समीक्षा बैठक, लक्ष्य हासिल करने के लिए डीएम शेखर आनंद ने दिए सख्त निर्देश, कोताही बरतने पर होगी कार्रवाई।
आज दिनांक 05 सितंबर 2026 को
समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में जिला पदाधिकारी श्री शेखर आनंद की अध्यक्षता में ‘प्रधानमंत्री मुफ्त सूर्य घर योजना’ की प्रगति को लेकर एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले में सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देना और निर्धारित समय सीमा के भीतर योजना के लक्ष्यों को पूरा करना था। बैठक के दौरान विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंता ने बताया कि शेखपुरा जिले के लिए कुल 3,000 सोलर कनेक्शन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके आलोक में अब तक जिले से कुल 1,521 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। इनमें से 92 घरों में सोलर पैनल लगाने (इन्स्टॉलेशन) का कार्य पूरी तरह से संपन्न कराया जा चुका है।
कार्यपालक अभियंता ने यह भी जानकारी दी कि यह योजना आगामी मार्च माह तक संचालित रहेगी, जिसके तहत शेष आवेदनों को चरणबद्ध तरीके से धरातल पर उतारा जाएगा। समीक्षा के क्रम में यह बात सामने आई कि योजना के तहत 56 लाभुकों के बैंक खातों में सब्सिडी की राशि हस्तांतरित की जा चुकी है। वहीं, बैंक ऋण से जुड़े मामलों में 27 आवेदन स्वीकृत हो चुके हैं, जबकि 42 आवेदन विभिन्न बैंक शाखाओं में प्रक्रियाधीन हैं।
इस पर जिला पदाधिकारी श्री शेखर आनंद ने कड़ी नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे बैंकों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करें और लंबित 42 आवेदनों का निपटारा यथाशीघ्र कराएं, ताकि लाभुकों को जल्द से जल्द योजना का लाभ मिल सके।
जिला पदाधिकारी महोदय ने बैठक में सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया कि इस जनकल्याणकारी योजना के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की सुस्ती या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सोलर पैनल लगाने के कार्य में तेजी लाई जाए और दैनिक आधार पर प्रगति सुनिश्चित की जाए। संबंधित पदाधिकारियों को अपने दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही बरतने वाले संबंधित अधिकारियों एवं कर्मियों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
सभी विभागीय पदाधिकारी अपने-अपने स्तर से योजना की लगातार मॉनिटरिंग और समीक्षा करते रहेंगे।
इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में जिला विकास पदाधिकारी सह जिला जनसंपर्क पदाधिकारी, विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंता, सहायक अभियंता, सभी कनीय अभियंता एवं सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित करने वाले अधिकृत संवेदक मुख्य रूप से उपस्थित थे।