
पगारा बांध 96.45% भरा, डाउनस्ट्रीम के 32 गांवों में बढ़ सकता है जलस्तर
कैचमेंट एरिया में लगातार बारिश से तेजी से बढ़ सकता है बांध का जलस्तर, प्रशासन ने जारी की सूचना
मुरैना /पगारा बांध में लगातार हो रही बारिश के चलते जलस्तर तेजी से बढ़ने की संभावना जताई गई है। शुक्रवार, 4 सितंबर 2026 की रात 9:30 बजे तक बांध का जलस्तर 653.00 फीट दर्ज किया गया, जबकि बांध का पूर्ण भराव जलस्तर 654.00 फीट है। बांध में अब तक करीब 96.45 प्रतिशत जलभराव हो चुका है।
प्रशासन की ओर से जारी सूचना के अनुसार पगारा बांध के कैचमेंट एरिया में लगातार बारिश हो रही है। ऐसे में बांध का जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है। बांध के स्वचालित गेटों के खुलने का निर्धारित स्तर 655.3 फीट है। जलस्तर 655.3 फीट पहुंचने के बाद बांध के 6 स्वचालित गेट एक-एक करके स्वतः खुलने लगेंगे।
वहीं, आसन नदी के कैचमेंट एरिया में भी लगातार बारिश होने से नदी का जलस्तर बढ़ने की संभावना है। इसके चलते पगारा बांध के डाउनस्ट्रीम क्षेत्र में आने वाले गांवों में जलस्तर बढ़ने का खतरा बताया गया है।
इन गांवों को किया गया सतर्क
पगारा बांध के डाउनस्ट्रीम में आने वाले 32 गांवों को जलस्तर बढ़ने की संभावना के मद्देनजर सूचना दी गई है। इनमें पई, नरहेला, बिचपुरी, सिघौरा, घसटुआ, जिन्दपुरा, घूघस, पन्नू का पुरा, गदाल का पुरा, झोड़ का पुरा, चिरायतनी, गुढ़ा आसन, देवरी, रपटापुरा, मुदावली, राजघाट का पुरा, डोंगरपुरा, ककरधा, खेरा, बड़ौना, दुल्हैनी, पहावली, जरैना, सिलायथा, खनेता, घुरैयाबसई, गढ़ीखेड़ा, डाबी का पुरा, भवनपुरा, जनवेद का पुरा, सामले का पुरा और छौंदा शामिल हैं।
प्रशासन ने लगातार बारिश और बढ़ते जलस्तर को देखते हुए डाउनस्ट्रीम क्षेत्र के ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की है। विशेष रूप से नदी, नालों और बांध के आसपास के क्षेत्रों में अनावश्यक रूप से जाने से बचने की सलाह दी गई है।